पढिए, कांग्रेस के चुनावी घोषणा पत्र की अहम बातें
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जम्मू कश्मीर विधानसभा चुनाव 2014 में कांग्रेस ने जम्मू और कश्मीर संभाग में क्षेत्रीय काउंसिल के गठन, बाढ़ प्रभावित इलाकों में तेजी से पुनर्वास और पुनर्निर्माण प्रक्रिया, जम्मू कश्मीर में विधानसभा क्षेत्रों के परिसीमन पर दांव लगाया है। घोषणा पत्र में दिलचस्प बात यह है कि कांग्रेस ने जम्मू कश्मीर में अल्पसंख्यकों के लिए आयोग के गठन का भी वादा किया है। अनुच्छेद 370 को घोषणा पत्र में र्कोई जगह नहीं दी गई है।
राज्यसभा में विपक्ष के नेता गुलाम नबी आजाद और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष प्रो. सैफुद्दीन सोज ने रविवार को जम्मू में कांग्रेस का चुनाव घोषणा पत्र जारी किया। कांग्रेस ने जम्मू, कश्मीर में एक-एक क्षेत्रीय काउंसिल के गठन को घोषणा पत्र में पहली प्राथमिकता दी है। इसके अलावा पार्टी ने चिनाब घाटी और पीरपंचाल घाटी में उप क्षेत्रीय काउंसिलों के गठन का भी वादा किया है।
पार्टी ने जम्मू कश्मीर के बाढ़ प्रभावित इलाकों में पुनर्वास, पुनर्निर्माण प्रक्रिया को तेजी से चलाने को उच्च प्राथमिकता का वादा करने के साथ-साथ विधानसभा क्षेत्रों के परिसीमन, 73वें संशोधन को पूरी तरह से लागू करने, खाद्य सुरक्षा अधिनियम को लागू करने, नगर निगम और स्थानीय निकायों के चुनाव करवाने, युवाओं के रोजगार का सृजन, चरणबद्ध तरीके से विभिन्न सरकारी और सार्वजनिक उपक्रमों में कार्यरत अस्थायी कर्मियों को नियमित करने का वादा किया।
जम्मू कश्मीर में अल्पसंख्यकों के लिए आयोग के गठन का भी जिक्र
विवादित मसलों का बातचीत से हल करने, क्रास एलओसी ट्रेड और ट्रेवल को बढ़ावा देने, स्वास्थ्य सेवाओं को और मजबूत करने, बीपीएल परिवारों को स्वास्थ्य बीमा कवर देने, शिक्षा का अधिकार अधिनियम को लागू करने, महिलाओं को हर क्षेत्र में पर्र्याप्त प्रतिनिधित्व देने, 1947, 1965, 1971 के रिफ्यूजियों के सभी लंबित मसलों के हल का वादा किया है।
कश्मीरी पंडित विस्थापितों को हरसंभव मदद, सीमांत इलाकों में सीमा से पांच किलोमीटर के दायरे के अंदर रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों को पांच मरला भूमि देने, जम्मू कश्मीर में अल्पसंख्यकों के मसलों के हल के लिए आयोग का गठन करने का भी वादा किया है।
आवासीय नीति, कृषि उत्पाद को बढ़ाने, बागवानी क्षेत्र के आधुनिकीकरण, औद्योगिक विकास, पर्यटन विकास, 21वीं शताब्दी की जरूरतों के अनुसार ढांचागत विकास, बिजली क्षेत्र में रियासत को आत्मनिर्भर बनाने का भी वादा किया है। जम्मू-पुंछ-राजोरी रेलवे लाइन, लेह वाया रोहतांग दर्रा रेलवे लाइन के निर्माण और कटड़ा बनिहाल रेल लिंक पर तेजी से निर्माण कार्य को सुनिश्चित करने का भी जिक्र है।