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चार साल में पीजीआई सैटेलाइट सेंटर की बनी सिर्फ चहारदीवारी
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ऊना। जिला मुख्यालय के साथ लगते मलाहत में पीजीआई सैटेलाइट सेंटर की चार साल में सिर्फ चहारदीवारी ही बन पाई है। मई 2019 में करीब 450 करोड़ की लागत से आधुनिक पीजीआई सैटेलाइट सेंटर बनाने के लिए मलाहत में शिलान्यास किया गया था। सबसे बड़ी सौगात कहे जाना वाला पीजीआई सैटेलाइट सेंटर एक चिकित्सक के सहारे क्षेत्रीय अस्पताल की तीसरी मंजिल पर पांच कमरों में चल रहा है। सेंटर के शिलान्यास के चार साल बाद भी जनता को पीजीआई चंडीगढ़ जाना पड़ रहा है।
पीजीआई सैटेलाइट सेंटर को पहले जल शक्ति विभाग के विश्रामगृह में चलाया जा रहा था। इसके बाद इसे क्षेत्रीय अस्पताल की तीसरी मंजिल पर शिफ्ट कर दिया गया। वर्तमान में पीजीआई सैटेलाइट सेंटर में एक भी विशेषज्ञ चिकित्सक की तैनाती नहीं हो पाई है।
पीजीआई सैटेलाइट सेंटर ऊना के प्रभारी डॉ. अनमोल मोहित ने कहा कि चहारदीवारी का काम पूरा हो गया है। वर्तमान में भूमि को समतल करने का कार्य चल रहा है। पीजीआई चंडीगढ़ की तरफ से संबंधित ठेकेदारों और अधिकारियों को समय-समय पर निर्देश जारी किए जाते हैं।
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चहारदीवारी के टेंडर को लगा 10 माह का समय
पीजीआई सैटेलाइट सेंटर के निर्माण कार्य में हो रही देरी को लेकर केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर भी अधिकारियों को लताड़ लगा चुके हैं। चहारदीवारी लगाने के लिए टेंडर के लिए ही 10 माह का समय लग गया। वर्तमान में चहारदीवारी तो बन गइ है, लेकिन भवन का निर्माण कब तक शुरू हो पाएगा यह कहना मुश्किल है।
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पीजीआई सैटेलाइट सेंटर को पहले जल शक्ति विभाग के विश्रामगृह में चलाया जा रहा था। इसके बाद इसे क्षेत्रीय अस्पताल की तीसरी मंजिल पर शिफ्ट कर दिया गया। वर्तमान में पीजीआई सैटेलाइट सेंटर में एक भी विशेषज्ञ चिकित्सक की तैनाती नहीं हो पाई है।
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पीजीआई सैटेलाइट सेंटर ऊना के प्रभारी डॉ. अनमोल मोहित ने कहा कि चहारदीवारी का काम पूरा हो गया है। वर्तमान में भूमि को समतल करने का कार्य चल रहा है। पीजीआई चंडीगढ़ की तरफ से संबंधित ठेकेदारों और अधिकारियों को समय-समय पर निर्देश जारी किए जाते हैं।
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चहारदीवारी के टेंडर को लगा 10 माह का समय
पीजीआई सैटेलाइट सेंटर के निर्माण कार्य में हो रही देरी को लेकर केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर भी अधिकारियों को लताड़ लगा चुके हैं। चहारदीवारी लगाने के लिए टेंडर के लिए ही 10 माह का समय लग गया। वर्तमान में चहारदीवारी तो बन गइ है, लेकिन भवन का निर्माण कब तक शुरू हो पाएगा यह कहना मुश्किल है।

ऊना के मलाहत में निर्माणाधीन पीजीआई सैटेलाइट सेंटर की चहारदीवारी। संवाद- फोटो : Una