{"_id":"6390fe1cdbbe245a2c7448f0","slug":"helth-jammu-city-news-jmu2739278147","type":"story","status":"publish","title_hn":"Jammu News: सीएमओ के खिलाफ नारेबाजी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Jammu News: सीएमओ के खिलाफ नारेबाजी
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जम्मू। खौड़ और पलांवाला के चिकित्सा केंद्रों में डाक्टरों और पैरा मेडिकल स्टाफ की कमी के विरोध में स्थानीय लोगों ने बुधवार को प्रदर्शनी मैदान के बाहर मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) जम्मू के खिलाफ प्रदर्शन किया। उनका आरोप था कि पर्याप्त स्टाफ की उपलब्धता के लिए कई बार स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को अवगत कराया गया है, लेकिन कोई उचित कदम नहीं उठाए गए हैं।
क्षेत्रवासियों ने कहा कि सीएचसी खौड़, पीएचसी पलांवाला, पीएचसी ढांगरी, पीएचसी जोगवा बल्ली खड़ां आदि में डाक्टरों और अन्य पैरा मेडिकल स्टाफ की कमी बनी हुई है। आरटीआई के माध्यम से भी स्टाफ की बायोमीट्रिक हाजिरी के बारे में जानकारी चाही लेकिन विभाग की ओर से नहीं दी गई है। सीएमओ को भी स्टाफ की कमी के बारे में बताया गया था।
हालत यह है कि स्टाफ की कमी के कारण उक्त स्वास्थ्य केंद्रों से मरीजों को छोटी सी बीमारी के उपचार के लिए भी जम्मू के अस्पतालों में रेफर किया जा रहा है। खासतौर पर आपात मरीजों के लिए परेशानी बढ़ रही है। सरकार स्वास्थ्य भवनों के निर्माण पर जोर दे रही है, मगर चिकित्सा स्टाफ पर उतना ध्यान केंद्रित नहीं किया जा रहा है।
विज्ञापन
उन्होंने चेतावनी दी कि अगर उक्त केंद्रों में पर्याप्त स्टाफ उपलब्ध नहीं कराया गया तो वे बड़ा आंदोलन करेंगे। इसके अलावा स्वास्थ्य निदेशक और सीएमओ कार्यालय का घेराव किया जाएगा।
विज्ञापन
क्षेत्रवासियों ने कहा कि सीएचसी खौड़, पीएचसी पलांवाला, पीएचसी ढांगरी, पीएचसी जोगवा बल्ली खड़ां आदि में डाक्टरों और अन्य पैरा मेडिकल स्टाफ की कमी बनी हुई है। आरटीआई के माध्यम से भी स्टाफ की बायोमीट्रिक हाजिरी के बारे में जानकारी चाही लेकिन विभाग की ओर से नहीं दी गई है। सीएमओ को भी स्टाफ की कमी के बारे में बताया गया था।
विज्ञापन
हालत यह है कि स्टाफ की कमी के कारण उक्त स्वास्थ्य केंद्रों से मरीजों को छोटी सी बीमारी के उपचार के लिए भी जम्मू के अस्पतालों में रेफर किया जा रहा है। खासतौर पर आपात मरीजों के लिए परेशानी बढ़ रही है। सरकार स्वास्थ्य भवनों के निर्माण पर जोर दे रही है, मगर चिकित्सा स्टाफ पर उतना ध्यान केंद्रित नहीं किया जा रहा है।
विज्ञापन
उन्होंने चेतावनी दी कि अगर उक्त केंद्रों में पर्याप्त स्टाफ उपलब्ध नहीं कराया गया तो वे बड़ा आंदोलन करेंगे। इसके अलावा स्वास्थ्य निदेशक और सीएमओ कार्यालय का घेराव किया जाएगा।