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Solan News: हरियाणा - कैथल और चीका के ध्यानाथ चिट्टे के तीन आरोपियों समेत दो पंजाब, कुल्लू के फाइनेंसर गिरफ्तार
Fri, 29 Dec 2023 11:37 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सोलन
संवाद न्यूज एजेंसी, सोलन
Updated Fri, 29 Dec 2023 11:37 PM IST
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शिमला के रामपुर, कुल्लू, निर्मंड में करते थे चिट्टा सप्लाई
बैंक खाता भी खंगला, 4.5 करोड़ की कर चुके है कमाई
1500 से अधिक युवाओं की भी मिली कॉंटेक्ट डिटेल
संवाद न्यूज एजेंसी
सोलन। पुलिस ने चिट्टे के मामले में बड़ी कामयाबी हासिल की है। जिसमें चिट्टे के मुख्य सप्लायरों समेत फाइनेंसरों को भी गिरफ्तार किया है। जिनके बैंक खातों से लाखों रुपये का ट्रांजेक्शन हुआ है। जिसमें अभी तक आरोपी चिट्टे से 4.5 करोड़ रुपये कमा चुके हैं। यह चिट्टे की सप्लाई शिमला, कुल्लू और अन्य क्षेत्रों में कर रहे थे। पुलिस ने कुल्लू और पंजाब के सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। जिसमें पंजाब के मुख्य फाइनेंसर को बाहरी राज्यों की पुलिस के साथ संयुक्त ऑप्रेशन के तहत गिरफ्तार कर सोलन लेकर आया गया है। जिसका खुलासा शुक्रवार को एसपी सोलन गौरव सिंह ने प्रेस वार्ता के दौरान किया है।
उन्होंने बताया कि पुलिस ने 17 दिसंबर को दो आरोपी जो काफी समय से बाहरी राज्य से चिट्टा खरीद कर शिमला के रामपुर और कुल्लू के निर्मंड, बरा आदि क्षेत्र में एरिया में नौजवानों को बेचने में लगे हुए थे। इसमें 24 वर्षीय सुनील कुमार और 22 वर्षीय संदीप ठाकुर उर्फ बन्नी दोनों निरमंड जिला कुल्लू निवासी को गिरफ्तार किया। दोनों आरोपी को पुलिस हिरासत में लेकर जांच में एक बड़े नेटवर्क का खुलासा किया है। जिस पर इस मामले में एसआईटी गठित करके जांच की गई। जिसमें पता चला कि आरोपी संदीप पिछले 4 सालों से चिट्टा तस्करी में संलिप्त है। पूछताछ और बैंक खाता से पता चला कि पिछले कुछ सालों में ही यह 3 किलो से ज्यादा चिट्टा तस्करी इस क्षेत्र में कर चुके हैं। जिससे 60 लाख से ज्यादा का व्यापार कर चुका है। यह एक अन्य 28 वर्षीय आरोपी संजय ठाकुर निवासी निरमंड के साथ मिलकर तस्करों से पैसों का लेन देन करके चिट्टा की खरीद फरोख्त करता है। जिसमें आरोपी संजय को भी गिरफ्तार किया गया।
जिसके बैंक खाते को खंगाला तो पाया कि एक महीने में ही बाहरी राज्य के तस्करों के नेटवर्क को 2.5 लाख से ज्यादा रुपए देकर 4 बार चिट्टा की खेप खऱीदी है। इसके अलावा नकद भुगतान करके भी चिट्टा की खरीद की गई है। इन आरोपियों द्वारा मुख्यतया इस नेटवर्क के फाइनेंसियल मैनेजर 46 वर्षीय आरोपी जितेंदर कुमार निवासी जिला कैथल हरियाणा और विक्रम भौरिया निवासी जिला कैथल हरियाणा के साथ लाखों रुपये का लेन देन किया गया है। विक्रम ने पिछले सिर्फ तीन महीनों में ही 32 लाख रुपये से ज़्यादा की बैंक ट्रांजेक्शन करके चिट्टा तस्करी को अंजाम दिया है। पुलिस ने आरोपी जितेंदर को चीका हरियाणा और आरोपी विक्रम को कैथल हरियाणा से गिरफ्तार किया है।
