{"_id":"67a67a5848bcb044df04383a","slug":"court-news-jammu-news-c-10-lko1027-540842-2025-02-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"Jammu News: 1.44 करोड़ की धोखाधड़ी में बर्खास्त बैंककर्मी गिरफ्तार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Jammu News: 1.44 करोड़ की धोखाधड़ी में बर्खास्त बैंककर्मी गिरफ्तार
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
- जेके बैंक लोन घोटाले के आरोपी की अग्रिम जमानत खारिज
जम्मू। क्राइम ब्रांच ने 1.44 करोड़ के जेएंडके बैंक लोन घोटाले में मुख्य आरोपी को गिरफ्तार किया है। द्वितीय अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश जम्मू अमित शर्मा ने बर्खास्त बैंककर्मी रोहित तारोच की अग्रिम जमानत खारिज कर दी थी। याचिका खारिज करते हुए कोर्ट ने कहा कि फर्जी ऋणकर्ताओं का बढ़ता चलन बेहद गंभीर है।
पुलिस स्टेशन क्राइम ब्रांच (ईडीडब्ल्यू) में दर्ज मामले में जाली दस्तावेजों के आधार पर लाभार्थी आरोपियों के पक्ष में धोखाधड़ी से ऋण की सुविधा देकर धोखाधड़ी का मामला सामने आया था। इसमें जम्मू-कश्मीर बैंक की शाखा बीसी रोड से कुल 1.44 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी हुई थी। कोर्ट ने कहा कि तथ्यों में सामने आया है कि एक ओर तो ऐसे वास्तविक ग्राहक हैं, जिन्होंने बैंक से मामूली राशि का ऋण प्राप्त किया है। उक्त राशि का कभी भी भुगतान नहीं किया जाएगा, क्योंकि बैंक इन वास्तविक ग्राहकों द्वारा उधार ली गई मूल राशि पर ब्याज के बाद ब्याज वसूलता है। दूसरी ओर ऐसे फर्जी ग्राहक हैं, जिनके पक्ष में बैंक ने ऋण स्वीकृत किया है तथा उक्त ग्राहक विशेष स्तर पर अधिकारी/कर्मचारियों के साथ मिलीभगत करके फर्जी तथा जाली दस्तावेजों के बल पर ऋण प्राप्त करने में सफल हो रहे हैं। ऐसे मामलों में बैंक इन फर्जी ऋणकर्ताओं से मूल राशि तो दूर, ब्याज भी वसूल नहीं कर पाता। यही कारण है कि न्यायालय में वसूली के बहुत से मामले लंबित हैं। ऐसे मामलों में वसूली का प्रतिशत बहुत कम है। यह बताना जरूरी है कि इस एफआईआर में कई ऐसे लोग शामिल हैं जिन्हें अभी गिरफ्तार किया जाना है और मामले की जांच जारी है। जबकि आरोपी एक संगठित आर्थिक अपराध में शामिल है। इन टिप्पणियों के साथ अदालत ने गिरफ्तारी से पहले की जमानत को खारिज कर दिया। ब्यूरो/जेएनएफ
विज्ञापन
जम्मू। क्राइम ब्रांच ने 1.44 करोड़ के जेएंडके बैंक लोन घोटाले में मुख्य आरोपी को गिरफ्तार किया है। द्वितीय अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश जम्मू अमित शर्मा ने बर्खास्त बैंककर्मी रोहित तारोच की अग्रिम जमानत खारिज कर दी थी। याचिका खारिज करते हुए कोर्ट ने कहा कि फर्जी ऋणकर्ताओं का बढ़ता चलन बेहद गंभीर है।
पुलिस स्टेशन क्राइम ब्रांच (ईडीडब्ल्यू) में दर्ज मामले में जाली दस्तावेजों के आधार पर लाभार्थी आरोपियों के पक्ष में धोखाधड़ी से ऋण की सुविधा देकर धोखाधड़ी का मामला सामने आया था। इसमें जम्मू-कश्मीर बैंक की शाखा बीसी रोड से कुल 1.44 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी हुई थी। कोर्ट ने कहा कि तथ्यों में सामने आया है कि एक ओर तो ऐसे वास्तविक ग्राहक हैं, जिन्होंने बैंक से मामूली राशि का ऋण प्राप्त किया है। उक्त राशि का कभी भी भुगतान नहीं किया जाएगा, क्योंकि बैंक इन वास्तविक ग्राहकों द्वारा उधार ली गई मूल राशि पर ब्याज के बाद ब्याज वसूलता है। दूसरी ओर ऐसे फर्जी ग्राहक हैं, जिनके पक्ष में बैंक ने ऋण स्वीकृत किया है तथा उक्त ग्राहक विशेष स्तर पर अधिकारी/कर्मचारियों के साथ मिलीभगत करके फर्जी तथा जाली दस्तावेजों के बल पर ऋण प्राप्त करने में सफल हो रहे हैं। ऐसे मामलों में बैंक इन फर्जी ऋणकर्ताओं से मूल राशि तो दूर, ब्याज भी वसूल नहीं कर पाता। यही कारण है कि न्यायालय में वसूली के बहुत से मामले लंबित हैं। ऐसे मामलों में वसूली का प्रतिशत बहुत कम है। यह बताना जरूरी है कि इस एफआईआर में कई ऐसे लोग शामिल हैं जिन्हें अभी गिरफ्तार किया जाना है और मामले की जांच जारी है। जबकि आरोपी एक संगठित आर्थिक अपराध में शामिल है। इन टिप्पणियों के साथ अदालत ने गिरफ्तारी से पहले की जमानत को खारिज कर दिया। ब्यूरो/जेएनएफ
विज्ञापन