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Una News: कयाकिंग और कैनोइंग खेल के लिए प्रदेश में स्थायी कोच की नियुक्ति की मांग
Tue, 01 Sep 2026 12:07 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊना
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊना
Updated Tue, 01 Sep 2026 12:07 AM IST
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बंगाणा (ऊना)। प्रदेश में कयाकिंग और कैनोइंग खेल के लिए एक स्थायी कोच की मांग उठाई है। जिला ऊना सहित प्रदेश के अन्य खिलाड़ियों ने राज्य सरकार से मांग की है कि प्रदेश में कयाकिंग एवं कैनोइंग खेल को बढ़ावा देने और खिलाड़ियों का भविष्य संवारने के लिए एक स्थायी कोच की नियुक्ति की जाए। जिला ऊना से कयाकिंग और कैनोइंग खिलाड़ी मानसी राणा, मुस्कान, अनमोल, नवीन और प्रदेश के अन्य खिलाड़ियों में तन्वी, अंजलि, दीक्षा ठाकुर, नैंसी ठाकुर सहित अन्य का कहना है कि प्रदेश जल संसाधनों से भरपूर राज्य है। पौंग बांध, गोबिंद सागर, कोलडैम और अन्य जलाशय अंतरराष्ट्रीय स्तर के कयाकिंग एवं कैनोइंग खेल के लिए उपयुक्त हैं, फिर भी यह खेल प्रदेश में उपेक्षित है। उन्होंने कहा कि कयाकिंग और कैनोइंग और अन्य जल क्रीड़ा से प्रदेश में लगभग 200 से 250 खिलाड़ी जुड़े हुए हैं लेकिन हैरानी की बात यह है कि किसी भी जिले में इस खेल का नियुक्त कोच नहीं है। न खेल विभाग में कोच हैं और न ही प्रदेश विश्वविद्यालय जैसे संस्थानों में प्रशिक्षण की कोई व्यवस्था है। नियमित कोच की कमी के कारण खिलाड़ियों का भविष्य अंधकार में है। उन्होंने कहा कि बिना प्रशिक्षित मार्गदर्शन के खिलाड़ियों से बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद करना खोखला दावा है। कयाकिंग एवं कैनोइंग तकनीकी और जोखिमपूर्ण खेल हैं। कोच के अभाव में प्रदेश कयाकिंग और कैनोइंग खिलाड़ी न तो अपनी क्षमता निखार पाते हैं और न ही अंतरराष्ट्रीय स्तर तक पहुंच पाते हैं। उन्होंने कहा कि बिलासपुर, कांगड़ा और चंबा में राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताएं हुई हैं लेकिन केवल आयोजन से खेल का विकास नहीं होता। खेल में बेहतर प्रदर्शन के लिए स्थायी कोच और नियमित प्रशिक्षण आवश्यक हैं। उन्होंने कहा कि 2030 के राष्ट्रीय खेल और 2036 के ओलंपिक को देखते हुए अब समय आ गया है कि प्रदेश सरकार जल खेल को गंभीरता से ले।
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