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Una News: सरकारी भुगतान अटका, आर्थिक संकट में छोटे ठेकेदार
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31 मार्च तक समाधान न हुआ तो होगा विरोध
संवाद न्यूज एजेंसी
घनारी (ऊना)। लोक निर्माण विभाग और जल शक्ति विभाग के तहत कार्य करने वाले छोटे ठेकेदारों को पिछले कई महीनों से किए गए कार्यों का भुगतान नहीं मिला है। इससे वे गंभीर आर्थिक संकट का सामना कर रहे हैं। ठेकेदारों के साथ-साथ उनके मजदूरों के परिवार भी इस संकट से जूझ रहे हैं। राजेश कुमार, यशपाल सिंह, सचिन ठाकुर, अश्विनी कुमार, सुशील कुमार, संदीप शर्मा, गोपी ठाकुर, अशोक पाराशर, गौरव, सौरव जरियाल, तरलोक चंद और संजीव कुमार सहित कई छोटे ठेकेदारों का कहना है कि विभागों की ओर से आवंटित कार्यों को आर्थिक तंगी के कारण पूरा कर पाना अब संभव नहीं हो रहा। इससे न केवल उनके परिवारों पर असर पड़ा है, बल्कि प्रदेश का विकास भी ठप पड़ गया है। अब ये ठेकेदार 31 मार्च को होने वाली फाइनेंशियल क्लोजिंग की उम्मीद में बैठे हैं, ताकि सरकार उनकी भुगतान राशि जारी करे। हालांकि, यदि इस तिथि तक भी उन्हें भुगतान नहीं किया गया तो वे सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे। इन ठेकेदारों ने प्रशासन और सरकार से जल्द उनके बकाया भुगतान को जारी करने की मांग की है, ताकि वे अपने परिवारों की आर्थिक स्थिति सुधार सकें और रुके हुए विकास कार्यों को शुरू कर सकें।
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संवाद न्यूज एजेंसी
घनारी (ऊना)। लोक निर्माण विभाग और जल शक्ति विभाग के तहत कार्य करने वाले छोटे ठेकेदारों को पिछले कई महीनों से किए गए कार्यों का भुगतान नहीं मिला है। इससे वे गंभीर आर्थिक संकट का सामना कर रहे हैं। ठेकेदारों के साथ-साथ उनके मजदूरों के परिवार भी इस संकट से जूझ रहे हैं। राजेश कुमार, यशपाल सिंह, सचिन ठाकुर, अश्विनी कुमार, सुशील कुमार, संदीप शर्मा, गोपी ठाकुर, अशोक पाराशर, गौरव, सौरव जरियाल, तरलोक चंद और संजीव कुमार सहित कई छोटे ठेकेदारों का कहना है कि विभागों की ओर से आवंटित कार्यों को आर्थिक तंगी के कारण पूरा कर पाना अब संभव नहीं हो रहा। इससे न केवल उनके परिवारों पर असर पड़ा है, बल्कि प्रदेश का विकास भी ठप पड़ गया है। अब ये ठेकेदार 31 मार्च को होने वाली फाइनेंशियल क्लोजिंग की उम्मीद में बैठे हैं, ताकि सरकार उनकी भुगतान राशि जारी करे। हालांकि, यदि इस तिथि तक भी उन्हें भुगतान नहीं किया गया तो वे सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे। इन ठेकेदारों ने प्रशासन और सरकार से जल्द उनके बकाया भुगतान को जारी करने की मांग की है, ताकि वे अपने परिवारों की आर्थिक स्थिति सुधार सकें और रुके हुए विकास कार्यों को शुरू कर सकें।