{"_id":"591045ca4f1c1b6002850f66","slug":"mobile-network-bad-quality-in-bhilwara","type":"story","status":"publish","title_hn":"राजस्थान के इन गांवों में पेड़ पर लटके मिलेंगे मोबाइल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
राजस्थान के इन गांवों में पेड़ पर लटके मिलेंगे मोबाइल
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर
Updated Mon, 08 May 2017 04:17 PM IST
विज्ञापन
mobile
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पेड़ पर फल—फूल लटके हुए तो आसानी से देखे जा सकते हैं लेकिन क्या आप मोबाइल लटके होने की बात सोच भी सकते हैं। राजस्थान के कई गांवों में आपको पेड़ पर मोबाइल लटके हुए दिख जाएंगे।
टेलीकॉम कंपनिया भले ही दूरदराज के इलाकों में भी सिग्नल देने के बड़े—बड़े दावे करें, लेकिन राजस्थान के कई क्षेत्रों में आज भी ये सपना ही बना हुआ है। इसके चलते लोग पर्याप्त सिग्नल कनेक्टिविटी के लिए मोबाइल फोन का पेड़ या किसी ऊंचे स्थान पर लटका देते हैं, ताकि उनके मोबाइल फोन में घंटी बज सके। भीलवाड़ा के बदनौर क्षेत्र में आने वाले करीब एक दर्जन गांवों में ये तस्वीर आसानी से देखी जा सकती है। यहां भादसी और रतनपुरा के 12 गांव और करीब पन्द्रह ढाणियों में नेटवर्क की समस्या है।
रतनपुरा सरपंच महेन्द्र सिंह रावत ने बताया कि भादसी और रतनपुरा के करीब 25 किलोमीटर इलाके में नेटवर्क की समस्या है। ऐसे हालात में लोग पेड़ पर मोबाइल लटका देते हैं। जब घंटी बजती है, तो वे किसी कुर्सी या स्टूल पर खड़े होकर लटके हुए मोबाइल पर बात करते हैं।
विज्ञापन
लोगों का कहना है कि नेटवर्क की समस्या के बारे में कई बार सरकारी टेलीकॉम कंपनी बीएसएनएल के अधिकारियों को भी अवगत करा दिया, लेकिन कुछ नहीं हुआ। उधर, ऐसा ही मामला अलवर जिले में भी देखने को मिलेगा।
यहां बाला किला वन क्षेत्र में यदि व्यक्ति करणी माता दर्शन को जाए तो वहां किसी मोबाइल के जरिये आपकी बात नहीं हो पाएगी। ऐसे ही प्रदेश के कई वन क्षेत्र इलाकों में भी नेटवर्क समस्या है।
विज्ञापन
टेलीकॉम कंपनिया भले ही दूरदराज के इलाकों में भी सिग्नल देने के बड़े—बड़े दावे करें, लेकिन राजस्थान के कई क्षेत्रों में आज भी ये सपना ही बना हुआ है। इसके चलते लोग पर्याप्त सिग्नल कनेक्टिविटी के लिए मोबाइल फोन का पेड़ या किसी ऊंचे स्थान पर लटका देते हैं, ताकि उनके मोबाइल फोन में घंटी बज सके। भीलवाड़ा के बदनौर क्षेत्र में आने वाले करीब एक दर्जन गांवों में ये तस्वीर आसानी से देखी जा सकती है। यहां भादसी और रतनपुरा के 12 गांव और करीब पन्द्रह ढाणियों में नेटवर्क की समस्या है।
विज्ञापन
रतनपुरा सरपंच महेन्द्र सिंह रावत ने बताया कि भादसी और रतनपुरा के करीब 25 किलोमीटर इलाके में नेटवर्क की समस्या है। ऐसे हालात में लोग पेड़ पर मोबाइल लटका देते हैं। जब घंटी बजती है, तो वे किसी कुर्सी या स्टूल पर खड़े होकर लटके हुए मोबाइल पर बात करते हैं।
विज्ञापन
लोगों का कहना है कि नेटवर्क की समस्या के बारे में कई बार सरकारी टेलीकॉम कंपनी बीएसएनएल के अधिकारियों को भी अवगत करा दिया, लेकिन कुछ नहीं हुआ। उधर, ऐसा ही मामला अलवर जिले में भी देखने को मिलेगा।
यहां बाला किला वन क्षेत्र में यदि व्यक्ति करणी माता दर्शन को जाए तो वहां किसी मोबाइल के जरिये आपकी बात नहीं हो पाएगी। ऐसे ही प्रदेश के कई वन क्षेत्र इलाकों में भी नेटवर्क समस्या है।