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Solan News: सोलन में आधार अपडेट न होने से 8,600 विद्यार्थियों की नहीं बन सकी अपार आईडी

Thu, 01 Oct 2026 11:55 PM IST
Shimla Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Thu, 01 Oct 2026 11:55 PM IST
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यू डाइस प्लस पोर्टल पर ऑनलाइन अपलोड होना था रिकॉर्ड, छात्रवृत्ति अटकी
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अब विद्यार्थियों की पहचान प्रक्रिया न होने से फंसा यह मामला
डीबीटी प्रक्रिया में परेशानी, आधार अपडेट कराने की अपील

संवाद न्यूज एजेंसी
सोलन। जिला के विभिन्न सरकारी और निजी स्कूलों में पढ़ रहे हजारों विद्यार्थियों के भविष्य और उनकी छात्रवृत्ति पर अनिश्चितता के बादल मंडराने लगे हैं। जिले में आधार कार्ड अपडेट और दर्ज न होने से करीब 8,600 विद्यार्थियों की अपार आईडी नहीं बन पाई है। यूडाइस प्लस पोर्टल पर ऑनलाइन रिकॉर्ड दर्ज न होने से विद्यार्थियों की डिजिटल पहचान नहीं हो पा रही है। इससे उन्हें मिलने वाली छात्रवृत्ति और प्रत्यक्ष लाभ अंतरण की प्रक्रिया बीच में ही अटक गई है।
यूडाइस प्लस पोर्टल से सामने आए आंकड़ों के अनुसार, सोलन जिले में कुल नामांकित करीब 1.72 लाख विद्यार्थियों में से लगभग 5 प्रतिशत बच्चों का आधार विवरण पोर्टल पर अपडेटेड नहीं है।
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आज के डिजिटल युग में विद्यार्थियों से जुड़ी लगभग सभी सरकारी योजनाओं, स्कॉलरशिप, और डीबीटी प्रक्रियाओं के लिए आधार सत्यापन अनिवार्य है। अपार आईडी भी यूडाइस प्लस रिकॉर्ड और आधार सत्यापन के आधार पर ही जारी की जाती है। रिकॉर्ड अधूरा होने के कारण डिजिटल बेनेफिट डिलीवरी सिस्टम में पहचान सुनिश्चित नहीं हो पा रही है। इससे छात्रवृत्ति का पैसा विद्यार्थियों के बैंक खातों में हस्तांतरित होने में व्यावहारिक अड़चनें आ रही हैं।
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अभिभावकों से अपील
शिक्षा विभाग और स्कूल प्रशासन ने इस स्थिति को देखते हुए अभिभावकों से विशेष सहयोग की अपील की है। इसमें अभिभावकों के लिए सलाह दी गई है कि यदि बच्चे का आधार अभी तक नहीं बना है या उसमें कोई त्रुटि, अपडेट बाकी है, तो उसे प्राथमिकता के आधार पर ठीक करवाएं। आधार बनते ही इसकी प्रति तुरंत संबंधित स्कूल में जमा कराएं ताकि यूडाइस पोर्टल अपडेट हो सके।


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कोट
स्कूल प्रमुखों और शिक्षकों से कहा गया है कि वे अपने-अपने विद्यालयों में आधार कार्ड न होने वाली सूची से बच्चों की पहचान करें और उनके अभिभावकों से व्यक्तिगत संपर्क साधकर प्रक्रिया पूरी करवाएं। समय पर आधार विवरण अपडेट न होने से सत्यापन प्रक्रिया रुक जाती है, जिससे छात्रवृत्ति और अन्य वित्तीय लाभ मिलने में महीनों की देरी हो सकती है। -कुमारी रीता गुप्ता, शिक्षा उपनिदेशक, प्रारंभिक शिक्षा
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