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आज भी भारत-पाकिस्तान में होता है बार्टर सिस्टम से व्यापार, हुआ इतना कर्ज कि बंद किया आयात-निर्यात

Fri, 05 Oct 2018 01:09 AM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू Updated Fri, 05 Oct 2018 01:09 AM IST
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आज भी भारत-पाकिस्तान में होता है बार्टर सिस्टम से व्यापार, हुआ इतना कर्ज कि बंद किया आयात-निर्यात
पुंछ जिले में चक्कां दा बाग के रास्ते नियंत्रण रेखा से जम्मू-कश्मीर एवं पाक अधिकृत कश्मीर के बीच होने वाले क्रास एलओसी ट्रेड से जुड़े 80 ट्रेडर्स के आयात-निर्यात पर रोक लगा दी गई है। इससे गुरुवार को जम्मू की एक ट्रेडिंग कंपनी के ट्रकों में लादे गए सामान को नियंत्रण रेखा के पार भेजने से रोक दिया गया है। ट्रेड कस्टोडियन फरीद अहमद कोहली ने इसकी पुष्टि करते हुए बताया कि यह कदम राज्यपाल के निर्देश पर उन ट्रेडर्स के खिलाफ कदम उठाया गया है, जिनका नियंत्रण रेखा के आर-पार लेन-देन का काफी रुपया बकाया है।
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उन्होंने बताया कि ये ट्रेडर्स जब तक अपना बार्टर क्लीयर नहीं करते, उन पर चक्कां दा बाग से नियंत्रण रेखा के आर-पार सामान भेजने पर रोक जारी रहेगी। जब वे अपने लेन-देन का निपटारा नहीं कर लेते यह रोक जारी रहेगी। कोहली का कहना था कि माननीय राज्यपाल ने क्रास एलओसी ट्रेड के सीबीएम को सख्ती से लागू करने के निर्देश दिए थे। पाया गया कि कई ट्रेडर्स ऐसे हैं, जिन्होंने उस पार लाखों रुपये का सामान भेजा, लेकिन उस पार से उतना सामान नहीं आया।
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इससे उनका उस पार 50 लाख से 90 लाख रुपये तक बकाया हो गया है। कई ऐसे ट्रेडर्स हैं, जिन्होंने उस पार से लाखों रुपये का सामान मंगवाया, पर उसके बदले उस पार सामान नहीं भेजा। इससे उनके ऊपर उस पार के व्यापारियों का लाखों रुपया बकाया है। ऐसे करीब 80 ट्रेडर्स के आयात-निर्यात पर रोक लगाई गई है।
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गौरतलब है कि क्रास एलओसी ट्रेड पर हवाला लेन-देन के भी आरोप लगते रहे हैं। इस मामले में एनआईए ने कई बार क्रास एलओसी ट्रेड सेंटर पर छापेमारी कर रिकार्ड भी जब्त किया था। कई बार क्रास एलओसी ट्रेडर्स भी सरकार पर इस बात का आरोप लगाते रहे हैं कि सरकार उनके बकाया लेन-देन के लिए कुछ नहीं कर रही है।
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