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म्यांमार में हो रहे हमलों के विरोध में मौन जुलूस
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर
Updated Fri, 15 Sep 2017 08:08 PM IST
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मौन जुलूस
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म्यांमार के रोहिंग्या समुदाय पर हो रहे अत्याचार के विरोध में आज विभिन्न धर्मों के प्रतिनिधियों ने मौन जुलूस निकाला। इसके बाद जिला कलक्टर को संयुक्त राष्ट्र संघ के नाम ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन के जरिए बर्मा में हो रहे अत्याचार को रुकवाने की मांग की गई।
अजमेर में आज हिंदू, मुस्लिम, सिक्ख और ईसाई धर्म के लोगों ने रोहिंग्या समुदाय पर हो रहे कत्लेआम के विरोध में अढाई दिन के झोंपड़े से मौन जुलूस निकाला। जुलूस दरगाह के बाहर से होते हुए देहली गेट पर सम्पन्न हुआ। शहर काजी तौसिफ अहमद सिद्दिकी और पादरी हीरालाल मैसी ने कहा कि संयुक्त राष्ट्र संघ को चाहिए कि वह हस्तक्षेप कर म्यांमार में चल रहे कत्ले आम को रुकवाएं जिससे कि सभी के मानवाधिकार संरक्षित रह सके। जुलूस में मौजूद प्रतिनिधियों ने अतिरिक्त जिला कलक्टर को संयुक्त राष्ट्र संघ के नाम ज्ञापन सौंपा।
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अजमेर में आज हिंदू, मुस्लिम, सिक्ख और ईसाई धर्म के लोगों ने रोहिंग्या समुदाय पर हो रहे कत्लेआम के विरोध में अढाई दिन के झोंपड़े से मौन जुलूस निकाला। जुलूस दरगाह के बाहर से होते हुए देहली गेट पर सम्पन्न हुआ। शहर काजी तौसिफ अहमद सिद्दिकी और पादरी हीरालाल मैसी ने कहा कि संयुक्त राष्ट्र संघ को चाहिए कि वह हस्तक्षेप कर म्यांमार में चल रहे कत्ले आम को रुकवाएं जिससे कि सभी के मानवाधिकार संरक्षित रह सके। जुलूस में मौजूद प्रतिनिधियों ने अतिरिक्त जिला कलक्टर को संयुक्त राष्ट्र संघ के नाम ज्ञापन सौंपा।
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