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Kathua News: जलस्तर कम होते ही दिखने लगा तबाही का मंजर
Thu, 28 Aug 2025 12:35 AM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कठुआ
संवाद न्यूज एजेंसी, कठुआ
Updated Thu, 28 Aug 2025 12:35 AM IST
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हीरानगर। भारी बारिश थमते ही बुधवार सुबह जैसे-जैसे रिहायशी क्षेत्रों और खेतों में जलस्तर कम हुआ तो बर्बादी का मंजर दिखना शुरू हो गया। खेतों से बाढ़ का पानी गुजरने के बाद बर्बाद धान की फसल को देखकर किसान मायूस हो गए।
तरनाह नाला और उज्ज दरिया में बाढ़ से सबसे अधिक नुकसान सीमावर्ती क्षेत्रों में हुआ है। यहां करीब 80 प्रतिशत धान की फसल बर्बाद होने का अंदेशा है। लोगों के घरों और दुकानों में पानी भरने से लाखों की संपत्ति को नुकसान पहुंचा है। प्रशासन की ओर से नुकसान की रिपोर्ट तैयार करने के लिए अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं। जल्द अधिकारियों की टीम गांवों में जाकर नुकसान का जायजा लेगी।
तेज बारिश के कारण उपमंडल के कई संपर्क मार्गों का संपर्क हाईवे से कट गया है। हाईवे से कूटा और कई कंडी क्षेत्रीय गांव को जोड़ने वाली सड़क पर भूस्खलन से वाहनों आवागमन बंद हो गया है। इसे सुचारु करने के लिए लगातार काम जारी है। दयाला चक बिलावर सड़क पर करीब 25 घंटे के बाद छोटे और यात्री वाहनों की आवाजाही शुरू हो पाई। हालांकि बीआरओ की ओर से सड़क से मिट्टी हटाने का काम अभी भी जारी है। इसके बाद ही बड़े मालवाहकों के लिए यह मार्ग खोला जाएगा।
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बारिश के कारण ठप हुई बिजली आपूर्ति अभी भी कई क्षेत्रों में बहाल नहीं हो पाई है। सीमावर्ती गांव मनियारी उसके आसपास के गांव में बुधवार शाम ढलने तक भी बिजली आपूर्ति ठप थी।
बारिश के कारण फसलों को भारी नुकसान हुआ है। अब यह नुकसान कितना हुआ है, इसकी रिपोर्ट तैयार करने के लिए अधिकारियों को कह दिया गया है। जैसे ही लोगों के खेतों तक जाना संभव होगा अधिकारी अपना काम शुरू कर देंगे। इसी के साथ जो संपर्क मार्ग क्षतिग्रस्त हुए हैं उनकी मरम्मत जल्द करने के निर्देश भी दिए गए हैं।
-फुलेल सिंह, एसडीएम।
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तरनाह नाला और उज्ज दरिया में बाढ़ से सबसे अधिक नुकसान सीमावर्ती क्षेत्रों में हुआ है। यहां करीब 80 प्रतिशत धान की फसल बर्बाद होने का अंदेशा है। लोगों के घरों और दुकानों में पानी भरने से लाखों की संपत्ति को नुकसान पहुंचा है। प्रशासन की ओर से नुकसान की रिपोर्ट तैयार करने के लिए अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं। जल्द अधिकारियों की टीम गांवों में जाकर नुकसान का जायजा लेगी।
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तेज बारिश के कारण उपमंडल के कई संपर्क मार्गों का संपर्क हाईवे से कट गया है। हाईवे से कूटा और कई कंडी क्षेत्रीय गांव को जोड़ने वाली सड़क पर भूस्खलन से वाहनों आवागमन बंद हो गया है। इसे सुचारु करने के लिए लगातार काम जारी है। दयाला चक बिलावर सड़क पर करीब 25 घंटे के बाद छोटे और यात्री वाहनों की आवाजाही शुरू हो पाई। हालांकि बीआरओ की ओर से सड़क से मिट्टी हटाने का काम अभी भी जारी है। इसके बाद ही बड़े मालवाहकों के लिए यह मार्ग खोला जाएगा।
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बारिश के कारण ठप हुई बिजली आपूर्ति अभी भी कई क्षेत्रों में बहाल नहीं हो पाई है। सीमावर्ती गांव मनियारी उसके आसपास के गांव में बुधवार शाम ढलने तक भी बिजली आपूर्ति ठप थी।
बारिश के कारण फसलों को भारी नुकसान हुआ है। अब यह नुकसान कितना हुआ है, इसकी रिपोर्ट तैयार करने के लिए अधिकारियों को कह दिया गया है। जैसे ही लोगों के खेतों तक जाना संभव होगा अधिकारी अपना काम शुरू कर देंगे। इसी के साथ जो संपर्क मार्ग क्षतिग्रस्त हुए हैं उनकी मरम्मत जल्द करने के निर्देश भी दिए गए हैं।
-फुलेल सिंह, एसडीएम।