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बीकानेर: कलक्टर एसपी के आश्वासन के बाद बाबा ने बदला समाधि का फैसला
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर
Updated Sun, 04 Jun 2017 04:06 PM IST
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- फोटो : Internet
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राजस्थान के बीकानेर जिले में ट्यूब वेल की मांग को लेकर एक बाबा ने समाधि की घोषणा कर पुलिस और प्रशासन को सकते में डाल दिया। बाबा को समझाने के लिए कलक्टर और एसपी मौके पर पहुंचे। करीब घंटे भर की जद्दोजहद के बाद बाबा ने समाधि का फैसला टाल दिया।
मिली जानकारी के अनुसार बीकानेर के नजदीक बालकिया धोरा है और वहां परमेश्वर नामक बाबा आश्रम बनाकर रह रहा है। पिछले दिनों आश्रम में पानी के इंतजाम के लिए ट्यूब वेल की खुदाई की तो उसे वन विभाग ने रुकवा दिया। ये आश्रम वन विभाग की जमीन पर बना हुआ है।
वन विभाग की इस कार्रवाई खफा परमेश्वर दास बाबा ने बीकानेर में कलक्ट्रेट के सामने धरना शुरु कर दिया। मांग नहीं मानें जाने पर रविवार की शाम समाधि लेने की घोषणा कर दी। प्रशासन ने पहले तो उसकी मांग को अनदेखी कर दी, लेकिन रविवार को दोपहर में वहां समाधि की तैयारी देख प्रशासन और पुलिस के हाथ—पांव फूल गए। बाबा को समझाने के लिए कलक्टर अनिल गुप्ता और एसपी सवाई सिंह गोदारा भी दलबल सहित धरनास्थल पर पहुंचे और बाबा को समझाया। उन्होंने वहां पानी, बिजली आदि समस्याओं को दूर करने का आश्वासन दिया। बाद में बाबा ने अपना अनशन तोड़ तोड़ दिया।
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मिली जानकारी के अनुसार बीकानेर के नजदीक बालकिया धोरा है और वहां परमेश्वर नामक बाबा आश्रम बनाकर रह रहा है। पिछले दिनों आश्रम में पानी के इंतजाम के लिए ट्यूब वेल की खुदाई की तो उसे वन विभाग ने रुकवा दिया। ये आश्रम वन विभाग की जमीन पर बना हुआ है।
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वन विभाग की इस कार्रवाई खफा परमेश्वर दास बाबा ने बीकानेर में कलक्ट्रेट के सामने धरना शुरु कर दिया। मांग नहीं मानें जाने पर रविवार की शाम समाधि लेने की घोषणा कर दी। प्रशासन ने पहले तो उसकी मांग को अनदेखी कर दी, लेकिन रविवार को दोपहर में वहां समाधि की तैयारी देख प्रशासन और पुलिस के हाथ—पांव फूल गए। बाबा को समझाने के लिए कलक्टर अनिल गुप्ता और एसपी सवाई सिंह गोदारा भी दलबल सहित धरनास्थल पर पहुंचे और बाबा को समझाया। उन्होंने वहां पानी, बिजली आदि समस्याओं को दूर करने का आश्वासन दिया। बाद में बाबा ने अपना अनशन तोड़ तोड़ दिया।
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