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Jammu: तीन साल बाद भी जम्मू विश्वविद्यालय में नहीं खुला केंद्रीय हिंदी निदेशालय
Sun, 01 May 2022 02:27 AM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू
अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू
Published by: जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
Updated Sun, 01 May 2022 02:27 AM IST
सार
प्रदेश में हिंदी को बढ़ावा देने के लिए जम्मू विश्वविद्यालय में केंद्रीय हिंदी निदेशालय खोलने को मंजूरी दी गई थी। तीन साल के बाद भी केंद्रीय हिंदी निदेशालय नहीं खुल पाया है।
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जम्मू विश्वविद्यालय
- फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
मंजूरी के तीन वर्ष बाद भी जम्मू विश्वविद्यालय में केंद्रीय हिंदी निदेशालय नहीं खुल पाया है। प्रदेश में हिंदी को बढ़ावा देने के लिए जम्मू विश्वविद्यालय में केंद्रीय हिंदी निदेशालय खोलने को मंजूरी दी गई थी। 2019 में प्रक्रिया शुरू हुई, लेकिन तीन वर्ष बीत जाने के बाद भी पूरी नहीं हो पाई। इसके लिए सरकार मूल ढांचे विकसित कर रही है।
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विश्वविद्यालय के विकास अनुभाग ने केंद्रीय हिंदी निदेशालय में पदों को भरने के लिए 19 जुलाई 2021 को उच्च शिक्षा विभाग को प्रस्ताव भेजा है। इसमें प्रोफेसर का एक पद, एसोसिएट प्रोफेसर, असिस्टेंट प्रोफेसर का एक-एक पद, अनुवादक का एक, कंप्यूटर असिस्टेंट हिंदी के दो पद, जूनियर असिस्टेंट का एक पद और चपरासी के पदों को भरा जाना है। सूत्रों के मुताबिक अभी तक विभाग की ओर से इस संबंधी विश्वविद्यालय को कोई सूचना प्राप्त नहीं हुई है। इस कारण प्रक्रिया ठप पड़ी है। विभाग की मंजूरी के बिना प्रक्रिया को विश्वविद्यालय आगे नहीं बढ़ा पा रहा है, जिसके चलते यह प्रक्रिया विगत कई वर्षों से लंबित पड़ी है।
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हाल ही में विश्वविद्यालय के नवनियुक्त कुलपति ने कार्यभाल संभाला है। जल्द ही विश्वविद्यालय अकादमिक काउंसिल की बैठक होगी। निदेशालय का काम विश्वविद्यालय के किसी अन्य अधिकारी या विभाग को सौंपा जा सकता है। क्यास लगाया जा रहे हैं जब तक विश्वविद्यालय की इमारत तैयार नहीं होती, तब तक हिंदी विभाग निदेशालय को अस्थायी रूप से संचालित कर सकता है।
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पूर्व वीसी के कार्यकाल में हुई थी प्रक्रिया शुरू
विश्वविद्यालय के सेवानिवृत्त वीसी के कार्यकाल में निदेशालय खोलने की प्रक्रिया शुरू हुई थी। इसमें हिंदी विभाग से प्रारूप तैयार करवाया गया। पदों, इमारत सहित अन्य प्रकार का मसौदा तैयार किया गया था। जिसे बाद में वीसी की अनुमति से उच्च शिक्षण विभाग को भेज दिय़ा गया था। विकास अनुभाग से संबंधित सूत्रों ने कहा कि उच्च विभाग ढांचे के अनुसार निदेशालय में पढ़ाई करवाने की अनुमति दे सकता है। इसी उद्देश्य से इसको शुरू करवाने का प्रस्ताव भी रखा गया है, लेकिन अभी स्पष्ट जानकारी नहीं है कि सरकार की ओर से इसमें क्या सुविधाएं दी जाएंगी।
विश्वविद्यालय से उच्च शिक्षा विभाग को प्रस्ताव भेजा गया है। मंजूरी मिलने के बाद ही निदेशालय खोलने की प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जाएगा। -प्रोफेसर नरेश पादा, जम्मू विवि में अकादमिक मामलों के डीन।