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Solan News: परवाणू-शिमला फोरलेन पर पुलिस लाइन सोलन के पास बनेगा वायाडक्ट ब्रिज
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एनएचएआई ने 12 करोड़ रुपये के टेंडर किए अलॉट, डेढ़ साल में होगा तैयार
बार-बार जमीन धंसने से आ रही समस्या, कथेड़ वार्ड की सड़क भी धंसी
परवाणू-शिमला फोरलेन पर इस तरह का दूसरा वायाडक्ट ब्रिज होगा तैयार
संवाद न्यूज एजेंसी
सोलन। परवाणू-शिमला फोरलेन पर पुलिस लाइन सोलन के समीप बार-बार हो रहे भू-धंसाव और भूस्खलन की समस्या से जल्द राहत मिलने वाली है। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) ने इस संवेदनशील स्थान पर वायाडक्ट ब्रिज बनाने की योजना तैयार कर ली है। परियोजना के लिए 12 करोड़ रुपये का टेंडर अलॉट कर दिया गया है। इस कार्य को आगामी डेढ़ वर्ष में पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
फोरलेन पर निर्मित होने वाला यह अपनी तरह का दूसरा वायाडक्ट ब्रिज होगा। इस क्षेत्र में लगातार जमीन धंसने से फोरलेन के साथ-साथ कथेड़ वार्ड की ओर जाने वाला मार्ग भी क्षतिग्रस्त हो गया था। इस वजह से कथेड़ मार्ग बंद हो गया है, जिससे स्थानीय निवासियों और राहगीरों की आवाजाही पूरी तरह ठप हो गई है। एनएचएआई का मानना है कि वायाडक्ट ब्रिज के निर्माण से जमीन धंसने की समस्या का स्थायी समाधान हो जाएगा और यातायात सुचारु रूप से संचालित हो सकेगा।
इनसेट
शिव मंदिर और रिहायशी इलाके पर मंडराया खतरा
पुलिस लाइन के पास लगातार भूमि धंसनेका असर आसपास के परिसरों पर भी देखने को मिल रहा है। कथेड़ मार्ग के अलावा यहां स्थित शिव मंदिर को भी बड़ा खतरा पैदा हो गया है। मंदिर परिसर और इमारतों में मोटी-मोटी दरारें आ चुकी हैं। इसके अतिरिक्त आसपास के रिहायशी इलाकों में रह रहे लोगों की सुरक्षा पर भी संकट बना हुआ है। स्थानीय लोगों को किसी अनहोनी का डर सता रहा था, जिसके बाद एनएचएआई ने ब्रिज निर्माण का फैसला लिया है।
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इनसेट
ट्रैफिक किया डायवर्ट, तैयारियां पूरी
एनएचएआई के प्रोजेक्ट डायरेक्टर आनंद दहिया ने बताया कि वायाडक्ट ब्रिज निर्माण के लिए टेंडर प्रक्रिया सफलतापूर्वक पूरी कर ली गई है और जल्द ही जमीनी स्तर पर निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा। निर्माण कार्य के दौरान यात्रियों की सुरक्षा और यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए ट्रैफिक को डायवर्ट कर दिया गया है। इसके लिए सभी आवश्यक इंतजाम पूरे कर लिए गए हैं। निर्धारित डेढ़ वर्ष की समय सीमा के भीतर इस पुल का निर्माण कार्य पूरा कर लिया जाएगा, जिससे फोरलेन पर सफर करने वाले यात्रियों और स्थानीय निवासियों को स्थायी राहत मिलेगी।
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बार-बार जमीन धंसने से आ रही समस्या, कथेड़ वार्ड की सड़क भी धंसी
परवाणू-शिमला फोरलेन पर इस तरह का दूसरा वायाडक्ट ब्रिज होगा तैयार
संवाद न्यूज एजेंसी
सोलन। परवाणू-शिमला फोरलेन पर पुलिस लाइन सोलन के समीप बार-बार हो रहे भू-धंसाव और भूस्खलन की समस्या से जल्द राहत मिलने वाली है। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) ने इस संवेदनशील स्थान पर वायाडक्ट ब्रिज बनाने की योजना तैयार कर ली है। परियोजना के लिए 12 करोड़ रुपये का टेंडर अलॉट कर दिया गया है। इस कार्य को आगामी डेढ़ वर्ष में पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
फोरलेन पर निर्मित होने वाला यह अपनी तरह का दूसरा वायाडक्ट ब्रिज होगा। इस क्षेत्र में लगातार जमीन धंसने से फोरलेन के साथ-साथ कथेड़ वार्ड की ओर जाने वाला मार्ग भी क्षतिग्रस्त हो गया था। इस वजह से कथेड़ मार्ग बंद हो गया है, जिससे स्थानीय निवासियों और राहगीरों की आवाजाही पूरी तरह ठप हो गई है। एनएचएआई का मानना है कि वायाडक्ट ब्रिज के निर्माण से जमीन धंसने की समस्या का स्थायी समाधान हो जाएगा और यातायात सुचारु रूप से संचालित हो सकेगा।
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शिव मंदिर और रिहायशी इलाके पर मंडराया खतरा
पुलिस लाइन के पास लगातार भूमि धंसनेका असर आसपास के परिसरों पर भी देखने को मिल रहा है। कथेड़ मार्ग के अलावा यहां स्थित शिव मंदिर को भी बड़ा खतरा पैदा हो गया है। मंदिर परिसर और इमारतों में मोटी-मोटी दरारें आ चुकी हैं। इसके अतिरिक्त आसपास के रिहायशी इलाकों में रह रहे लोगों की सुरक्षा पर भी संकट बना हुआ है। स्थानीय लोगों को किसी अनहोनी का डर सता रहा था, जिसके बाद एनएचएआई ने ब्रिज निर्माण का फैसला लिया है।
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ट्रैफिक किया डायवर्ट, तैयारियां पूरी
एनएचएआई के प्रोजेक्ट डायरेक्टर आनंद दहिया ने बताया कि वायाडक्ट ब्रिज निर्माण के लिए टेंडर प्रक्रिया सफलतापूर्वक पूरी कर ली गई है और जल्द ही जमीनी स्तर पर निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा। निर्माण कार्य के दौरान यात्रियों की सुरक्षा और यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए ट्रैफिक को डायवर्ट कर दिया गया है। इसके लिए सभी आवश्यक इंतजाम पूरे कर लिए गए हैं। निर्धारित डेढ़ वर्ष की समय सीमा के भीतर इस पुल का निर्माण कार्य पूरा कर लिया जाएगा, जिससे फोरलेन पर सफर करने वाले यात्रियों और स्थानीय निवासियों को स्थायी राहत मिलेगी।