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Solan News: पुराने मोटे अनाज को दिया जाएगा बढ़ावा, 24 को राज्यस्तरीय मेला
Wed, 07 Feb 2024 11:23 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सोलन
संवाद न्यूज एजेंसी, सोलन
Updated Wed, 07 Feb 2024 11:23 PM IST
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ठोडो मैदान में खाद्य सुरक्षा विभाग करवाएगा कार्यक्रम
देश और प्रदेश से जुटेंगे कृषि वैज्ञानिक और विशेषज्ञ
स्टाल और प्रदर्शनियां लगाकर किया जाएगा जागरूक
संवाद न्यूज एजेंसी
सोलन। प्रदेश में मोटे अनाज (मिलेट्स) का अस्तित्व बचाने के लिए खाद्य सुरक्षा विभाग लोगों को फायदे बताएगा। इसके लिए प्रदेश में पहली बार पुराने मोटे अनाज को लेकर राज्यस्तरीय मेला लगाया जा रहा है। मेला सोलन में ठोडो मैदान में लगाया जाएगा। इस मेले में देश और प्रदेश से कृषि वैज्ञानिक और विशेषज्ञ जुटेंगे। जो किसानों को जागरूक करेंगे। इस मेले के लिए जिला खाद्य सुरक्षा विभाग और नगर निगम खाद्य सुरक्षा विभाग की ओर से तैयारियां की जा रही हैं। इसमें प्रदेश के विभिन्न जगहों से किसान और मोटा अनाज उगाने वाले लोग हिस्सा लेंगे।
किसानों और लोगों को जागरूक करने के लिए ठोडो ग्राउंड में प्रदर्शनियां और स्टाल भी लगाए जाएंगे। इसी के साथ विशेषज्ञों की ओर से लोगों को फायदे भी बताए जाएंगे ताकि किसान अधिक मात्रा में इनका उत्पादन कर सकें।
मोटे अनाज ज्वार, बाजरा, रागी, सावां, कंगनी, चीना, कोदा, कुटकी, जौ और कुट्टू मिलेट्स क्रॉप हैं। लोगों ने इनका सेवन करना भी काफी कम कर दिया है। इसी के साथ किसानों ने भी इसका उत्पादन कम कर दिया है क्योंकि बाजार में इनकी मांग भी कम होती जा रही है। भारतीय मिलेट्स अनुसंधान संस्थान के अनुसार, रागी यानी फिंगर मिलेट में केल्शियम की मात्रा अच्छी होती है। प्रति 100 ग्राम फिंगर मिलेट्स में 364 मिलीग्राम तक कैल्शियम होता है। रागी में आयरन की मात्रा भी गेहूं और चावल से ज्यादा होती है। इसके चलते लोगों को इसके बारे में जागरूक करना शुरू कर दिया है।
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इनसेट
प्रश्नोत्तरी अन्य प्रतियोगिताएं भी हुईं
मेले में प्रश्नोत्तरी, नारा लेखन, चित्रकला समेत अन्य प्रतियोगिता का भी खाद्य सुरक्षा विभाग आयोजन करेगा। स्कूलों के विद्यार्थियों को भी इसमें जोड़ा जाएगा। जिले के स्कूलों को मेले के बारे में बताने के लिए पत्र लिखे जा रहे हैं। इसके साथ ही 12 फरवरी को बैठक का भी होगी।
इनसेट
मोटे अनाज को बढ़ावा देने के लिए कार्य शुरू कर दिया गया है। लोगों को जागरूक करने के लिए राज्यस्तरीय मेला होगा। इसमें प्रदेश से लोग भाग लेंगे। लोगों और किसानों को मोटे अनाज के फायदों के बारे में बताया जाएगा। साथ ही मोटे अनाज के सेवन के बारे में भी बताया जाएगा। मोटे अनाज में पोषक तत्व ज्यादा होते हैं। इसलिए इसके सेवन से अनेक बीमारियां जड़ से खत्म हो जाती हैं। इसके अलावा प्रतियोगिताएं भी कराई जाएंगी।