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इन दोनों आरोपियों को रिमांड पर लेकर इस नेटवर्क के मुख्य सरगना आरोपी प्रदीप नरवाल जोकि हरियाणा, पंजाब, हिमाचल और दिल्ली का एक बहुत बड़ा नशा तस्कर है जो पिछले सात सालों से नशा तस्करी कर रहा है, जितेंदर और विक्रम की गिरफ्तारी के बाद से ही वह अंडरग्राउंड हो गया था और विदेश भागने के लिए इसने फ्रॉड तरीके से 3 जगहों से पासपोर्ट बनवाने की कोशिश भी की। इसको गिरफ्तार करने के लिए एसआईटी ने हरियाणा, दिल्ली और उत्तर प्रदेश में कई इलाकों में दबिश दी। जिसमें उसे उत्तर प्रदेश के शामली जिले में लोकेट किया गया और शामली जिला पुलिस के साथ एसआईटी ने संयुक्त अभियान चलाकर सरगऩा आरोपी प्रदीप नरवाल पुत्र लक्ष्मण निवासी जि़ला कैथल, हरियाणा गिरफ्तार कर लिया और इसे 5 दिन की रिमांड पर लिया गया है। इन्होंने इस साल में ही सिर्फ 4 बैंक खातों के माध्यम से ही नशा तस्करी करके 4.5 करोड़ से ज्यादा की राशि अर्जित की है। इसके बैंक एकाउंट्स में लाखों रुपये की बड़ी ट्रांजेक्शन है। इस नेटवर्क में संलिप्त आरोपियों से जुड़े हिमाचल प्रदेश के युवाओं के कनेक्शन को स्टडी किया गया जिसमें पाया गया कि ये आरोपी हजारों हिमाचली युवाओं को चिट्टा बेचते हैं। सिर्फ आरोपी प्रदीप के संपर्क में ही 1500 से ज्यादा हिमाचली युवाओं की पहचान की जा चुकी है। मामले की जांच जारी है।
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बैंक खाता भी खंगला, 4.5 करोड़ की कर चुके है कमाई
1500 से अधिक युवाओं की भी मिली कॉंटेक्ट डिटेल
संवाद न्यूज एजेंसी
सोलन। पुलिस ने चिट्टे के मामले में बड़ी कामयाबी हासिल की है। जिसमें चिट्टे के मुख्य सप्लायरों समेत फाइनेंसरों को भी गिरफ्तार किया है। जिनके बैंक खातों से लाखों रुपये का ट्रांजेक्शन हुआ है। जिसमें अभी तक आरोपी चिट्टे से 4.5 करोड़ रुपये कमा चुके हैं। यह चिट्टे की सप्लाई शिमला, कुल्लू और अन्य क्षेत्रों में कर रहे थे। पुलिस ने कुल्लू और पंजाब के सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। जिसमें पंजाब के मुख्य फाइनेंसर को बाहरी राज्यों की पुलिस के साथ संयुक्त ऑप्रेशन के तहत गिरफ्तार कर सोलन लेकर आया गया है। जिसका खुलासा शुक्रवार को एसपी सोलन गौरव सिंह ने प्रेस वार्ता के दौरान किया है।
