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पति के मौत के बाद रजनी जिम चलाकर पाल रहीं परिवार
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नालागढ़(सोलन)। नालागढ़ के वार्ड-एक की महिला रजनी सोनी बीबीएन की अन्य महिलाओं के लिए मिसाल साबित हो रही हैं। पति की मौत के बाद वह अपने बूते परिवार का पालन-पोषण कर रही हैं। वहीं गरीब कन्याओं के विवाह में आर्थिक मदद करने के साथ जरूरतमंदों को सहयोग करने से भी पीछे नहीं हटतीं। रजनी के पति अजय सोनी का छह साल पहले निधन हो गया था।
पति की मौत के बाद महिला पर परिवार के पालन पोषण की जिम्मेदारी आ गई। रजनी की पति बद्दी में एक कंपनी में काम करते थे लेकिन उनके निधन के बाद उनके पति के खोले जिम को चलाकर परिवार को पालने लगी। रजनी ने अपने परिवार को बिखरने से बचाया। घर में सास और दो बच्चों का पालन पोषण किया। उनकी बेटी एमबीए के कर रही है जबकि बेटा जमा दो की पढ़ाई कर रहा है। रजनी एक वेलफेयर सोसायटी के माध्यम से लोगों की मदद करती हैं।
अभी तक आठ गरीब कन्याओं के विवाह में आर्थिक मदद की है। एक दिव्यांग खिलाड़ी गुरमीत सिंह का भी सहयोग किया। कई खिलाड़ियों को अपने जिम में फिटनेस के लिए मुफ्त उपकरण मुहैया कराती हैं। रजनी सोनी ने कहा कि हर बेटी को शिक्षित करना बहुत जरूरी है। मुसीबत आने पर पढ़ी-लिखी महिला हर परिस्थिति से निपट सकती है।
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पति की मौत के बाद महिला पर परिवार के पालन पोषण की जिम्मेदारी आ गई। रजनी की पति बद्दी में एक कंपनी में काम करते थे लेकिन उनके निधन के बाद उनके पति के खोले जिम को चलाकर परिवार को पालने लगी। रजनी ने अपने परिवार को बिखरने से बचाया। घर में सास और दो बच्चों का पालन पोषण किया। उनकी बेटी एमबीए के कर रही है जबकि बेटा जमा दो की पढ़ाई कर रहा है। रजनी एक वेलफेयर सोसायटी के माध्यम से लोगों की मदद करती हैं।
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अभी तक आठ गरीब कन्याओं के विवाह में आर्थिक मदद की है। एक दिव्यांग खिलाड़ी गुरमीत सिंह का भी सहयोग किया। कई खिलाड़ियों को अपने जिम में फिटनेस के लिए मुफ्त उपकरण मुहैया कराती हैं। रजनी सोनी ने कहा कि हर बेटी को शिक्षित करना बहुत जरूरी है। मुसीबत आने पर पढ़ी-लिखी महिला हर परिस्थिति से निपट सकती है।
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