-अरुण चौहान
सहायक आयुक्त, जिला खाद्य सुरक्षा विभाग सोलन
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देश और प्रदेश से जुटेंगे कृषि वैज्ञानिक और विशेषज्ञ
स्टाल और प्रदर्शनियां लगाकर किया जाएगा जागरूक
संवाद न्यूज एजेंसी
सोलन। प्रदेश में मोटे अनाज (मिलेट्स) का अस्तित्व बचाने के लिए खाद्य सुरक्षा विभाग लोगों को फायदे बताएगा। इसके लिए प्रदेश में पहली बार पुराने मोटे अनाज को लेकर राज्यस्तरीय मेला लगाया जा रहा है। मेला सोलन में ठोडो मैदान में लगाया जाएगा। इस मेले में देश और प्रदेश से कृषि वैज्ञानिक और विशेषज्ञ जुटेंगे। जो किसानों को जागरूक करेंगे। इस मेले के लिए जिला खाद्य सुरक्षा विभाग और नगर निगम खाद्य सुरक्षा विभाग की ओर से तैयारियां की जा रही हैं। इसमें प्रदेश के विभिन्न जगहों से किसान और मोटा अनाज उगाने वाले लोग हिस्सा लेंगे।
किसानों और लोगों को जागरूक करने के लिए ठोडो ग्राउंड में प्रदर्शनियां और स्टाल भी लगाए जाएंगे। इसी के साथ विशेषज्ञों की ओर से लोगों को फायदे भी बताए जाएंगे ताकि किसान अधिक मात्रा में इनका उत्पादन कर सकें।
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मोटे अनाज ज्वार, बाजरा, रागी, सावां, कंगनी, चीना, कोदा, कुटकी, जौ और कुट्टू मिलेट्स क्रॉप हैं। लोगों ने इनका सेवन करना भी काफी कम कर दिया है। इसी के साथ किसानों ने भी इसका उत्पादन कम कर दिया है क्योंकि बाजार में इनकी मांग भी कम होती जा रही है। भारतीय मिलेट्स अनुसंधान संस्थान के अनुसार, रागी यानी फिंगर मिलेट में केल्शियम की मात्रा अच्छी होती है। प्रति 100 ग्राम फिंगर मिलेट्स में 364 मिलीग्राम तक कैल्शियम होता है। रागी में आयरन की मात्रा भी गेहूं और चावल से ज्यादा होती है। इसके चलते लोगों को इसके बारे में जागरूक करना शुरू कर दिया है।
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प्रश्नोत्तरी अन्य प्रतियोगिताएं भी हुईं
मेले में प्रश्नोत्तरी, नारा लेखन, चित्रकला समेत अन्य प्रतियोगिता का भी खाद्य सुरक्षा विभाग आयोजन करेगा। स्कूलों के विद्यार्थियों को भी इसमें जोड़ा जाएगा। जिले के स्कूलों को मेले के बारे में बताने के लिए पत्र लिखे जा रहे हैं। इसके साथ ही 12 फरवरी को बैठक का भी होगी।
इनसेट
मोटे अनाज को बढ़ावा देने के लिए कार्य शुरू कर दिया गया है। लोगों को जागरूक करने के लिए राज्यस्तरीय मेला होगा। इसमें प्रदेश से लोग भाग लेंगे। लोगों और किसानों को मोटे अनाज के फायदों के बारे में बताया जाएगा। साथ ही मोटे अनाज के सेवन के बारे में भी बताया जाएगा। मोटे अनाज में पोषक तत्व ज्यादा होते हैं। इसलिए इसके सेवन से अनेक बीमारियां जड़ से खत्म हो जाती हैं। इसके अलावा प्रतियोगिताएं भी कराई जाएंगी।
-अरुण चौहान
सहायक आयुक्त, जिला खाद्य सुरक्षा विभाग सोलन