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100 करोड़ का मालिक बना सन्यासी, 3 साल की मासूम के लिए रुकी मां
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर
Updated Sat, 23 Sep 2017 05:59 PM IST
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सुमित राठौड़ और अनामिका
- फोटो : Facebook
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तीन साल की बच्ची को छोड़ दीक्षा ग्रहण करने के मामले में समाज की समझाईश काम आई है। बच्ची के पिता सुमित सिंह राठौड़ ने आज दीक्षा ग्रहण कर ली है, वहीं बच्ची की मां अनामिका की दीक्षा फिलहाल स्थगित कर दी गई है।
माना जा रहा है कि बच्ची के आगामी जीवन को देखते हुए समाज व कानून के दबाव के चलते ऐसा किया गया है। गौरतलब है कि मध्यप्रदेश के नीमच जिले के निवासी सुमित सिंह राठौड़ और उसकी पत्नी अनामिका ने दीक्षा लेना तय किया था।
सौ करोड़ की सम्पत्ति के मालिक इस दम्पति की तीन साल की बच्ची भी है। खबर सामने आने के बाद जहां लोगों का कहना था कि इतनी छोटी बच्ची को छोड़कर दीक्षा ग्रहण करना सही नहीं है। वहीं मानवाधिकार आयोग के पास भी इसे लेकर शिकायतें पहुंची थीं।
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उसके बाद से ही समाज की ओर से भी समझाईश के प्रयास किए जा रहे हैं। जानकारी के मुताबिक फिलहाल अनामिका की दीक्षा स्थगित कर दी गई है।
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माना जा रहा है कि बच्ची के आगामी जीवन को देखते हुए समाज व कानून के दबाव के चलते ऐसा किया गया है। गौरतलब है कि मध्यप्रदेश के नीमच जिले के निवासी सुमित सिंह राठौड़ और उसकी पत्नी अनामिका ने दीक्षा लेना तय किया था।
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सौ करोड़ की सम्पत्ति के मालिक इस दम्पति की तीन साल की बच्ची भी है। खबर सामने आने के बाद जहां लोगों का कहना था कि इतनी छोटी बच्ची को छोड़कर दीक्षा ग्रहण करना सही नहीं है। वहीं मानवाधिकार आयोग के पास भी इसे लेकर शिकायतें पहुंची थीं।
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उसके बाद से ही समाज की ओर से भी समझाईश के प्रयास किए जा रहे हैं। जानकारी के मुताबिक फिलहाल अनामिका की दीक्षा स्थगित कर दी गई है।
इसलिए उठे थे दीक्षा पर सवाल
जैन साधु
- फोटो : demo pic
जानकारी के अनुसार 22 अगस्त को आचार्य के सामने सुमित राठौड़ ने दीक्षा लेने की घोषणा की थी। बाद में अनामिका ने भी पति के नक्शे कदम पर चलने का फैसला किया था। दंपति के इस फैसले से परिवार कुछ लोगों के साथ शहर में विरोध की प्रतिक्रिया आई थी। वॉट्सऐप और फेसबुक पर लगातार बेटी इभ्या को छोड़कर दीक्षा लेने के फैसले पर सवाल उठाए जा रहे थे।
सुमित की पत्नी अनामिका का पीहर चित्तौड़गढ़ में है। ससुर अशोक चंडालिया बीजेपी के नेता हैं। सुमित से उनकी शादी 4 साल पहले हुई। अनामिका आठवीं बोर्ड में जिले की पहली गोल्ड मेडलिस्ट रह चुकी हैं। सरकारी स्कूल में पढ़ते हुए राजस्थान बोर्ड की 10वीं क्लास में 18वीं और 12वीं में 28वीं रैंक हासिल की। इसके बाद मोदी इंजीनियरिंग कॉलेज लक्ष्मणगढ़ (सीकर) से बीई किया। हिंदुस्तान जिंक में भर्ती निकली। मेरिट में 23 हजार कैंडिडेट्स में अनामिका 17वें नंबर पर रहीं।
सुमित की पत्नी अनामिका का पीहर चित्तौड़गढ़ में है। ससुर अशोक चंडालिया बीजेपी के नेता हैं। सुमित से उनकी शादी 4 साल पहले हुई। अनामिका आठवीं बोर्ड में जिले की पहली गोल्ड मेडलिस्ट रह चुकी हैं। सरकारी स्कूल में पढ़ते हुए राजस्थान बोर्ड की 10वीं क्लास में 18वीं और 12वीं में 28वीं रैंक हासिल की। इसके बाद मोदी इंजीनियरिंग कॉलेज लक्ष्मणगढ़ (सीकर) से बीई किया। हिंदुस्तान जिंक में भर्ती निकली। मेरिट में 23 हजार कैंडिडेट्स में अनामिका 17वें नंबर पर रहीं।