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मंत्री के निर्देश पर हुए निलंबन पर हाईकोर्ट ने लगाई रोक
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर
Updated Wed, 12 Jul 2017 07:19 PM IST
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राजस्थान हाईकोर्ट ने ग्रामीण विकास मंत्री के निर्देश पर नादोती पंचायत समिति के स्टोर कीपर को निलंबित करने के करौली जिला परिषद के सीईओ की ओर से जारी आदेश पर रोक लगा दी है। इसके साथ ही अदालत ने मंत्री राजेन्द्रसिंह राठौड़ सहित राज्य सरकार को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है।
न्यायाधीश वीएस सिराधना की एकलपीठ ने यह आदेश किन्तुराम मीणा की ओर से दायर याचिका पर प्रारंभिक सुनवाई करते हुए दिए। याचिका में अधिवक्ता विजय पाठक ने अदालत को बताया कि याचिकाकर्ता करौली की नादोती पंचायत समिति में स्टोर कीपर के पद पर तैनात था। वित्तीय अनियमितता के मामले में पंचायती राज आयुक्त ने जिला परिषद के सीईओ को पत्र लिखकर कहा कि विभाग के मंत्री ने याचिकाकर्ता को निलंबित करने के निर्देश दिए हैं। ऐसे में उसे निलंबित करने की कार्रवाई की जाए। जिसकी पालना में सीईओ ने गत तीस जून को याचिकाकर्ता को निलंबित कर दिया। याचिका में कहा गया कि उसके खिलाफ वित्तीय अनियमितता की झूठी शिकायत की गई है। सीईओ ने उच्चाधिकारियों के प्रभाव में आकर याचिकाकर्ता को निलंबित करने की कार्रवाई की है। ऐसे में निलंबित आदेश पर रोक लगाई जाए।
जिस पर सुनवाई करते हुए एकलपीठ ने निलंबन आदेश पर रोक लगाते हुए ग्रामीण विकास विभाग के मंत्री सहित अन्य को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है।
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न्यायाधीश वीएस सिराधना की एकलपीठ ने यह आदेश किन्तुराम मीणा की ओर से दायर याचिका पर प्रारंभिक सुनवाई करते हुए दिए। याचिका में अधिवक्ता विजय पाठक ने अदालत को बताया कि याचिकाकर्ता करौली की नादोती पंचायत समिति में स्टोर कीपर के पद पर तैनात था। वित्तीय अनियमितता के मामले में पंचायती राज आयुक्त ने जिला परिषद के सीईओ को पत्र लिखकर कहा कि विभाग के मंत्री ने याचिकाकर्ता को निलंबित करने के निर्देश दिए हैं। ऐसे में उसे निलंबित करने की कार्रवाई की जाए। जिसकी पालना में सीईओ ने गत तीस जून को याचिकाकर्ता को निलंबित कर दिया। याचिका में कहा गया कि उसके खिलाफ वित्तीय अनियमितता की झूठी शिकायत की गई है। सीईओ ने उच्चाधिकारियों के प्रभाव में आकर याचिकाकर्ता को निलंबित करने की कार्रवाई की है। ऐसे में निलंबित आदेश पर रोक लगाई जाए।
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जिस पर सुनवाई करते हुए एकलपीठ ने निलंबन आदेश पर रोक लगाते हुए ग्रामीण विकास विभाग के मंत्री सहित अन्य को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है।