महबूबा ने डिनर डिप्लोमेसी के तहत मांगा सबका सहयोग
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मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने बुधवार को डिनर डिप्लोमेसी के तहत सभी राजनीतिक दलों से रियासत के विकास तथा खुशहाली में सरकार का सहयोग करने का आह्वान किया। मुख्यमंत्री आवास पर आयोजित समारोह में पहुंचे सभी दलों के विधायकों से उन्होंने कहा कि लोकतंत्र के लिए सबका सहयोग मिलना जरूरी है।
विपक्ष का काम सत्ता पक्ष का विरोध करना है, और उन्हें अपने इस फर्ज का अच्छी तरह पालन करना चाहिए। महबूबा के शपथ ग्रहण समारोह का बहिष्कार करने वाले कांग्रेस के विधायक भी रात्रि भोज में शामिल हुए।
रात्रि भोज के दौरान महबूबा ने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री मुफ्ती मोहम्मद सईद अक्सर कहा करते थे कि विपक्ष का काम सत्ता पक्ष का विरोध करना, उनके गलत कार्यों को उजागर करना और उन्हें सत्ता से बाहर का रास्ता दिखाना है। वे भी इसकी पक्षधर हैं।
विपक्ष को अपनी भूमिका का बखूबी निवर्हन करना चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकार के कामकाज की हर स्तर पर समीक्षा होनी चाहिए और जो इसमें कमी हो उसे इंगित अवश्य किया जाना चाहिए ताकि उसमें सुधार हो सके।
डिप्टी सीएम डा. निर्मल कुमार सिंह ने कहा कि रियासत में लोकतंत्र को यहां तक पहुंचाने में सभी दलों का सहयोग रहा है। इसमें सभी पार्टियों के नेताओं की भूमिका रही है। सभी का उद्देश्य लोगों की सेवा करना है और सब मिल जुलकर इस दिशा में काम कर रहे हैं।
सीएम के डिनर का रविंद्र रैणा का बहिष्कार
मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती की ओर से बुधवार को पीडीपी-भाजपा विधायकों और नेताओं के लिए रात्रिभोज का भाजपा विधायक रविंद्र रैणा ने बहिष्कार किया। रैणा का कहना है कि एनआईटी श्रीनगर में गैर कश्मीरी विद्यार्थियों की बर्बर पिटाई के विरोध में उन्होंने मुख्यमंत्री के रात्रि भोज पर न जाने का फैसला लिया है।
उनका कहना है कि कश्मीर में लगभग प्रत्येक शुक्रवार को पाकिस्तानी झंडे कुछ लोग लहराते हैं, लेकिन उनके खिलाफ कार्रवाई नहीं होती। तिरंगा झंडा फहराने वालों की पुलिस ने बर्बर पिटाई की। इसे बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। जब तक गैर कश्मीरी विद्यार्थियों के साथ न्याय नहीं होता वह चैन से नहीं बैठेंगे।