{"_id":"57b6a0874f1c1ba2506ecabc","slug":"firing-on-ambulance","type":"story","status":"publish","title_hn":"श्रीनगर में एंबुलेंस पर पेलेट गन से फायरिंग, CRPF का सब इंस्पेक्टर निलंबित","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
श्रीनगर में एंबुलेंस पर पेलेट गन से फायरिंग, CRPF का सब इंस्पेक्टर निलंबित
अमृतपाल सिंह बाली, अमर उजाला/श्रीनगर
Updated Fri, 19 Aug 2016 11:30 AM IST
विज्ञापन
प्रदर्शन के दौरान आंसू गैस के गोले दगाता जवान
- फोटो : File Photo
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शहर के सफाकदल इलाके में कर्फ्यू की पाबंदी के बीच से गुजरती एंबुलेंस पर पेलेट गन से की गई फायरिंग में एंबुलेंस का चालक बुरी तरह जख्मी हो गया।
चालक को अस्पताल में भर्ती करवाया गया है। वहीं सीआरपीएफ ने पेलेट गन फायरिंग के आरोपी सब इंस्पेक्टर को तत्काल निलंबित कर दिया।
घटना वीरवार को उस समय हुई जब एंबुलेंस चालक गुलाम मोहम्मद सोफी कंगन से मरीजों को महाराजा हरि सिंह अस्पताल लेकर जा रहा था। सफाकदल इलाके में पहुंचते ही एंबुलेंस पर पेलेट गन से फायरिंग शुरू हो गई। इससे चालक के शरीर के कई हिस्सों में घाव हो गए।
अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद उसे बोन एंड ज्वाइंट अस्पताल रेफर कर दिया गया। घायल चालक की हालत स्थिर बताई गई है। वहीं, सीआरपीएफ ने सब इंस्पेक्टर को तत्काल निलंबित करते हुए कहा कि तनावपूर्ण हालात के बावजूद एंबुलेंस पर पेलेट गन से फायरिंग में जल्दबाजी दिखाई गई। इससे बचा जा सकता था।
विज्ञापन
चालक को अस्पताल में भर्ती करवाया गया है। वहीं सीआरपीएफ ने पेलेट गन फायरिंग के आरोपी सब इंस्पेक्टर को तत्काल निलंबित कर दिया।
घटना वीरवार को उस समय हुई जब एंबुलेंस चालक गुलाम मोहम्मद सोफी कंगन से मरीजों को महाराजा हरि सिंह अस्पताल लेकर जा रहा था। सफाकदल इलाके में पहुंचते ही एंबुलेंस पर पेलेट गन से फायरिंग शुरू हो गई। इससे चालक के शरीर के कई हिस्सों में घाव हो गए।
अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद उसे बोन एंड ज्वाइंट अस्पताल रेफर कर दिया गया। घायल चालक की हालत स्थिर बताई गई है। वहीं, सीआरपीएफ ने सब इंस्पेक्टर को तत्काल निलंबित करते हुए कहा कि तनावपूर्ण हालात के बावजूद एंबुलेंस पर पेलेट गन से फायरिंग में जल्दबाजी दिखाई गई। इससे बचा जा सकता था।
विज्ञापन