{"_id":"69528a282322c7bc770da8e9","slug":"resident-doctors-return-to-duty-patients-breathe-a-sigh-of-relief-nahan-news-c-177-1-nhn1002-168231-2025-12-29","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sirmour News: रेजिडेंट डॉक्टर ड्यूटी पर लौटे, मरीजों ने ली राहत की सांस","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sirmour News: रेजिडेंट डॉक्टर ड्यूटी पर लौटे, मरीजों ने ली राहत की सांस
विज्ञापन
मेडिकल कॉलेज की मेडिसिन ओपीडी में उपचार के लिए इंतजार में मरीज व तीमारदार। संवाद
मेडिकल कॉलेज और जिले के अस्पतालों में नियमित सेवाएं शुरू
मेडिकल कॉलेज की ओपीडी में रही भीड़
संवाद न्यूज एजेंसी
नाहन (सिरमौर)। रेजिडेंट डॉक्टरों की हड़ताल के बाद सोमवार को मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल सहित जिले के सभी सरकारी अस्पतालों में स्वास्थ्य सेवाएं पटरी पर लौट आईं। डॉक्टरों के ड्यूटी पर लौटते ही मरीजों ने भी राहत की सांस ली। हालांकि हड़ताल और अवकाश के चलते उपचार से वंचित रहे मरीजों की संख्या बढ़ जाने से मेडिकल कॉलेज की ओपीडी में भीड़ रही।
मेडिकल कॉलेज की गायनी, मेडिसिन, आर्थो ओपीडी में मरीजों की कतारें लगी रहीं। सर्दी-जुकाम, बुखार, सांस और पुरानी बीमारियों से पीड़ित मरीज इलाज के लिए पहुंचे। कई मरीज ऐसे भी थे, जो हड़ताल के चलते दवाइयों और जांच के लिए इंतजार कर रहे थे। हालांकि सोमवार को कई विभागों में ओटी डे होने के चलते मरीजों को दोपहर बाद तक भी इंतजार करना पड़ा।
सोमवार को मेडिकल कॉलेज की मेडिसिन ओपीडी 160 के पार रही। वहीं गायनी में करीब 100, सर्जरी 45 और बाल ओपीडी में 80 के करीब मरीज उपचार के लिए पहुंचे। नेत्र ओपीडी में 30 मरीजों की जांच की गई। दोपहर तक विभिन्न विभागों में 700 से अधिक मरीजों ने उपचार करवाया।
विज्ञापन
जिले के पांवटा साहिब, शिलाई, संगड़ाह, सराहां, ददाहू और राजगढ़ अस्पतालों में भी मरीजों की संख्या सामान्य से अधिक रही। स्वास्थ्य कर्मियों को भी बढ़ी भीड़ को संभालने में खासी मशक्कत करनी पड़ी। अस्पताल प्रबंधन ने की ओर से उपचार के लिए पहुंचे सभी मरीजों को स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध करवाई गईं। कई जगह देर शाम तक ओपीडी चली।
मेडिकल कॉलेज नाहन एवं अस्पताल की चिकित्सा अधीक्षक डॉ. रेणु चौहान ने बताया कि अस्पताल में हड़ताल पर चल रहे चिकित्सक ड्यूटी पर लौट आए हैं। सोमवार को सभी विभागों में सेवाएं जारी रहीं। खासकर मेडिसिन, गायनी और आर्थो में मरीजों की संख्या बढ़ी। मरीजों को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए डॉक्टरों व स्टाफ को अलर्ट पर रखा था। उन्होंने कहा कि मेडिकल कॉलेज मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं एवं सेवाएं देने के लिए प्रयासरत हैं।
विज्ञापन
मेडिकल कॉलेज की ओपीडी में रही भीड़
संवाद न्यूज एजेंसी
नाहन (सिरमौर)। रेजिडेंट डॉक्टरों की हड़ताल के बाद सोमवार को मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल सहित जिले के सभी सरकारी अस्पतालों में स्वास्थ्य सेवाएं पटरी पर लौट आईं। डॉक्टरों के ड्यूटी पर लौटते ही मरीजों ने भी राहत की सांस ली। हालांकि हड़ताल और अवकाश के चलते उपचार से वंचित रहे मरीजों की संख्या बढ़ जाने से मेडिकल कॉलेज की ओपीडी में भीड़ रही।
मेडिकल कॉलेज की गायनी, मेडिसिन, आर्थो ओपीडी में मरीजों की कतारें लगी रहीं। सर्दी-जुकाम, बुखार, सांस और पुरानी बीमारियों से पीड़ित मरीज इलाज के लिए पहुंचे। कई मरीज ऐसे भी थे, जो हड़ताल के चलते दवाइयों और जांच के लिए इंतजार कर रहे थे। हालांकि सोमवार को कई विभागों में ओटी डे होने के चलते मरीजों को दोपहर बाद तक भी इंतजार करना पड़ा।
विज्ञापन
सोमवार को मेडिकल कॉलेज की मेडिसिन ओपीडी 160 के पार रही। वहीं गायनी में करीब 100, सर्जरी 45 और बाल ओपीडी में 80 के करीब मरीज उपचार के लिए पहुंचे। नेत्र ओपीडी में 30 मरीजों की जांच की गई। दोपहर तक विभिन्न विभागों में 700 से अधिक मरीजों ने उपचार करवाया।
विज्ञापन
जिले के पांवटा साहिब, शिलाई, संगड़ाह, सराहां, ददाहू और राजगढ़ अस्पतालों में भी मरीजों की संख्या सामान्य से अधिक रही। स्वास्थ्य कर्मियों को भी बढ़ी भीड़ को संभालने में खासी मशक्कत करनी पड़ी। अस्पताल प्रबंधन ने की ओर से उपचार के लिए पहुंचे सभी मरीजों को स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध करवाई गईं। कई जगह देर शाम तक ओपीडी चली।
मेडिकल कॉलेज नाहन एवं अस्पताल की चिकित्सा अधीक्षक डॉ. रेणु चौहान ने बताया कि अस्पताल में हड़ताल पर चल रहे चिकित्सक ड्यूटी पर लौट आए हैं। सोमवार को सभी विभागों में सेवाएं जारी रहीं। खासकर मेडिसिन, गायनी और आर्थो में मरीजों की संख्या बढ़ी। मरीजों को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए डॉक्टरों व स्टाफ को अलर्ट पर रखा था। उन्होंने कहा कि मेडिकल कॉलेज मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं एवं सेवाएं देने के लिए प्रयासरत हैं।