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Solan News: चुनावी नियमों में दोहरा मापदंड, हरियाणा से हिमाचल ब्याही महिलाओं के नामांकन रद
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बरोटीवाला में बाहरी राज्य की महिला मैदान में, बीडीओ बोले, किसी ने नहीं जताई आपत्ति, इसलिए मंजूर हुआ पर्चा
संवाद न्यूज एजेंसी
बरोटीवाला (सोलन)। हिमाचल में हरियाणा से ब्याही महिलाओं के चुनाव लड़ने पर नियमों को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। बीबीएन और खेड़ा जैसे क्षेत्रों में बाहरी राज्यों से ब्याही एसटी महिलाओं के नामांकन रद्द किए गए, जबकि बरोटीवाला पंचायत में एक बाहरी राज्य की ओबीसी महिला प्रधान पद के लिए चुनाव लड़ रही है और उसका नामांकन रद्द नहीं किया गया। स्थानीय लोग इस असमान व्यवहार पर सवाल उठा रहे हैं। उनका कहना है कि यदि एक महिला के लिए अलग कानून है, तो अन्य एसटी महिलाओं के लिए चुनाव लड़ने पर रोक का क्या तर्क बनता है। हाल ही में जिला परिषद के खेड़ा वार्ड में हरियाणा की नानकपुर निवासी ब्याही महिला का नामांकन रद्द कर दिया गया क्योंकि वह हरियाणा में पैदा हुई थी। इसके अलावा दभोटा पंचायत में भी पंजाब से आई ब्याही महिलाओं को चुनाव से वंचित रहना पड़ा। बरोटीवाला में चुनाव लड़ रही महिला की शादी बरोटीवाला के मझोटु में हुई है। बीडीओ पट्टा कुलदीप सिंह ने बताया कि उक्त महिला के खिलाफ कोई आपत्ति दर्ज नहीं हुई, इसलिए उसका नामांकन रद्द नहीं किया गया।
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संवाद न्यूज एजेंसी
बरोटीवाला (सोलन)। हिमाचल में हरियाणा से ब्याही महिलाओं के चुनाव लड़ने पर नियमों को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। बीबीएन और खेड़ा जैसे क्षेत्रों में बाहरी राज्यों से ब्याही एसटी महिलाओं के नामांकन रद्द किए गए, जबकि बरोटीवाला पंचायत में एक बाहरी राज्य की ओबीसी महिला प्रधान पद के लिए चुनाव लड़ रही है और उसका नामांकन रद्द नहीं किया गया। स्थानीय लोग इस असमान व्यवहार पर सवाल उठा रहे हैं। उनका कहना है कि यदि एक महिला के लिए अलग कानून है, तो अन्य एसटी महिलाओं के लिए चुनाव लड़ने पर रोक का क्या तर्क बनता है। हाल ही में जिला परिषद के खेड़ा वार्ड में हरियाणा की नानकपुर निवासी ब्याही महिला का नामांकन रद्द कर दिया गया क्योंकि वह हरियाणा में पैदा हुई थी। इसके अलावा दभोटा पंचायत में भी पंजाब से आई ब्याही महिलाओं को चुनाव से वंचित रहना पड़ा। बरोटीवाला में चुनाव लड़ रही महिला की शादी बरोटीवाला के मझोटु में हुई है। बीडीओ पट्टा कुलदीप सिंह ने बताया कि उक्त महिला के खिलाफ कोई आपत्ति दर्ज नहीं हुई, इसलिए उसका नामांकन रद्द नहीं किया गया।