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Kathua News: खनन लीज को रद्द करने की उठाई मांग
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सहार खड्ड में माइनिंग ब्लॉक को कैंसिल किए जाने की मांग को लेकर प्रदर्शन करते सहार वासी। संवाद
- फोटो : KATHUA
कठुआ। सहार खड्ड के साथ कृषि योग्य भूमि के पास होने वाले खनन को बंद कराए जाने जाने की मांग को लेकर क्रमिक भूख हड़ताल छठें दिन भी जारी रही। रविवार को स्थानीय काका सिंह, ज्ञान सिंह ने क्रमिक भूख हड़ताल को आगे बढ़ाया। इस मौके पर ग्रामीणों ने सरकार के खिलाफ जोरदार नारेबाजी कर उनके गांव के साथ बनाई गई खनन लीज को रद्द करने की मांग की।
इस मौके पर गांव के नायब सरपंच विकास उपाध्याय ने कहा कि सहार खड्ड में बनाया गया माइनिंग ब्लॉक बिना पंचायत सदस्यों और स्थानीय लोगों की राय के बनाया गया है। इससे शेर कोटला कदियार कमाला और लोगेट में लोग भुखमरी का शिकार हो सकते हैं, क्योंकि ज्यादा तर परिवारों की रोजी रोटी का साधन केवल खेती है।
उन्होंने कहा कि खनन के कारण सौ करोड़ की लागत से बना हाईवे का पूल और बिजली की हाई टेंशन लाइन को भी खतरा बढ़ता जा रहा है। इसकी शिकायत जब खनन विभाग से की जाती है तो उनका जवाब होता है कि पुल को देखना हाईवे अथारिटी और हाई टेंशन लाइन को बिजली विभाग देखेगा। खनन से गांव में लोगों को पानी पिलाने वाले 36 कुएं सूख जाएंगे। वहीं गांव के सरपंच भोली सिंह जसरोटिया ने कहा कि उन्हें सहार खड्ड में खनन को बंद करवाने की मांग को लेकर गांव के लोग पिछले 15 दिनों से यहां संघर्ष कर रहे है लेकिन अभी तक कोई भी प्रशासनिक अधिकारी उनकी बात सुनने के लिए मौके पर नहीं है। इससे साफ है कि प्रशासन भी माइनिंग माफिया का संरक्षण कर रहा है। धरने के दौरान गांव के पंच मोहन कुमार, पंच निम्मी देवी, पंच रतन चंद, पंच रघुवीर चंद के अलावा काफी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।
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इस मौके पर गांव के नायब सरपंच विकास उपाध्याय ने कहा कि सहार खड्ड में बनाया गया माइनिंग ब्लॉक बिना पंचायत सदस्यों और स्थानीय लोगों की राय के बनाया गया है। इससे शेर कोटला कदियार कमाला और लोगेट में लोग भुखमरी का शिकार हो सकते हैं, क्योंकि ज्यादा तर परिवारों की रोजी रोटी का साधन केवल खेती है।
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उन्होंने कहा कि खनन के कारण सौ करोड़ की लागत से बना हाईवे का पूल और बिजली की हाई टेंशन लाइन को भी खतरा बढ़ता जा रहा है। इसकी शिकायत जब खनन विभाग से की जाती है तो उनका जवाब होता है कि पुल को देखना हाईवे अथारिटी और हाई टेंशन लाइन को बिजली विभाग देखेगा। खनन से गांव में लोगों को पानी पिलाने वाले 36 कुएं सूख जाएंगे। वहीं गांव के सरपंच भोली सिंह जसरोटिया ने कहा कि उन्हें सहार खड्ड में खनन को बंद करवाने की मांग को लेकर गांव के लोग पिछले 15 दिनों से यहां संघर्ष कर रहे है लेकिन अभी तक कोई भी प्रशासनिक अधिकारी उनकी बात सुनने के लिए मौके पर नहीं है। इससे साफ है कि प्रशासन भी माइनिंग माफिया का संरक्षण कर रहा है। धरने के दौरान गांव के पंच मोहन कुमार, पंच निम्मी देवी, पंच रतन चंद, पंच रघुवीर चंद के अलावा काफी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।
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