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अब ये अभ्यर्थी किसी भी परीक्षा में नहीं बैठ सकेंगे, जानिए क्यों
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर
Updated Fri, 07 Jul 2017 04:17 PM IST
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- फोटो : डेमो
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राजस्थान लोक सेवा आयोग ने चार अभ्यर्थियों को परीक्षा से डिबार किया है। इनमें से तीन भविष्य में किसी भी परीक्षा में हिस्सा नहीं ले पाएंगे और एक अभ्यर्थी आगामी दो साल में होने वाली परीक्षा में आवेदन नहीं कर पाएंगे।
राजस्थान लोक सेवा आयोग के सचिव गिरीराज सिंह कुशवाहा ने बताया कि 23 अक्टूबर 2016 को आयोजित लिपिक ग्रेड द्वितीय परीक्षा-2013 में जालौर के मालवाड़ा गांव निवासी अनिल कुमार, बाड़मेर के गुडामालानी निवासी रमेश कुमार और बीकानेर निवासी रविशेखर ने अपने स्थान पर अन्य व्यक्ति को परीक्षा देने केन्द्र पर भेजा था। इसके चलते तीनों अभ्यर्थियों को आयोग ने भविष्य की सभी परीक्षाओं से डिबार कर दिया है।
इसी तरह जोधपुर निवासी धर्मेन्द्र सिंह भाटी के पास परीक्षा के दौरान इलेक्ट्राॅनिक डिवाइस पाया गया था। भाटी को दो साल में आयोजित होने वाली परीक्षाओं से बाहर रखा जाएगा। कुशवाहा ने बताया कि अभ्यर्थियों पर कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य परीक्षा में पारदर्शिता लाना और अभ्यर्थियों को ऐसी हरकत नहीं करने का संदेश देना है।
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राजस्थान लोक सेवा आयोग के सचिव गिरीराज सिंह कुशवाहा ने बताया कि 23 अक्टूबर 2016 को आयोजित लिपिक ग्रेड द्वितीय परीक्षा-2013 में जालौर के मालवाड़ा गांव निवासी अनिल कुमार, बाड़मेर के गुडामालानी निवासी रमेश कुमार और बीकानेर निवासी रविशेखर ने अपने स्थान पर अन्य व्यक्ति को परीक्षा देने केन्द्र पर भेजा था। इसके चलते तीनों अभ्यर्थियों को आयोग ने भविष्य की सभी परीक्षाओं से डिबार कर दिया है।
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इसी तरह जोधपुर निवासी धर्मेन्द्र सिंह भाटी के पास परीक्षा के दौरान इलेक्ट्राॅनिक डिवाइस पाया गया था। भाटी को दो साल में आयोजित होने वाली परीक्षाओं से बाहर रखा जाएगा। कुशवाहा ने बताया कि अभ्यर्थियों पर कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य परीक्षा में पारदर्शिता लाना और अभ्यर्थियों को ऐसी हरकत नहीं करने का संदेश देना है।
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