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Hindi News ›   Jammu and Kashmir ›   Kathua News ›   No Stadium in Kishanpur Bilawar

Kathua News: फसल के समय अभ्यास छोड़ना पड़ रहा गांव के खिलाड़ियों को

Mon, 09 Jun 2025 01:31 AM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कठुआ
संवाद न्यूज एजेंसी, कठुआ Updated Mon, 09 Jun 2025 01:31 AM IST
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No Stadium in Kishanpur Bilawar
खेल मैदान की सुविधा न होने पर खेतों में क्रिकेट खेलते किशनपुर गांव बिलावर के युवा। 
बिलावर। उपमंडल मुख्यालय से दो किलोमीटर की दूरी पर स्थित किशनपुर गांव के खिलाड़ी खेल मैदान की सुविधा से वंचित हैं। नतीजतन कई खेल गतिविधियों में रुचि रखने वाले खिलाड़ियों को मजबूरन खेतों पर खेलना पड़ता है। फसल के समय गांव के खिलाड़ियों के लिए गांव में खेलने की कोई भी सुविधा नहीं मिलती। गांव के युवा खिलाड़ियों ने प्रदेश सरकार से मांग की है कि उनके गांव में खेल मैदान बनाया जाए ताकि वह अपनी प्रतिभा को और अधिक निखार सकें।
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स्थानीय युवाओं ने बताया कि सरकार की ओर से युवा कल्याण के लिए कई कार्यक्रम चलाए जाते हैं। सरकार युवाओं को अधिकतम खेल गतिविधियों में हिस्सा लेने के लिए प्रेरित करती है। इसके बावजूद किशनपुर गांव में सरकार ने खेल मैदान की सुविधा उपलब्ध नहीं करवाई।
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खिलाड़ियों ने बताया कि कई खेल गतिविधियों में रुचि रखने वाले खिलाड़ी खेल मैदान के अभाव की वजह से नियमित अभ्यास से वंचित रह रहे हैं और जब भी उन्हें किसी प्रतियोगिता में भाग लेने का मौका मिलता है तो अनभ्यास की वजह से वह पिछड़ जाते हैं। किशनपुर गांव के खिलाड़ियों ने सरकार से उनके गांव में खेल मैदान की सुविधा जल्द उपलब्ध करवाने की मांग की है।
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ग्रामीण खेल प्रतिभाओं को तराशने की जरूरत है। दुर्भाग्य से गांव में खेल सुविधा तो दूर की बात अभ्यास के लिए मैदान तक नहीं है। संसाधनों के अभाव और आर्थिक तंगी से युवा प्रतिभाएं पिछड़ रहीं हैं। - मनोज कुमार।



गांव के कई खिलाड़ियों ने जिला स्तर पर खेल प्रतियोगिताओं में अपने गांव का नाम रोशन किया है। अगर गांव में खेल मैदान की सुविधा उपलब्ध हो जाए तो गांव के युवा प्रदेश और देश तक का नाम रोशन करेंगे। - सुमित सपोलिया।



खेल मैदान के अभाव में खिलाड़ियों को आगे बढ़ने का मौका नहीं मिल पा रहा है। गांव में कोई ऐसी खुला मैदान भी नहीं है, जहां खिलाड़ी सुबह-शाम अभ्यास कर सकें। - देवेंद्र सपोलिया।




गांव के कई युवा खिलाड़ी हर दिन क्रिकेट या वॉलीबॉल खेलना चाहते हैं लेकिन खेल मैदान की सुविधा उपलब्ध न होने की वजह से खिलाड़ियों को परेशान होना पड़ रहा है। - सुशांत महाजन।
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