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यहां डरना मना है! प्रदेश में खुलेगा पहला चाइल्ड फ्रेंडली थाना
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर
Updated Thu, 20 Jul 2017 07:10 PM IST
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राज्य में अब जल्द ही एक चाइल्ड फ्रेंडली थाना भी होगा। यह थाना न केवल देखने में आम थानों से अलग होगा, बल्कि उसमें बच्चों से जुड़े विभिन्न सामाजिक कार्य भी प्राथमिकता के साथ किए जाएंगे।
दरअसल, राज्य बाल संरक्षण आयोग की अध्यक्ष मनन चतुर्वेदी ने धौलपुर के सदर थाने को चाइल्ड फ्रेंडली थाना बनाने की घोषणा की। जानकारी के मुताबिक इस थाने की बाल संरक्षण इकाई का प्रभारी रोजाना 3 घण्टे क्षेत्र के विद्यालयों में जाकर बच्चों को पॉक्सो एक्ट, बाल श्रम निषेध कानून, बाल विवाह के नुकसान समझाएगा। क्षेत्र में जो बच्चे शिक्षा से वंचित हैं, उन्हें विद्यालयों में प्रवेश दिलवाने में भी मदद करेगा। चाइल्ड सेल को गुलाबी रंग से पेन्ट किया जाएगा। साथ ही, इस कमरे में बच्चों के खिलौने होंगे और दीवारों को भी बच्चों की रूचि के हिसाब से चित्रित किया जाएगा।
इसी पुलिस थाने से राज्य में एक और नया प्रयोग शुरू होगा। थाने की बाल संरक्षण इकाई और महिला इकाई का एकीकरण होगा। इसी दौरान यहां आयोग अध्यक्ष ने सदर थाने की चाइल्ड हैल्प डेस्क का निरीक्षण किया और बच्चों से सम्बन्धित अपराध रजिस्टर भी देखा।
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दरअसल, राज्य बाल संरक्षण आयोग की अध्यक्ष मनन चतुर्वेदी ने धौलपुर के सदर थाने को चाइल्ड फ्रेंडली थाना बनाने की घोषणा की। जानकारी के मुताबिक इस थाने की बाल संरक्षण इकाई का प्रभारी रोजाना 3 घण्टे क्षेत्र के विद्यालयों में जाकर बच्चों को पॉक्सो एक्ट, बाल श्रम निषेध कानून, बाल विवाह के नुकसान समझाएगा। क्षेत्र में जो बच्चे शिक्षा से वंचित हैं, उन्हें विद्यालयों में प्रवेश दिलवाने में भी मदद करेगा। चाइल्ड सेल को गुलाबी रंग से पेन्ट किया जाएगा। साथ ही, इस कमरे में बच्चों के खिलौने होंगे और दीवारों को भी बच्चों की रूचि के हिसाब से चित्रित किया जाएगा।
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इसी पुलिस थाने से राज्य में एक और नया प्रयोग शुरू होगा। थाने की बाल संरक्षण इकाई और महिला इकाई का एकीकरण होगा। इसी दौरान यहां आयोग अध्यक्ष ने सदर थाने की चाइल्ड हैल्प डेस्क का निरीक्षण किया और बच्चों से सम्बन्धित अपराध रजिस्टर भी देखा।
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