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मौत की झील बनी अजमेर की आनासागर
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर
Updated Sat, 24 Jun 2017 07:29 PM IST
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मौत की झील बनी अजमेर की आनासागर झील
- फोटो : amar ujala
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अजमेर की आनासागर मौत की झील बनती जा रही है। यहां आने वाले सैलानियों की सुरक्षा के लिए अपर्याप्त इंतजाम है और जिसकी वजह से आए दिन हादसे हो रहे हैं।
इस झील पर शुक्रवार को एक युवती की मौत डूबने से हो गई थी। यह मां को बचाने के चक्कर में डूब गई थी। यह युवती परिवार के साथ जियारत पर आई थी। इससे पहले उर्स के दौरान भी एक जायरीन की यहां डूबने से मौत हो चुकी है। इससे पहले भी यहां कई लोग नहाते समय पैर फिसलने डूब गए।
अजमेर विकास प्राधिकरण की ओर से आनासागर चौपाटी का निर्माण करवाया जा रहा है। इसका निर्माण गति नहीं पकड़ पा रहा है। रामप्रसाद घाट पर पूर्व में सीढ़ियां और लोहे की जंजीरें थी। जिसकी वजह से यहां हादसे नहीं होते थे, लेकिन एडीए के काम के कारण यहां की सीढ़ियां तोड़ दी गई है। उसके बाद यहां सुरक्षा के इंतजाम नहीं किए गए। जिससे आए दिन हादसे हो रहे है। पुलिस, प्रशासन और प्राधिकरण तीनों इस मामले में लापरवाह नजर आ रहे है। खादिम एस.एफ हसन मोबिन चिश्ती ने इस लापरवाही पर खासा रोष जताया है। उन्होंने कहा कि प्रशासन जान बूझकर आंखे मूंदे बैठा है। उन्होंने झील पर गोताखोर तैनात करने सहित सुरक्षा के साधन भी उपलब्ध करवाने की प्रशासन से मांग की है।
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इस झील पर शुक्रवार को एक युवती की मौत डूबने से हो गई थी। यह मां को बचाने के चक्कर में डूब गई थी। यह युवती परिवार के साथ जियारत पर आई थी। इससे पहले उर्स के दौरान भी एक जायरीन की यहां डूबने से मौत हो चुकी है। इससे पहले भी यहां कई लोग नहाते समय पैर फिसलने डूब गए।
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अजमेर विकास प्राधिकरण की ओर से आनासागर चौपाटी का निर्माण करवाया जा रहा है। इसका निर्माण गति नहीं पकड़ पा रहा है। रामप्रसाद घाट पर पूर्व में सीढ़ियां और लोहे की जंजीरें थी। जिसकी वजह से यहां हादसे नहीं होते थे, लेकिन एडीए के काम के कारण यहां की सीढ़ियां तोड़ दी गई है। उसके बाद यहां सुरक्षा के इंतजाम नहीं किए गए। जिससे आए दिन हादसे हो रहे है। पुलिस, प्रशासन और प्राधिकरण तीनों इस मामले में लापरवाह नजर आ रहे है। खादिम एस.एफ हसन मोबिन चिश्ती ने इस लापरवाही पर खासा रोष जताया है। उन्होंने कहा कि प्रशासन जान बूझकर आंखे मूंदे बैठा है। उन्होंने झील पर गोताखोर तैनात करने सहित सुरक्षा के साधन भी उपलब्ध करवाने की प्रशासन से मांग की है।
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