{"_id":"632a287065f3141e222643f0","slug":"action-jammu-city-news-jmu268445525","type":"story","status":"publish","title_hn":"लोअर गाडीगढ़ में नकली बोतलबंद पेयजल इकाई सील","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
लोअर गाडीगढ़ में नकली बोतलबंद पेयजल इकाई सील
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जम्मू। जम्मू में नकली आईएसआई चिह्न पैकेज्ड ड्रिंकिंग वाटर (पीडीडब्ल्यू) बनाने वाली बोतल बंद पेयजल इकाई का भंडाफोड़ हुआ है। भारतीय मानक ब्यूरो (बीआईएस) जम्मू-कश्मीर शाखा कार्यालय ने छापा मारकर इकाई को सील किया है। छापे में एमएस दिव्य स्प्रिंग वाटर इंटरप्राइसेज लोअर गाढ़ीगढ़ जम्मू के परिसर से नकली प्रमाणन लाइसेंस भी जब्त किया गया है। इससे नकली आईएसआई मार्क पीडीडब्ल्यू का निर्माण किया जा रहा था। बिना बीआईएस लाइसेंस के पीडीडब्ल्यू को फ्यूचर च्वाइस, मैजिक और कंट्री च्वाइस ब्रांड में पैकेड किया जा रहा था।
निशा बुरा, पंकज अत्री संयुक्त निदेशक और महेश चंद्रा एसओ की देखरेख में मारे गए छापे में एफएसएसएआई गुणवत्ता नियंत्रण (आदेश तिथि 1-8-2011) का उल्लंघन पाया गया। इसमें बीआईएस प्रमाणन मार्क के बिना कोई भी व्यक्ति पीडीडब्ल्यू का उत्पादन और बिक्री नहीं कर सकता है। इकाई परिसर में नकली आईएसआई प्रमाणन पैकेड पीने को जब्त किया गया, जो एक्सपायर हो चुका था। इसके अलावा नकली प्रमाण लाइसेंस जब्त किया गया। भारतीय मानक ब्यूरो अधिनियम 2016 के तहत दोषियों के खिलाफ बीआईएस जम्मू कश्मीर शाखा कार्यालय में कार्रवाई शुरू की गई है। इस अपराध में दो साल की कैद, दो लाख तक के जुर्माने का प्रावधान है। मानक प्रमोशन अधिकारी आशीष दिवेदी ने बताया कि बीआईएस की ओर से भविष्य में ऐसी नकली उत्पादन इकाइयों के खिलाफ अभियान में तेजी लाई जाएगी।
नकली आईएसआई मार्क उत्पादों से सेहत से खिलवाड़
बाजार में नकली आईएसआई मार्क उत्पादों से उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य और सुरक्षा से खिलवाड़ किया जा रहा है। कई लोग मुनाफा कमाने के लिए ऐसे उत्पादों का निर्माण करके बाजार में ला रहे हैं। ऐसे नकली उत्पादों से बचने के लिए उपभोक्ता बीआईएस केयर ऐप के माध्यम से खरीदने से पहले उत्पादों पर आईएसआई मार्क की प्रमाणिकता की जांच कर सकते हैं। आईएसआई मार्क के दुरुपयोग की किसी भी मामले में ऐप के माध्यम से शिकायत दर्ज करवाई जा सकती है।
विज्ञापन
विज्ञापन
निशा बुरा, पंकज अत्री संयुक्त निदेशक और महेश चंद्रा एसओ की देखरेख में मारे गए छापे में एफएसएसएआई गुणवत्ता नियंत्रण (आदेश तिथि 1-8-2011) का उल्लंघन पाया गया। इसमें बीआईएस प्रमाणन मार्क के बिना कोई भी व्यक्ति पीडीडब्ल्यू का उत्पादन और बिक्री नहीं कर सकता है। इकाई परिसर में नकली आईएसआई प्रमाणन पैकेड पीने को जब्त किया गया, जो एक्सपायर हो चुका था। इसके अलावा नकली प्रमाण लाइसेंस जब्त किया गया। भारतीय मानक ब्यूरो अधिनियम 2016 के तहत दोषियों के खिलाफ बीआईएस जम्मू कश्मीर शाखा कार्यालय में कार्रवाई शुरू की गई है। इस अपराध में दो साल की कैद, दो लाख तक के जुर्माने का प्रावधान है। मानक प्रमोशन अधिकारी आशीष दिवेदी ने बताया कि बीआईएस की ओर से भविष्य में ऐसी नकली उत्पादन इकाइयों के खिलाफ अभियान में तेजी लाई जाएगी।
विज्ञापन
नकली आईएसआई मार्क उत्पादों से सेहत से खिलवाड़
बाजार में नकली आईएसआई मार्क उत्पादों से उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य और सुरक्षा से खिलवाड़ किया जा रहा है। कई लोग मुनाफा कमाने के लिए ऐसे उत्पादों का निर्माण करके बाजार में ला रहे हैं। ऐसे नकली उत्पादों से बचने के लिए उपभोक्ता बीआईएस केयर ऐप के माध्यम से खरीदने से पहले उत्पादों पर आईएसआई मार्क की प्रमाणिकता की जांच कर सकते हैं। आईएसआई मार्क के दुरुपयोग की किसी भी मामले में ऐप के माध्यम से शिकायत दर्ज करवाई जा सकती है।
विज्ञापन