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हाईकोर्ट ने जर्जर सरकारी स्कूलों को लेकर लिया संज्ञान
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर
Updated Tue, 18 Jul 2017 06:55 PM IST
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राजस्थान हाईकोर्ट
- फोटो : demo pic
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राजस्थान उच्च न्यायालय विधिक सेवा समिति के अध्यक्ष व न्यायाधिपति गोपालकृष्ण व्यास ने जर्जर सरकारी स्कूलों के भवनों को संज्ञान में लेकर तथ्यात्मक रिपोर्ट पेश करने के आदेश दिए हैं।
जस्टिस व्यास ने पीएलवी व पैनल अधिवक्ता नियुक्त कर तथ्यात्मक रिपोर्ट पेश करने के निर्देश दिए हैं। जोधपुर शहर की राजमहल स्कूल, सिवांची गेट स्कूल, फतेहपोल स्कूल, मंडी स्कूल व ह्यूसन मंडी स्कूल आदि राजकीय स्कूलें जर्जर हो चुकी हैं। इनकी सुध लेने वाला कोई नहीं है। इस कारण इन स्कूलों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों की जान पर हर समय खतरा मंडराता रहता है।
धीरज शर्मा उपसचिव राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण जोधपुर ने बताया कि जोधपुर शहर की इन प्राचीन धरोहरों की जर्जर अवस्था के तथ्य को जस्टिस एवं अध्यक्ष राजस्थान उच्च न्यायालय विधिक सेवा समिति गोपाल कृष्ण व्यास के संज्ञान में लाये जाने पर उन्होंने इसे गंभीरता से लेते हुए पीएलवी एवं पैनल अधिवक्ता नियुक्त कर इन स्कूलों की वास्तविक स्थिति की तथ्यात्मक रिपोर्ट से अवगत कराने के लिए निर्देशित किया।
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जस्टिस व्यास ने पीएलवी व पैनल अधिवक्ता नियुक्त कर तथ्यात्मक रिपोर्ट पेश करने के निर्देश दिए हैं। जोधपुर शहर की राजमहल स्कूल, सिवांची गेट स्कूल, फतेहपोल स्कूल, मंडी स्कूल व ह्यूसन मंडी स्कूल आदि राजकीय स्कूलें जर्जर हो चुकी हैं। इनकी सुध लेने वाला कोई नहीं है। इस कारण इन स्कूलों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों की जान पर हर समय खतरा मंडराता रहता है।
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धीरज शर्मा उपसचिव राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण जोधपुर ने बताया कि जोधपुर शहर की इन प्राचीन धरोहरों की जर्जर अवस्था के तथ्य को जस्टिस एवं अध्यक्ष राजस्थान उच्च न्यायालय विधिक सेवा समिति गोपाल कृष्ण व्यास के संज्ञान में लाये जाने पर उन्होंने इसे गंभीरता से लेते हुए पीएलवी एवं पैनल अधिवक्ता नियुक्त कर इन स्कूलों की वास्तविक स्थिति की तथ्यात्मक रिपोर्ट से अवगत कराने के लिए निर्देशित किया।
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