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पंचायत उपचुनाव में 85 फीसदी सीटें कश्मीर की, जम्मू के हिस्से में 15 फीसदी
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जम्मू। केंद्र शासित प्रदेश जम्मू-कश्मीर में पंचायत उपचुनाव कश्मीर आधारित रहेंगे। कश्मीर संभाग के दस जिलों में ही कुल रिक्त सीटों का 85 फीसदी हिस्सा है। जम्मू संभाग में गिनी चुनी सीटें ही रिक्त हैं और कुल हिस्से की बात करें तो करीब चुनाव वाली केवल 15 फीसदी सीटें ही जम्मू संभाग के दस जिलों के हिस्से आएंगी। कुल मिलाकर सरपंचों की 1022 सीटों पर उप चुनाव होना हैं। इनमें 885 सीटें कश्मीर संभाग में हैं और जम्मू संभाग में 137 सीटों पर चुनाव होगा। इसके लिए आगामी कुछ दिनों में चुनाव विभाग अधिसूचना जारी कर देगा।
सरकारी रिकार्ड के अनुसार कश्मीर संभाग के अनंतनाग जिले में सरपंचों की 137 सीटें रिक्त हैं। बडगाम जिले में 157, बांदीपोरा में 50, बारामूला में 149, गांदरबल में 42, कुलगाम में 132, कुपवाड़ा में 32, पुलवामा में 152, शोपियां में 75 और श्रीनगर जिले में सरपंचों की नौ सीटें रिक्त हैं। वहीं, जम्मू संभाग में डोडा जिले में 18, जम्मू जिले में 17, कठुआ में 22, पुंछ में 11, राजोरी में 16, रामबन में 13, रियासी में दस, सांबा में छह और उधमपुर में 17 सीटें रिक्त हैं।
ऐसा ही हाल पंचों की रिक्त सीटों का भी हैं। दरअसल 2018 में हुए पंचायती चुनाव में कश्मीर संभाग के कई ब्लाकों में चुनाव का बहिष्कार कर दिया गया था और सरपंचों, पंचों के चुनाव ही नहीं हुए थे। वहीं, जम्मू संभाग की अधिकतर सीटों पर चुनाव हुए थे। जम्मू संभाग में जो सीटें रिक्त हैं। वह सरपंचों की मृत्यु होने या फिर सरपंचों के लिए 2018 में बीडीसी अध्यक्ष चुने जाने से रिक्त हुई हैं। ऐसे में पंचायत उपचुनाव का ज्यादातर प्रभाव कश्मीर संभाग में ही रहने वाला हैं।
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जम्मू जिले की इन पंचायतों में खाली हैं सीटें
जम्मू जिले में बडयाल ब्राहमणा पंचायत के अलावा करेयाल खुर्द, झज्जर कोटली, चौकी, गैंक, गांदरबन, डोरी, कलीठ, गंगवान पंचायत में सरपंचों की रिक्त सीटें हैं। रणजीतपुर, बगानी, दरसोपुर, बैन बगालता, परगवाल ब्लाक के सरवाल और सुंजवां अप्पर और परलाह पंचायत की सीटों पर चुनाव होना हैं।
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सरकारी रिकार्ड के अनुसार कश्मीर संभाग के अनंतनाग जिले में सरपंचों की 137 सीटें रिक्त हैं। बडगाम जिले में 157, बांदीपोरा में 50, बारामूला में 149, गांदरबल में 42, कुलगाम में 132, कुपवाड़ा में 32, पुलवामा में 152, शोपियां में 75 और श्रीनगर जिले में सरपंचों की नौ सीटें रिक्त हैं। वहीं, जम्मू संभाग में डोडा जिले में 18, जम्मू जिले में 17, कठुआ में 22, पुंछ में 11, राजोरी में 16, रामबन में 13, रियासी में दस, सांबा में छह और उधमपुर में 17 सीटें रिक्त हैं।
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ऐसा ही हाल पंचों की रिक्त सीटों का भी हैं। दरअसल 2018 में हुए पंचायती चुनाव में कश्मीर संभाग के कई ब्लाकों में चुनाव का बहिष्कार कर दिया गया था और सरपंचों, पंचों के चुनाव ही नहीं हुए थे। वहीं, जम्मू संभाग की अधिकतर सीटों पर चुनाव हुए थे। जम्मू संभाग में जो सीटें रिक्त हैं। वह सरपंचों की मृत्यु होने या फिर सरपंचों के लिए 2018 में बीडीसी अध्यक्ष चुने जाने से रिक्त हुई हैं। ऐसे में पंचायत उपचुनाव का ज्यादातर प्रभाव कश्मीर संभाग में ही रहने वाला हैं।
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जम्मू जिले की इन पंचायतों में खाली हैं सीटें
जम्मू जिले में बडयाल ब्राहमणा पंचायत के अलावा करेयाल खुर्द, झज्जर कोटली, चौकी, गैंक, गांदरबन, डोरी, कलीठ, गंगवान पंचायत में सरपंचों की रिक्त सीटें हैं। रणजीतपुर, बगानी, दरसोपुर, बैन बगालता, परगवाल ब्लाक के सरवाल और सुंजवां अप्पर और परलाह पंचायत की सीटों पर चुनाव होना हैं।