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आय से अधिक संपत्ति मामले में एसीबी की कार्रवाई, एफसीआई के पूर्व मुख्य पर्यवेक्षक की संपत्ति अटैच
Sun, 14 Mar 2021 03:27 PM IST
प्रशांत कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
Published by: प्रशांत कुमार
Updated Sun, 14 Mar 2021 03:27 PM IST
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : सोशल मीडिया
भारतीय खाद्य निगम उधमपुर गोदाम के तत्कालीन मुख्य पर्यवेक्षक राकेश कुमार परगाल के आलीशान तीन मंजिला घर और बैंक्वेट हॉल को एसीबी ने अटैच कर दिया है। आय से अधिक संपत्ति मामले में ही एसीबी ने इससे पूर्व इसी आरोपी की उधमपुर में स्थित डोगरी हवेली को अटैच किया था। परगाल के पास निगम के चीफ सुपरवाइजर के अलावा खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग के
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सतर्कता दस्ते के प्रभारी का भी जिम्मा था।
प्रारंभिक जांच में पाया गया कि अधिकारी ने सेवा अवधि में मिले वेतन की तुलना में कई गुना ज्यादा राशि जमा कर ली। पूछताछ के दौरान यह सामने आया कि राकेश कुमार परगाल ने अपने नाम और अपने परिवार के सदस्यों के नाम पर करोड़ों रुपये की संपत्ति अर्जित की है।
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एसीबी ने छापा मारकर 285 ग्राम सोना, दस्तावेज और सामग्री जब्त की थी। कई बैंक खातों को फ्रीज कर लॉकर सील किए गए। छानबीन में पता चला कि परगाल ने भ्रष्टाचार से जुटाई करोड़ों की राशि से अमित महाजन और सुमित महाजन के नाम से 7 कनाल पांच मरला जमीन पर बना फीलिंग फार्म बैंक्वेट हॉल और रख बडाली स्थित देविका विहार कॉलोनी में करोड़ों की लागत से बनी तीन मंजिला आवासीय इमारत खरीदी।
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राशन ढुलाई में 260 करोड़ के घोटाले में भी आरोपी
राकेश परगाल डोडा जिले में अनाज सप्लाई के लिए ढुलाई भाड़े से जुड़े 260 करोड़ के घोटाले में भी शामिल है।
चिनैनी में डेली वेजर हुआ था भर्ती
चिनैनी में डेली वेजर हुआ था भर्ती
एसीबी के मुताबिक राकेश परगाल चिनैनी तहसील आपूर्ति अधिकारी कार्यालय में डेली वेजर के रूप में भर्ती हुआ था। बाद में स्थायी नियुक्ति के साथ कई पदों पर रहा। परगाल विभिन्न मामलों में संलिप्तता के चलते वर्ष 26 जून 2009 से लेकर 19 सितंबर 2012 तक निलंबित भी रहा।