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Kashmir: घाटी में कोरोना महामारी से अब तक 127 लोगों ने की आत्महत्या, SDRF ने जारी किए आंकड़े
Fri, 23 Sep 2022 04:05 PM IST
kumar गुलशन कुमार
अमृतपाल सिंह बाली, श्रीनगर
अमृतपाल सिंह बाली, श्रीनगर
Published by: kumar गुलशन कुमार
Updated Fri, 23 Sep 2022 04:05 PM IST
सार
बडगाम जिले में सबसे अधिक 72 आत्महत्या के प्रयास हुए। आंकड़ों से पता चला है कि फरवरी 2021 से लेकर अब तक कुल 365 आत्महत्या के प्रयास दर्ज किए गए हैं।
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
कोविड-19 महामारी के बाद कश्मीर में आत्महत्या और आत्महत्या के प्रयासों की घटनाओं में भारी वृद्धि देखी गई है। स्टेट डिजास्टर रिलीफ फोर्स (एसडीआरएफ) द्वारा जारी आंकड़ों के मुताबिक फरवरी 2021 से अब तक 127 लोगों ने आत्महत्या और 365 लोगों ने आत्महत्या का प्रयास किया।
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आंकड़ों के मुताबिक बडगाम जिले में सबसे अधिक 72 आत्महत्या के प्रयास हुए। उसके बाद जिला बारामुला में 61, अनंतनाग जिले में 55, कुपवाड़ा में 51, बांदीपोरा में 34, शोपियां में 19, पुलवामा में 15, जिला कुलगाम में 25, और श्रीनगर में 17 आत्महत्या के प्रयास किए गए। आंकड़ों से पता चला है कि फरवरी 2021 से लेकर अब तक कुल 365 आत्महत्या के प्रयास दर्ज किए गए हैं।
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वहीं आंकड़ों से पता चलता है कि श्रीनगर में 17, गांदरबल में 11, बांदीपोरा में 8, शोपियां में 9, पुलवामा में 8, बडगाम में 11, अनंतनाग में 31, कुलगाम में 10, बारामुला में 15 और कुपवाड़ा में 7 लोगों ने आत्महत्या की। पूरी घाटी में यह आंकड़ा 127 लोगों का है। इसको लेकर एसएसपी एसडीआरएफ हसीब उर रहमान ने कहा कि कोविड 19 महामारी के बाद कश्मीर में आत्महत्या से संबंधित घटनाओं में तेजी देखी गई है।
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उन्होंने कहा, इसके कई कारण हैं और सबसे आम है वित्तीय और घरेलू मुद्दे। हमें सुकून हेल्पलाइन पर बहुत से संकटपूर्ण कॉल आ रहे हैं, जहां हम तत्काल परामर्श प्रदान करते हैं। बढ़ती प्रवृत्ति को रोकने की जरूरत है। एसएसपी एसडीआरएफ ने कहा कि वे कार्रवाई के लिए जम्मू-कश्मीर के मुख्य सचिव डॉ. अरुण कुमार मेहता को रिपोर्ट सौंपने जा रहे हैं। उम्मीद है कि सरकार रिपोर्ट पर कार्रवाई करेगी और इस मुद्दे को हल करने के लिए कदम उठाए जाएंगे।