{"_id":"5fcbdcd68ebc3ecf6b04a9d4","slug":"adininistration-jammu-city-news-jmu2241968194","type":"story","status":"publish","title_hn":"शहर में पेड़ काटने के लिए वन विभाग नहीं नगर निगम देगा अनुमति","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शहर में पेड़ काटने के लिए वन विभाग नहीं नगर निगम देगा अनुमति
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जम्मू। अब नगर निगम के पास ट्री अथारिटी की शक्ति आ गई है। पहले वन विभाग के माध्यम से शहर में पेड़ों का कटान होता था, जिसके लिए मंजूरी लेने में काफी समय लगता था। इस संबंध में जनरल हाउस की बैठक में हाउसिंग कमेटी के चेयरमैन राजेंद्र सिंह ने प्रस्ताव लाया था, जिसे हरी झंडी मिल गई है। सचिवालय की मंजूरी के बाद आदेश नगर निगम को पहुंच गए है। अब पौधे लगाने और काटने का अधिकार नगर निगम के पास ही रहेगा।
इससे घरों के ऊपर आए या फिर सड़कों के किनारे सूखे पेड़ हों नगर निगम से अनुमति लेने के बाद इन्हें काटा जा सकेगा। इसके अलावा शहर में अब बरसात में पौधरोपण करवाने की शक्ति भी नगर निगम को मिल गई है। इसके तहत नगर निगम अपने स्तर पर शहर में पेड़ लगवा पाएगा।
वन विभाग के चक्करों से मिली निजात
पहले लोगों को घरों के आगे से पेड़ काटने के लिए वन विभाग के चक्कर पर चक्कर काटने पड़ते थे। इस प्रक्रिया के मंजूरी के लिए दो-तीन साल लग जाते थे। अब नगर निगम के पास शक्ति आने के बाद समस्या हल हो गई है। नगर निगम की टीमें जांच करेंगी, जिसके बाद पेड़ काटने को अनुमति दी जाएगी। वहीं, शहर में सूखे पेड़ों को हटाने का भी रास्ता साफ हो गया है।
विज्ञापन
नगर निगम को ट्री अथारिटी पावर मिल गई है। इस संबंध में हाउस में प्रस्ताव लाया गया था, जिसे मंजूरी दे दी गई है। नए आदेश के तहत पेड़ काटने और पौधरोपण के लिए नगर निगम ही फैसला लेगा। पहले काम करवाने के लिए वन विभाग के चक्कर काटने पड़ते थे।
-राजेंद्र सिंह, हाउसिंग कमेटी, चेयरमैन
विज्ञापन
इससे घरों के ऊपर आए या फिर सड़कों के किनारे सूखे पेड़ हों नगर निगम से अनुमति लेने के बाद इन्हें काटा जा सकेगा। इसके अलावा शहर में अब बरसात में पौधरोपण करवाने की शक्ति भी नगर निगम को मिल गई है। इसके तहत नगर निगम अपने स्तर पर शहर में पेड़ लगवा पाएगा।
विज्ञापन
वन विभाग के चक्करों से मिली निजात
पहले लोगों को घरों के आगे से पेड़ काटने के लिए वन विभाग के चक्कर पर चक्कर काटने पड़ते थे। इस प्रक्रिया के मंजूरी के लिए दो-तीन साल लग जाते थे। अब नगर निगम के पास शक्ति आने के बाद समस्या हल हो गई है। नगर निगम की टीमें जांच करेंगी, जिसके बाद पेड़ काटने को अनुमति दी जाएगी। वहीं, शहर में सूखे पेड़ों को हटाने का भी रास्ता साफ हो गया है।
विज्ञापन
नगर निगम को ट्री अथारिटी पावर मिल गई है। इस संबंध में हाउस में प्रस्ताव लाया गया था, जिसे मंजूरी दे दी गई है। नए आदेश के तहत पेड़ काटने और पौधरोपण के लिए नगर निगम ही फैसला लेगा। पहले काम करवाने के लिए वन विभाग के चक्कर काटने पड़ते थे।
-राजेंद्र सिंह, हाउसिंग कमेटी, चेयरमैन