फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Una News ›   सता संग्राम-जनता का मुद्दा

नगर पंचायत गगरेट, दौलतपुर चौक में जाम

Fri, 13 Oct 2017 05:45 PM IST
Updated Fri, 13 Oct 2017 05:45 PM IST
विज्ञापन
सता संग्राम-जनता का मुद्दा
जाम - फोटो : demo pics
विवेक शर्मा
विज्ञापन

गगरेट (ऊना)। विस क्षेत्र गगरेट के अंतर्गत नगर पंचायत गगरेट, दौलतपुर चौक में आम लोगों से टैक्स तो वसूला जाता है लेकिन सुविधाओं के नाम पर टोटा है। दोनों नगर पंचायतों में जाम की समस्या विकराल रूप धारण कर चुकी है परंतु जनता की पुरजोर मांग होने के बावजूद बाईपास के निर्माण को लेकर कोई योजना नहीं बनाई गई। हालांकि गगरेट विस में विकास की गंगा बहने के दावे किए जाते रहे हैं। नपं गगरेट प्रदेश का प्रवेश द्वार है, जहां स्थानीय जनता के अतिरिक्त हिमाचल के विभिन्न पर्यटक स्थलों मां चिंतपूर्णी जी, बाबा बालकनाथ जी, शिववाड़ी एवं बाबा बड़भाग सिंह मैड़ी, ज्वाला जी, कांगड़ा एवं धर्मशाला के लिए इसी शहर से गुजर कर हजारों लोग प्रतिदिन जाते हैं। जाम के कारण हर दिन लोगों को तकलीफ होती है। इसके अतिरिक्त शहर में अस्पताल और विभिन्न शॉपिंग सेंटर के अलावा उद्योग होने की वजह से भी सैकड़ों लोगों का जमावड़ा लगा रहता है। शहरों में न तो अतिक्रमण हटाया जा रहा है और न ही बाई पास बनाने की पहल हो रही है। ऐसा ही हाल नपं दौलतपुर चौक का है जो 20-25 गांवों का मुख्य व्यावसायिक केंद्र है जहां 5000 की स्थानीय जनसंख्या के अलावा 5 से सात हजार लोग अपनी जरूरतों को पूरा करने आते हैं। इस शहर में एक कॉलेज जिसमे 2000 विद्यार्थी शिक्षा ग्रहण कर रहे है के अतिरिक्त एक सरकारी वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला, दो निजी स्कूल, एक एफआरयू अस्पताल के अतिरिक्त पांच बैंक, एक वेटर्नरी हॉस्पिटल है, जहां सैकड़ों की संख्या में विद्यार्थी एवं लोग आते हैं। रुक-रुक कर शहर में लगने वाला जाम लोगों के लिए जी का जंजाल बन चुका है परंतु इससे निजात दिलाने के लिए प्रशासन गंभीर नहीं दिखता।

चौक के साथ संपर्क मार्गों में भी समस्या विकराल
आलम यह है कि ट्रैफिक व्यवस्था पूरी तरह से चरमरा चुकी है और लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है बाजार में एक-दो गाड़ी जैसे ही किसी दुकान के आगे खड़ी होती हैं। वैसे ही जाम लग जाता है और हॉर्न का प्रयोग शुरू हो जाता है, जिससे बच्चे एवं बुजुर्ग सहम से जाते हैं। इसके अतिरिक्त जाम में फंसे लोग अकसर अपने गंतव्य स्थल पर देरी से पहुंचते हैं। सबसे बदतर हालात दौलतपुर मुख्य चौक पर हैं। इसके अतिरिक्त तलवाड़ा रोड, भद्रकाली रोड, पिरथीपुर रोड, डोलवाह रोड और मुबारिकपुर रोड और बस स्टैंड के पास हर रोज वाहनों से पूरी तरह जाम लग जाता है। जिससे जिंदगी थम सी जाती है। गौरतलब है कि नपं दौलतपुर चौक में बस अड्डे पर नगर पंचायत की पार्किंग है। एक किलो मीटर के दायरे में बाजार में पार्किंग की व्यवस्था नहीं है।
विज्ञापन


दौलतपुर में 5 बैंक, पार्किंग एक भी नहीं
दौलतपुर बाजार में 5 बैंक हैं, लेकिन किसी भी बैंक के बाहर पार्किंग की व्यवस्था नहीं है जिससे एक गाड़ी पार्क होते ही जाम लग जाता है। इसके अतिरिक्त जाम की मुख्य वजह शहर दिन प्रतिदिन बढ़ता अतिक्रमण है जिससे दौलतपुर बाजार की सड़क तंग गली का रूप धारण कर चुकी है। बाजार में जरूरत से ज्यादा रेहड़ी वालों का जमावड़ा भी जाम को बढ़ावा दे रहा है। स्थानीय लोगो ने मांग की है कि ऊना मुख्यालय की तर्ज पर रेहड़ी वालों के लिए अलग से मार्केट चिन्हित की जाए। बाजार में खाली जगह पर पार्किंग की व्यवस्था की जाए और अतिक्रमण को बिना भेदभाव हटाया जाए।
विज्ञापन
विज्ञापन


कांग्रेस ने बनाया जनता को मूर्ख : सुशील
गगरेट विस क्षेत्र से भाजपा नेता सुशील कालिया ने कहा कि कांग्रेस ने साढ़े चार वर्षों तक जनता को मूर्ख बनाया और सुविधाओं के नाम पर ठेंगा ही दिखाया है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार के सत्ता में आते ही प्राथमिकता के आधार पर दौलतपुर चौक एवं गगरेट में बाईपास बनवाकर जनता को जाम से मुक्ति दिलाई जाएगी।


सत्ता में लौटते ही इस पर काम : विधायक
स्थानीय विधायक राकेश कालिया का कहना है कि गगरेट में कांग्रेस के कार्यकाल में थोक में विकास हुआ है। दोनों नगर पंचायत के कस्बों में जाम की समस्या को लेकर सरकार गंभीर है। इस पर योजना बनाई जा रही है। कांग्रेस सत्ता में लौटते ही इस पर काम करेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed