{"_id":"69fb7f30c4fb7d09e602a025","slug":"even-after-seven-days-the-charge-sheet-has-not-been-prepared-in-the-case-of-the-suspended-je-una-news-c-93-1-una1025-190758-2026-05-06","type":"story","status":"publish","title_hn":"Una News: सस्पेंड जेई के मामले में सात दिन बाद भी चार्जशीट नहीं हुई तैयार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Una News: सस्पेंड जेई के मामले में सात दिन बाद भी चार्जशीट नहीं हुई तैयार
Thu, 07 May 2026 06:18 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊना
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊना
Updated Thu, 07 May 2026 06:18 AM IST
विज्ञापन
ऊना। जल शक्ति विभाग ऊना के सस्पेंड चल रहे जेई के मामले को लेकर आलाधिकारी सुस्त रवैये अपनाए हुए हैं। सात दिन से अधिक समय बीत जाने के बाद भी सस्पेंड जेई के खिलाफ चार्जशीट तैयार नहीं हो पाई है। जब इसे लेकर अधिकारियों से बात की गई तो उनका कहना है कि चार्जशीट तैयार करने के लिए 90 दिनों का समय होता है। ऐसे में लोगों ने जल शक्ति विभाग की कार्यप्रणाली को लेकर सवाल खड़े करने शुरू कर दिए हैं। लोगों में कयास लगाए जा रहे हैं कि सस्पेंड जेई को बचाने के प्रयास तो नहीं किए जा रहे हैं। हैरानी की बात है कि उपमुख्यमंत्री के सीधे हस्तक्षेप के बाद भी इस मामले को लेकर जल शक्ति विभाग ऊना ढुलमुल रवैया अपनाए हुए है।
विभाग के सूत्रों के अनुसार सस्पेंड जेई मामले को लेकर बड़े अधिकारियों को उनके आलाधिकारी के फोन भी आ रहे हैं, जिसमें सस्पेंड जेई मामले में हाथ हल्का रखने की बात कही जा रही है। ऐसे में चार्जशीट तैयार करने में हो रही देरी सवालों को घेरे में आ गई।
बता दें कि जल जीवन मिशन से जुड़े बीआरसी को वेतन देनेे के लिए विभाग ने 21 अप्रैल को 8.40 लाख रुपये जिला जल एवं स्वच्छता मिशन (डीडब्ल्यूएसएम) ऊना के खाते में जमा करवाए थे। इसके अनुसार बीआरसी को 22 अप्रैल को भुगतान किया जाना था लेकिन इसमें देरी की गई और गाज जेई पर गिरी। सस्पेंड जेई इसके बाद मेडिकल लीव पर चला गया। इसके बावजूद वह सस्पेंड जेई के अपने कार्यालय में पहुंच गया। जिस पर उसके कार्यालय में ताला लगा दिया। इस मामले को भी चार्जशीट में जोड़ने की बात कही गई।
विज्ञापन
जलशक्ति विभाग के अधीक्षण अभियंता नरेश धीमान का कहना है कि चार्जशीट तकरीबन तैयार है। जल्द ही कार्यवाही अमल में लाई जाएगी।
विज्ञापन
विभाग के सूत्रों के अनुसार सस्पेंड जेई मामले को लेकर बड़े अधिकारियों को उनके आलाधिकारी के फोन भी आ रहे हैं, जिसमें सस्पेंड जेई मामले में हाथ हल्का रखने की बात कही जा रही है। ऐसे में चार्जशीट तैयार करने में हो रही देरी सवालों को घेरे में आ गई।
विज्ञापन
बता दें कि जल जीवन मिशन से जुड़े बीआरसी को वेतन देनेे के लिए विभाग ने 21 अप्रैल को 8.40 लाख रुपये जिला जल एवं स्वच्छता मिशन (डीडब्ल्यूएसएम) ऊना के खाते में जमा करवाए थे। इसके अनुसार बीआरसी को 22 अप्रैल को भुगतान किया जाना था लेकिन इसमें देरी की गई और गाज जेई पर गिरी। सस्पेंड जेई इसके बाद मेडिकल लीव पर चला गया। इसके बावजूद वह सस्पेंड जेई के अपने कार्यालय में पहुंच गया। जिस पर उसके कार्यालय में ताला लगा दिया। इस मामले को भी चार्जशीट में जोड़ने की बात कही गई।
विज्ञापन
जलशक्ति विभाग के अधीक्षण अभियंता नरेश धीमान का कहना है कि चार्जशीट तकरीबन तैयार है। जल्द ही कार्यवाही अमल में लाई जाएगी।