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अंतर्राष्ट्रीय सहकारिता दिवस मनाया
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राजोेरी। जम्मू-कश्मीर सहकारी संघ लिमिटेड ने जिला प्रशासन के सहयोग से शनिवार को अंतरराष्ट्रीय सहकारिता दिवस मनाया। इसका विषय एक साथ बेहतर पुनर्निर्माण करें रहा। मुख्य कार्यक्रम डाक बंगले में हुआ। इसकी अध्यक्षता उपायुक्त राजेश के. शवन ने की।
संघ के महासचिव जीडी बख्शी ने कहा कि 1923 से विश्व स्तर पर सहकारी समितियों द्वारा यह दिवस मनाया जाता है। 1995 में आईसीए के शताब्दी वर्ष पर संयुक्त राष्ट्र महासभा द्वारा औपचारिक रूप से घोषित किया गया था। सहकारिता दिवस इस बात को फैलाने का एक अवसर है कि कैसे एक मानव-केंद्रित व्यवसाय मॉडल, जो स्वयं सहायता और एकता के सहकारी मूल्यों के साथ-साथ सामाजिक रूप से जिम्मेदार के नैतिक मानकों पर आधारित है। असमानता को कम कर सकता है, साझा समृद्धि बनाना शुरू कर सकता है और उचित प्रतिक्रिया दे सकता है।
कार्यक्रम के दौरान जनता द्वारा उठाए गए मुद्दों और मांगों में समितियों को बैंक से जोड़ना, उर्वरक इकाइयां खोलना, सहकारी बैंक को ऑनलाइन मोड पर लाना आदि शामिल थे।
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उपायुक्त ने कहा कि बढ़ती बेरोजगारी दर को ध्यान में रखते हुए सहकारी समितियों को पुनर्जीवित करने की सख्त जरूरत है क्योंकि ये समितियां युवाओं को स्वरोजगार पैदा करने के लिए सबसे अच्छा मंच प्रदान करती हैं। जिला प्रशासन राजोेरी सहकारी समितियों के पुनरुद्धार को सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है और इस संबंध में ठोस कदम उठाए जाएंगे।
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संघ के महासचिव जीडी बख्शी ने कहा कि 1923 से विश्व स्तर पर सहकारी समितियों द्वारा यह दिवस मनाया जाता है। 1995 में आईसीए के शताब्दी वर्ष पर संयुक्त राष्ट्र महासभा द्वारा औपचारिक रूप से घोषित किया गया था। सहकारिता दिवस इस बात को फैलाने का एक अवसर है कि कैसे एक मानव-केंद्रित व्यवसाय मॉडल, जो स्वयं सहायता और एकता के सहकारी मूल्यों के साथ-साथ सामाजिक रूप से जिम्मेदार के नैतिक मानकों पर आधारित है। असमानता को कम कर सकता है, साझा समृद्धि बनाना शुरू कर सकता है और उचित प्रतिक्रिया दे सकता है।
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कार्यक्रम के दौरान जनता द्वारा उठाए गए मुद्दों और मांगों में समितियों को बैंक से जोड़ना, उर्वरक इकाइयां खोलना, सहकारी बैंक को ऑनलाइन मोड पर लाना आदि शामिल थे।
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उपायुक्त ने कहा कि बढ़ती बेरोजगारी दर को ध्यान में रखते हुए सहकारी समितियों को पुनर्जीवित करने की सख्त जरूरत है क्योंकि ये समितियां युवाओं को स्वरोजगार पैदा करने के लिए सबसे अच्छा मंच प्रदान करती हैं। जिला प्रशासन राजोेरी सहकारी समितियों के पुनरुद्धार को सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है और इस संबंध में ठोस कदम उठाए जाएंगे।