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फीमेल मल्टीपर्पज हेल्थ वर्करों ने मांगा वेतन
ब्यूरो/कठुआ
Updated Tue, 16 Jun 2015 01:43 AM IST
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पांच दिनों से धरने पर बैठी फीमेल मल्टीपर्पज हेल्थ वर्करों ने सोमवार को भी जमकर प्रदर्शन करते हुए वेतन जारी करने की मांग की। उन्होंने अधिकारियों और मंत्रियों की कड़ी आलोचना करते हुए वर्करों के साथ भेदभाव का आरोप लगाया। वहीं मुख्य चिकित्सा अधिकारी के आश्वासन के बाद उन्होंने पंद्रह जुलाई तक धरना स्थगित कर दिया है।
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सोमवार को मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय के बाहर धरना दे रही फीमेल मल्टीपर्पज हेल्थ वर्करों का नेतृत्व करते हुए सरोज बाला ने कहा कि उन्हें सड़कों पर मजबूरी में उतरना पड़ रहा है। एक साल से वेतन नहीं मिला है। उन्होंने रोष प्रकट करते हुए कहा कि उनके पास कार्यालय पहुंचने के लिए किराया तक नहीं है।
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उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि काम मल्टीपर्पज वर्कर करते हैं, इनाम अधिकारी लेते हैं। जानबूझ कर उन्हें वेतन के लिए परेशान किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि मंत्री यदि वेतन नहीं दे पा रहे, तो उन्होंने यह पद क्यों संभाला है। आठ-आठ साल से फीमेल वर्करों की प्रमोशन नहीं देकर भेदभाव किया जा रहा है।
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उन्होंने कहा कि वेतन समय से मिले तो सड़कों पर आने की जरूरत ही न पड़े। अस्पतालों में लोगों को परेशानी को सामना करना पड़ रहा है। महीनों से आश्वासन दिए जा रहे हैं, लेकिन वेतन जारी करने पर गंभीरता नहीं दिखाई जा रही। उन्होंने पोस्टें तैयार करने की भी मांग की। मुख्य चिकित्सा अधिकारी के आश्वासन पर वर्करों ने एक महीने का समय देते हुए हड़ताल वापस ले ली है।