उन्होंने बताया कि पुलिस ने 17 दिसंबर को दो आरोपी जो काफी समय से बाहरी राज्य से चिट्टा खरीद कर शिमला के रामपुर और कुल्लू के निर्मंड, बरा आदि क्षेत्र में एरिया में नौजवानों को बेचने में लगे हुए थे। इसमें 24 वर्षीय सुनील कुमार और 22 वर्षीय संदीप ठाकुर उर्फ बन्नी दोनों निरमंड जिला कुल्लू निवासी को गिरफ्तार किया। दोनों आरोपी को पुलिस हिरासत में लेकर जांच में एक बड़े नेटवर्क का खुलासा किया है। जिस पर इस मामले में एसआईटी गठित करके जांच की गई। जिसमें पता चला कि आरोपी संदीप पिछले 4 सालों से चिट्टा तस्करी में संलिप्त है। पूछताछ और बैंक खाता से पता चला कि पिछले कुछ सालों में ही यह 3 किलो से ज्यादा चिट्टा तस्करी इस क्षेत्र में कर चुके हैं। जिससे 60 लाख से ज्यादा का व्यापार कर चुका है। यह एक अन्य 28 वर्षीय आरोपी संजय ठाकुर निवासी निरमंड के साथ मिलकर तस्करों से पैसों का लेन देन करके चिट्टा की खरीद फरोख्त करता है। जिसमें आरोपी संजय को भी गिरफ्तार किया गया।
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जिसके बैंक खाते को खंगाला तो पाया कि एक महीने में ही बाहरी राज्य के तस्करों के नेटवर्क को 2.5 लाख से ज्यादा रुपए देकर 4 बार चिट्टा की खेप खऱीदी है। इसके अलावा नकद भुगतान करके भी चिट्टा की खरीद की गई है। इन आरोपियों द्वारा मुख्यतया इस नेटवर्क के फाइनेंसियल मैनेजर 46 वर्षीय आरोपी जितेंदर कुमार निवासी जिला कैथल हरियाणा और विक्रम भौरिया निवासी जिला कैथल हरियाणा के साथ लाखों रुपये का लेन देन किया गया है। विक्रम ने पिछले सिर्फ तीन महीनों में ही 32 लाख रुपये से ज़्यादा की बैंक ट्रांजेक्शन करके चिट्टा तस्करी को अंजाम दिया है। पुलिस ने आरोपी जितेंदर को चीका हरियाणा और आरोपी विक्रम को कैथल हरियाणा से गिरफ्तार किया है।
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इन दोनों आरोपियों को रिमांड पर लेकर इस नेटवर्क के मुख्य सरगना आरोपी प्रदीप नरवाल जोकि हरियाणा, पंजाब, हिमाचल और दिल्ली का एक बहुत बड़ा नशा तस्कर है जो पिछले सात सालों से नशा तस्करी कर रहा है, जितेंदर और विक्रम की गिरफ्तारी के बाद से ही वह अंडरग्राउंड हो गया था और विदेश भागने के लिए इसने फ्रॉड तरीके से 3 जगहों से पासपोर्ट बनवाने की कोशिश भी की। इसको गिरफ्तार करने के लिए एसआईटी ने हरियाणा, दिल्ली और उत्तर प्रदेश में कई इलाकों में दबिश दी। जिसमें उसे उत्तर प्रदेश के शामली जिले में लोकेट किया गया और शामली जिला पुलिस के साथ एसआईटी ने संयुक्त अभियान चलाकर सरगऩा आरोपी प्रदीप नरवाल पुत्र लक्ष्मण निवासी जि़ला कैथल, हरियाणा गिरफ्तार कर लिया और इसे 5 दिन की रिमांड पर लिया गया है। इन्होंने इस साल में ही सिर्फ 4 बैंक खातों के माध्यम से ही नशा तस्करी करके 4.5 करोड़ से ज्यादा की राशि अर्जित की है। इसके बैंक एकाउंट्स में लाखों रुपये की बड़ी ट्रांजेक्शन है। इस नेटवर्क में संलिप्त आरोपियों से जुड़े हिमाचल प्रदेश के युवाओं के कनेक्शन को स्टडी किया गया जिसमें पाया गया कि ये आरोपी हजारों हिमाचली युवाओं को चिट्टा बेचते हैं। सिर्फ आरोपी प्रदीप के संपर्क में ही 1500 से ज्यादा हिमाचली युवाओं की पहचान की जा चुकी है। मामले की जांच जारी है।