फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jammu and Kashmir ›   Jammu News ›   hybrid terrorist involved in labourers killing dies in anti-terror operation in Shopian

Kashmir: शोपियां में मजदूरों की हत्या का जिम्मेदार आतंकी इमरान बशीर ढेर, साथी आतंकी की गोली का बना शिकार

Wed, 19 Oct 2022 04:48 PM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू
अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू Published by: शाहरुख खान Updated Wed, 19 Oct 2022 04:48 PM IST
सार

गिरफ्तार हाइब्रिड आतंकवादी के खुलासे के आधार पर पुलिस और सुरक्षाबल लगातार छापेमारी कर रहे थे। शोपियां के नौगाम में अन्य आतंकी और सुरक्षाबलों की मुठभेड़ हुई। इस मुठभेड़ में हाइब्रिड आतंकवादी इमरान बशीर गनी गोलीबारी में मारा गया।

विज्ञापन
hybrid terrorist involved in labourers killing dies in anti-terror operation in Shopian
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

जम्मू-कश्मीर के शोपियां में लश्कर-ए-तैयबा का हाइब्रिड आतंकी मुठभेड़ में मारा गया है। हाइब्रिड आतंकी को शोपियां में एक ग्रेनेड विस्फोट में दो मजदूरों की मौत के बाद गिरफ्तार किया गया था। आतंकवाद विरोधी अभियान के दौरान यह आतंकी मारा गया है।

विज्ञापन


पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, गिरफ्तार हाइब्रिड आतंकवादी के खुलासे के आधार पर पुलिस और सुरक्षाबल लगातार छापेमारी कर रहे थे। शोपियां के नौगाम में अन्य आतंकी और सुरक्षाबलों की मुठभेड़ हुई। इस मुठभेड़ में हाइब्रिड आतंकवादी इमरान बशीर गनी अपने ही साथी आतंकी की गोली से मारा गया। घटनास्थल से आपत्तिजनक सामग्री, हथियार और गोला-बारूद बरामद किया गया है। तलाशी अभी जारी है। 
विज्ञापन


शोपियां में सोमवार की रात टिनशेड नुमा घर में सो रहे श्रमिकों पर आतंकियों ने पहले ग्रेनेड हमला किया। इसके बाद ताबड़तोड़ गोलियां बरसाकर हत्या कर दी। घटना की सूचना मिलते ही पहुंची पुलिस ने घायलों को अस्पताल पहुंचाया जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया गया। 
विज्ञापन
विज्ञापन


जम्मू कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने कहा कि आतंकी इकोसिस्टम को कुचलने की कोशिशें तेज कर दी गई हैं और सुरक्षाबलों को पूरी आजादी दी गई है। शोपियां में गैर-कश्मीरी श्रमिकों की हत्या के मामले को बर्बर बताया है। उन्होंने कहा कि इस बर्बर आतंकी हमले की शब्दों में निंदा करना ही काफी नहीं हो सकती। उनके परिवारों के प्रति गहरी संवेदना है।


जुलाई, अगस्त व सितंबर में तीन महीने की खामोशी के बाद एक बार घाटी में टारगेट किलिंग होने लगी है। अक्तूबर माह में 60 घंटे के भीतर कश्मीरी पंडित और उत्तर प्रदेश के दो श्रमिकों की आतंकियों ने गोली मारकर हत्या कर दी। इससे पहले मई व जून के महीने में 10 लोगों की हत्या की।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed