फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jammu and Kashmir ›   J&K Election 2024 People of Marh assembly are waiting for development

ग्राउंड रिपोर्ट: क्या हैट्रिक बनाएगी भाजपा?, मतदाताओं की चिंता... किसे चुनें; लिस्ट में हैं ये तीन प्रत्याशी

Mon, 30 Sep 2024 02:31 PM IST
अनुज कुमार अतुल भारद्वाज, अमर उजाला, जम्मू।
अतुल भारद्वाज, अमर उजाला, जम्मू। Published by: अनुज कुमार Updated Mon, 30 Sep 2024 02:31 PM IST
सार

मढ़ विधानसभा से  सुरेंद्र कुमार भगत (भाजपा), मूला राम भगत (कांग्रेस), जगदीश चंद्र (बसपा) को प्रत्याशी बनाया गया है। राजपुरा में एक रोजमर्रा में उपयोग के सामान की दुकान चला रहे देवी नाथ का कहना है कि अनुच्छेद 370 से श्रीनगर में भले ही लोगों की जिंदगी बदली हो। हमारी जिंदगी तो यहां के विकास के कामों से ही बदलनी है।

विज्ञापन
J&K Election 2024 People of Marh assembly are waiting for development
भाजपा - फोटो : फाइल फोटो

विस्तार

जम्मू से करीब 15 किमी दूर मढ़ विधानसभा क्षेत्र शहर से नजदीकी की वजह से विकास को देख पाया है। वहीं दूसरी तरफ नियंत्रण रेखा (एलओसी) से जुड़े इसके कुछ इलाके अब भी विकास के इंतजार में हैं। यहां करीब 10 साल के बाद चुनाव को लेकर उत्साह है। इसके साथ ही भविष्य को लेकर चिंता भी है।
विज्ञापन


मढ़ सीट में आने वाले गांव झिड़ी में आस्था का केंद्र बाबा जित्तो मंदिर है। मंदिर परिसर में मौजूद रविंदर सिंह ने बताया कि अनुच्छेद 370 हटने की वजह से सीमा के आसपास के इलाके में शांति है। विकास तो जम्मू के आसपास के इलाकों में पहले से ही कम था, बस चिंता सुरक्षा की रहती थी। अब चिंता यह है कि लोगों को सरकारी योजनाओं का लाभ मिले जिससे उनकी जिंदगी आसान हो। बच्चों की शिक्षा अच्छी हो तो उनका भविष्य बेहतर हो। उनके ही एक और साथी ने कहा कि पीछे एक राशन की दुकान है। उस पर सच्चाई पता करिए। पूरे देश में कहीं का व्यक्ति कहीं भी जाकर रहे उसको राशन मिल जाएगा। यहां राशन कार्ड होकर भी कई बार राशन नहीं मिल पाता। इसे सरकार में बैठे लोगों को देखना चाहिए।
विज्ञापन


राजपुरा में एक रोजमर्रा में उपयोग के सामान की दुकान चला रहे देवी नाथ का कहना है कि अनुच्छेद 370 से श्रीनगर में भले ही लोगों की जिंदगी बदली हो। हमारी जिंदगी तो यहां के विकास के कामों से ही बदलनी है। एक काम जल जीवन मिशन में हुआ। रात में ठेकेदार आया। सड़क खोदी, पाइपलाइन डाली और चला गया। हमारी खुद की लाइन तोड़ गया। दो महीने तक इंतजार के बाद लोगों ने खुद ही इसे ठीक करवाया। सड़क भी चलने लायक खुद ही बनाई। अधिकारी और नेता दोनों ही इसे नहीं देखते।
विज्ञापन
विज्ञापन


क्या हैट्रिक बनाएगी भाजपा?
मढ़ के चुनाव में एक बड़ी चर्चा लोगों में यह भी है कि क्या भाजपा हैट्रिक बना पाएगी। मढ़ के चुनावी इतिहास में यह रहा है कि 1962 से अब तक कोई नेता या पार्टी लगातार तीन बार नहीं जीता। कांग्रेस की टिकट पर चुनाव लड़ रहे मूला राम भगत खुद 1983, 1987 में लगातार जीत चुके हैं। इसके बाद 1996 और 2002 में नेकां से अजय कुमार सडोत्रा ने जीत दर्ज की। उनकी भी हैट्रिक नहीं हो पाई। पिछले दो चुनाव में भाजपा के सुखनंदन सिंह जीते। इस बार आरक्षित सीट पर भाजपा ने सुरिंदर कुमार भगत को उतारा है। कांग्रेस से खुद मूला राम भी चुनाव लड़ रहे हैं। बसपा के जगदीप चंद्र भी एससी वोट में सेंध लगाने के लिए मैदान में उतरकर मुकाबले को त्रिकोणीय बनाने में जुटे हैं।


पिछले तीन चुनाव के विजेता
- 2002 में नेकां से अजय कुमार सडोत्रा
- 2008,14 में भाजपा से सुखनंदन कुमार

पुलिस के पूर्व अधिकारी ने त्रिकोणीय बनाया मुकाबला
मढ़ विधानसभा में भाजपा और कांग्रेस के बीच माने जा रहे मुकाबले को रिटायर पुलिस अधिकारी मोहनलाल कैंथ ने त्रिकोणीय बना दिया है। अपने घर के सामने बैठे एक बुजुर्ग राम जन्म का कहना है कि वह अपना लड़का है। आजाद प्रत्याशी होने के बाद भी क्षेत्र में बहुत मेहनत की है।

मतदाता
कुल-93300
पुरुष-48522
महिलाएं-44777
ट्रांसजेंडर-01

क्षेत्र के मुद्दे
- जल जीवन मिशन में खोदी गई सड़कें
- सिंचाई के लिए पानी
- सरकारी योजनाओं जैसे राशन का लाभ

दस साल में क्या मिला
- दिल्ली-कटड़ा एक्सप्रेस पर रिंग रोड
- जित्तो बाबा मंदिर का तालाब पक्का हुआ
- स्वास्थ्य सेवाएं बेहतर हुईं
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed