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जम्मू-कश्मीर: डेंटल कॉलेज जम्मू में 44.46 करोड़ से बनेगा अतिरिक्त ब्लॉक
Fri, 17 Dec 2021 11:23 AM IST
करिश्मा चिब
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
Published by: करिश्मा चिब
Updated Fri, 17 Dec 2021 11:23 AM IST
सार
ढांचे के विस्तार से अगले सत्र से पीजी पाठ्यक्रम शुरू किया जा सकेगा। अतिरिक्त ब्लॉक में बढ़ा हुआ ढांचा डेंटल काउंसिल ऑफ इंडिया (डीसीआई) के दौरे के दौरान भवन ढांचे में बताई गई कमी को भी दूर करेगा।
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प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
इंदिरा गांधी सरकारी डेंटल कॉलेज जम्मू में अनुमानित 44.46 करोड़ रुपये की लागत से अतिरिक्त ब्लॉक का निर्माण किया जाएगा। नया ब्लॉक विभिन्न क्लीनिकल विभागों में बढ़े हुए मरीजों के भार को कम करेगा। इस निर्माण से अस्पताल प्रशासन, आपात सेक्शन, ऑपरेशन थियेटर, वार्ड, प्रासथोडानटिक्स व डेंटल सामग्री विभाग, पीडोडोटिक्स विभाग, ओरल पैथोलॉजी, डेंटल हिस्टियोलॉजी विभाग और कम्यूनिटी डेंटिस्ट्री विभाग का आधारभूत ढांचा मजबूत होगा।
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उपराज्यपाल मनोज सिन्हा की अध्यक्षता में हुई प्रशासनिक परिषद की बैठक में डेंटल कॉलेज में अतिरिक्त ब्लॉक के निर्माण के लिए मंजूरी दी गई है। अतिरिक्त ब्लॉक के निर्माण से शैक्षणिक गतिविधियों का भी विस्तार होगा। इसमें अगले सत्र से पीजी पाठ्यक्रम शुरू करने का रास्ता साफ हो जाएगा। अतिरिक्त ब्लॉक में बढ़ा हुआ ढांचा डेंटल काउंसिल ऑफ इंडिया (डीसीआई) के दौरे के दौरान भवन ढांचे में बताई गई कमी को भी दूर करेगा। कॉलेज ढांचे के विस्तार का उद्देश्य जनता को गुणवत्तापूर्ण दंत चिकित्सा सेवाएं प्रदान करना और दंत चिकित्सा देखभाल में स्नातकोत्तर पाठ्यक्रम शुरू करना है।
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प्रदेश के लाखों लोगों को मिलेगा स्वास्थ्य सुविधा का तोहफा
जम्मू-कश्मीर में कोरोना की नित नई चुनौतियों के बीच स्वास्थ्य सेवाओं को और सुदृढ़ बनाने के साथ इसे विस्तार दिया जा रहा है। इस कड़ी में जम्मू के मीरां साहिब और कश्मीर के सेमपोरा (पांपोर) में एक-एक मेडिसिटी का निर्माण किया जाएगा। इससे प्रदेश के लाखों लोगों को बेहतरीन स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध होंगी। उपराज्यपाल मनोज सिन्हा की अध्यक्षता में वीरवार को हुई प्रशासनिक परिषद की बैठक में इस प्रस्ताव को मंजूरी दी गई। मेडिसिटी का प्रस्ताव उद्योग एवं वाणिज्य विभाग ने रखा था।
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निजी क्षेत्र में मेडिसिटी का निर्माण केंद्र शासित प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करेगा। इसके साथ कोरोना आपदा जैसी परिस्थितियों में स्वास्थ्य सुविधाओं की क्षमता भी बढ़ेगी। प्रदेश के लोगों को आधुनिक उपचार के लिए दूसरे राज्यों का रुख नहीं करना पड़ेगा। जम्मू में मेडिसिटी के निर्माण के साथ लखनपुर सीमा से लगते पंजाब के लोगों को भी चिकित्सा लाभ मिलेगा। जिला मुख्यालय जम्मू से कुछ ही किलोमीटर दूरी पर मीरां साहिब क्षेत्र स्थित है।
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यहां मेडिसिटी का निर्माण होने से सबसे अधिक जम्मू जिले की करीब 17 लाख आबादी को लाभ मिलेगा। इसी तरह सेमपोरा में मेडिसिटी कश्मीर के अधिकांश जिलों को कवर करेगी। विशेष स्वास्थ्य सेवाओं के लिए मेडिसिटी कश्मीर की आबादी के लिए केंद्र बिंदु के रूप में कार्य करेगी। निजी क्षेत्र में नए चिकित्सा और उच्च शिक्षा संस्थानों की स्थापना नई औद्योगिक नीति का हिस्सा है।
मेडिसिटी में अस्पताल, चिकित्सा शिक्षा व आयुष केंद्र भी
मेडिसिटी का उद्देश्य लोगों को निजी क्षेत्र में आधुनिक चिकित्सा सुविधाएं देने के साथ बड़े पैमाने पर भारी निवेश को जम्मू-कश्मीर में लाना है। इसमें स्वास्थ्य उद्योग क्षेत्र के कई बड़े लोग आ सकते हैं। मेडिसिटी में मेडिकल कालेज, अस्पताल, सुपर स्पेशलिटी अस्पताल, नर्सिंग कालेज, फार्मास्यूटिकल, अस्पताल प्रबंधन, आयुर्वेदिक कालेज, चिकित्सा शिक्षा केंद्र, आयुष केंद्र, शोध केंद्र आदि का निर्माण किया जा सकता है।