जम्मू कश्मीर में एमएसएमई विवि की होगी स्थापना: कलराज
- पीएमईजीपी के तहत लक्ष्य को बढ़ाया जाए
- अनंतनाग बैट उद्योग के लिए प्रौद्योगिक केंद्र स्थापित हो
- जम्मू व श्रीनगर में महिलाओं के लिए उद्यमिता विकास संस्थान खुले
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
केंद्रीय मध्यम, लघु, लघुत्तम उद्योग (एमएसएमई) मंत्री कलराज मिश्र ने कहा है कि राष्ट्रीय स्तर के एमएसएमई विश्वविद्यालय की स्थापना का प्रस्ताव है। इसमें जम्मू-कश्मीर को ध्यान में रखकर भावी उद्यमियों के लिए कौशल विकास का पाठ्यक्रम शामिल किया जाएगा। यह जानकारी उन्होंने रविवार को श्रीनगर में मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती से मुलाकात के दौरान दी।
कलराज ने कहा कि अन्य राज्यों की तहत जम्मू-कश्मीर एमएसएमई की योजनाओं का लाभ नहीं ले पा रहा है। राज्य एमएसएमई क्षेत्र के विकास के लिए उचित हिस्सा प्राप्त करने में असमर्थ है। यह तय किया गया कि एमएसएमई क्षेत्र को पुनजीर्वित करने के लिए राज्य के उद्योग विभाग का एक दल शीघ्र ही दिल्ली का दौरा करेगा।
इस दौरान महबूबा ने प्रधानमंत्री रोजगार गारंटी कार्यक्रम (पीएमईजीपी) के तहत लक्ष्य को 1500 से बढ़ाकर 4000 करने की आवश्यकता पर बल दिया। कहा कि क्रेडिट लिंक्ड योजना ग्रामीण क्षेत्रों में काफी लोकप्रिय है। लक्ष्य में वृद्धि करने से औद्योगिक इकाइयों की स्थापना की दिशा में उद्यमी अधिक सक्षम हो जाएंगे।
अनंतनाग बैट उद्योग के लिए प्रौद्योगिक केंद्र स्थापित हो
कलराज ने इस दिशा में शीघ्र आवश्यक कार्रवाई का भरोसा दिलाया। महबूबा ने अनंतनाग में क्रिकेट बैट उद्योग को बढ़ावा देने के लिए पीपीडीसी मेरठ की तर्ज पर प्रौद्योगिक केंद्र स्थापित करने का मुद्दा उठाया। उन्होंने क्लस्टर विकास कार्यक्रम के तहत इस केंद्र की स्थापना की संभावना का संकेत देते हुए कहा कि यह क्रिकेट बल्ले का उत्पादन करने वाले निर्माताओं को सक्षम करेगा।
इस दौरान एमएसएमई सचिव केके जालान ने बताया कि देशभर में 10 ऐसे प्रौद्योगिक केंद्रों की स्थापना पर काम चल रहा है। इसमें से एक खेल क्लस्टर अनंतनाग में स्थापित करने पर विचार किया जा सकता है बशर्ते राज्य सरकार इसके लिए जमीन देने को तैयार हो।
उन्होंने हस्तशिल्प को बढ़ावा देने के लिए प्रत्येक जिले में ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान स्थापित किए जाने की भी जानकारी दी। ईडीआई जम्मू के लिए अतिरिक्त बुनियादी ढांचे के निर्माण तथा जम्मू व श्रीनगर में महिलाओं के लिए अलग से उद्यमिता विकास संस्थान की स्थापना पर यह फैसला किया गया कि प्रस्ताव बनाकर कौशल विकास मंत्रालय को भेजा जाएगा।
देश में खुलेंगे 15 टेक्नोलॉजी सेंटर
केंद्रीय मंत्री कलराज मिश्र ने कहा है कि विश्व बैंक की मदद से देश में 15 टेक्नोलॉजी सेंटर खोले जाएंगे। टेक्नोलॉजी सेंटर सिस्टम प्रोग्राम के तहत एक सेंटर जम्मू कश्मीर के लिए भी मंजूर किया गया है। राज्य सरकार की अनुशंसा पर सांबा जिले में यह सेंटर खुलेगा। देश भर के सेंटरों पर कुल 2200 करोड़ रुपये खर्च हाेंगे।