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तीन माह बाद भी बस अड्डे का निर्माण शुरू नहीं
Updated Sat, 23 Dec 2017 10:29 PM IST
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संतोष कुमार
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बद्दी/नालागढ़ (सोलन)।
शिलान्यास से तीन माह बाद ही नालागढ़ में बस अड्डे का निर्माण शुरू नहीं किया गया है। 19 सितंबर को पूर्व परिवहन मंत्री जीएस बाली ने बस अड्डे की नींव रखी थी। इसके बाद निविदाएं आमंत्रित की गईं। एक मात्र निविदा आने के कारण इसका आवंटन नहीं किया जा सका। इसके चलते निर्माण शुरू ही नहीं हो पाया है।
बस अड्डा विकास प्राधिकरण दोबारा निविदाएं आमंत्रित करेगा। नालागढ़ में बस अड्डे की सालों से चली प्रक्रिया के तहत इसका स्थल एचआरटीसी वर्कशॉप के समीप चयनित किया गया। परिवहन निगम के बस स्टैंड निर्माण के प्रथम चरण में तारबंदी का काम पूरा कर लिया है। अब यह अड्डे का निर्माण शेष है।
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ये सुविधाएं मिलेंगी
नालागढ़ रोपड़ मार्ग पर एचआरटीसी वर्कशॉप के सामने वाले मैदान में बनने वाले बस अड्डे का निर्माण पर 7.50 करोड़ की लागत आएगी। नालागढ़ में एचआरटीसी का आज तक एक सुविधा संपन्न बस अड्डा नहीं है। 1000 हैक्टेयर भूमि पर बनने वाले बस अड्डे में आधुनिक सुविधाएं मिलेंगी। बस अडडे में बीस बस वेज, 15 बसों की पार्किंग, एक आइडल पार्किंग सहित 30 छोटे वाहनों की पार्किंग की सुविधा मिलेगी। महिला और पुरुष रेस्ट रूम के अलावा वातानुकूलित बस अड्डे में सीसीटीवी कैमरे लगाने का भी प्रावधान है।
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दोबारा मांगी निविदाएं: धीमान
अधिशासी अभियंता बस अड्डा विकास प्राधिकरण (बीएसएमडीए) संजीवन धीमान ने कहा कि टेंडर मांगे गए थे। सिंगल टेंडर होने के कारण यह रिसीव नहीं हो सका। अब रिटेंडरिंग की प्रक्रिया की जा रही है। उन्होंने कहा कि जल्द ही दोबारा टेंडर लगाए जाएंगे।
प्रतिदिन है सैकड़ों बसों की आवाजाही
नालागढ़ क्षेत्र से प्रतिदिन 500 से 600 सरकारी और निजी बसों का आवागमन रहता है। एचआरटीसी नालागढ़ डिपो के ही करीब 170 ट्रिप चलते हैं। इसके अलावा यहां करीब 200 निजी बसों के अलावा बाहरी जिलों की बसें और बाहरी राज्यों के डिपुओं की बसें यहां चलती हैं। बस अड्डे के अभाव से यात्रियों को भारी परेशानियां झेलनी पड़ती है। बसों को खड़ा करने में भी भारी परेशानियां का सामना करना पड़ रहा है।