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जयपुरः वॉलसिटी के 40 मीटर नीचे दौड़ेंगी गाड़ियां, नहीं लगेगा जाम
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर
Updated Tue, 23 May 2017 07:18 PM IST
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jaipur, hawa mahal
- फोटो : File
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पिंकसिटी जयपुर के वॉल सिटी में ट्रेफिक के प्रेशर को कम करने के लिए अंडरग्राउंड टनल बनाने का प्रस्ताव तैयार किया गया है। करीब सवा दो किलोमीटर लंबी इस टनल के निर्माण का प्रस्ताव मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने मंगलवार को जयपुर आए केंद्रीय नगरीय विकास मंत्री मंत्री वैंकेया नायडू को सौंपा है।
सूत्रों ने बताया कि प्रोजेक्ट के तहत वॉल सिटी मेंं सांगानेर गेट से जौहरी बाजार, बड़ी चौपड़, सिरहड्योढी बाजार, चांदी की टकसाल, सुभाष चौक, आमेर रोड़ होते हुए जोरावरसिंह गेट तक करीब सवा दो किमी.टनल प्रस्तावित है। ये टनल बन जाती है तो वॉल सिटी के बाहरी इलाको से आमेर और दिल्ली रोड़ पर बसी कॉलोनियों में आने—जाने वालों को वॉलसिटी में लगने वाले जाम से निजात मिल सकेगी। ये टनल चार लेन की प्रस्तावित है। दो लेन आने और दो लेन जाने वालों के लिए होगी। टनल में एक छोर से दूसरे छोर के बीच बाहर निकलने का प्रावधान नहीं होगा। हालांकि आपातकालीन स्थिति के लिए बीच—बीच में एक्जिट होगा। इस प्रोजेक्ट पर 500 से 700 करोड़ रुपए का खर्च होने के अनुमान है।
अभी ये हाल है
सांगानेर गेट से जोरावरसिंह तक आने—जाने वालों को ट्रेफिक जाम का सामना करना पड़ता है। जौहरी बाजार, बड़ी चौपड़, हवामहल के सामने, चांदी की टकसाल और पुराना आमेर रोड पर जाम रहता है। ऐसे में करीब सवा दो किमी. का ये एरिया पार करने में कई बार डेढ—दो घंटे लग जाते है। जबकि टनल बनने के बाद ये रास्ता मुश्किल से 15 मिनट में पार हो जाएगा।
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हैरिटेज बिल्डिंग्स पर असर नहीं
वॉलसिटी में टनल के इस प्रस्ताव को लेकर सबसे बड़ी परेशानी हैरिटेज बिल्डिंग की रहेगी। इस रास्ते में प्रसिद्ध हवामहल भी आता है। सड़क के दोनों ओर कई पुरानी इमारतें और मंदिर है। इंजीनियरों की मानें तो टनल वर्तमान सड़क से करीब 40 मीटर नीचे बनाई जाएगी। ऐसे में किसी भी हैरिटेज बिल्डिंग की नींव पर कोई असर नहीं होगा। बड़ी चौपड़ पर ये टनल मेट्रो स्टेशन के नीचे से गुजरेगी।
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सूत्रों ने बताया कि प्रोजेक्ट के तहत वॉल सिटी मेंं सांगानेर गेट से जौहरी बाजार, बड़ी चौपड़, सिरहड्योढी बाजार, चांदी की टकसाल, सुभाष चौक, आमेर रोड़ होते हुए जोरावरसिंह गेट तक करीब सवा दो किमी.टनल प्रस्तावित है। ये टनल बन जाती है तो वॉल सिटी के बाहरी इलाको से आमेर और दिल्ली रोड़ पर बसी कॉलोनियों में आने—जाने वालों को वॉलसिटी में लगने वाले जाम से निजात मिल सकेगी। ये टनल चार लेन की प्रस्तावित है। दो लेन आने और दो लेन जाने वालों के लिए होगी। टनल में एक छोर से दूसरे छोर के बीच बाहर निकलने का प्रावधान नहीं होगा। हालांकि आपातकालीन स्थिति के लिए बीच—बीच में एक्जिट होगा। इस प्रोजेक्ट पर 500 से 700 करोड़ रुपए का खर्च होने के अनुमान है।
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अभी ये हाल है
सांगानेर गेट से जोरावरसिंह तक आने—जाने वालों को ट्रेफिक जाम का सामना करना पड़ता है। जौहरी बाजार, बड़ी चौपड़, हवामहल के सामने, चांदी की टकसाल और पुराना आमेर रोड पर जाम रहता है। ऐसे में करीब सवा दो किमी. का ये एरिया पार करने में कई बार डेढ—दो घंटे लग जाते है। जबकि टनल बनने के बाद ये रास्ता मुश्किल से 15 मिनट में पार हो जाएगा।
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हैरिटेज बिल्डिंग्स पर असर नहीं
वॉलसिटी में टनल के इस प्रस्ताव को लेकर सबसे बड़ी परेशानी हैरिटेज बिल्डिंग की रहेगी। इस रास्ते में प्रसिद्ध हवामहल भी आता है। सड़क के दोनों ओर कई पुरानी इमारतें और मंदिर है। इंजीनियरों की मानें तो टनल वर्तमान सड़क से करीब 40 मीटर नीचे बनाई जाएगी। ऐसे में किसी भी हैरिटेज बिल्डिंग की नींव पर कोई असर नहीं होगा। बड़ी चौपड़ पर ये टनल मेट्रो स्टेशन के नीचे से गुजरेगी।