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ई-पीटीएम के जरिए अभिभावकों से संवाद कर रहे शिक्षक
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जिला सिरमौर ददाहू में ई-पीटीएम के जरिए शिक्षकों से संवाद करते अभिभावक।
- फोटो : NAHAN
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ददाहू (सिरमौर)। शिक्षा विभाग के हर घर पाठशाला कार्यक्रम के अंतर्गत अभिभावक घर बैठे ही शिक्षकों से संवाद कर पाएंगे। इसमें अभिभावकों के सुझावों को भी एकत्रित किया जाएगा। बच्चों की प्रगति रिपोर्ट को जांचने के लिए शिक्षा विभाग ने ई-पीटीएम कार्यक्रम का शुभारंभ करके अभिभावकों से शिक्षकों को जोड़ने की एक नई पहल की है जिससे अभिभावक भी उत्साहित दिखाई दे रहे हैं।
प्रदेश में यह कार्यक्रम पांच से आठ जून तक चलाया जा रहा है जिसमें अभिभावक, शिक्षकों से मोबाइल पर जुड़ कर सीधा संवाद करने के साथ-साथ अपने बच्चों की शैक्षणिक गतिविधियों और स्कूल खोलने के बारे में अपने सुझाव भी साझा कर रहे हैं। इस कार्यक्रम के जरिए अब तक 40 से 45 फीसदी अभिभावक शिक्षकों से ऑनलाइन संवाद कर चुके हैं।
हालांकि पहले दिन शनिवार को सिग्नल के अभाव में इस कार्यक्रम में व्यवधान दिखाई दिया था लेकिन, रविवार को यह प्रक्रिया सुबह नौ बजे से ही शुरू होकर शाम चार बजे तक जारी रही। प्रत्येक विषयों के अध्यापकों को अभिभावकों से जोड़ा गया जिसके लिए शिक्षकों ने बाकायदा अभिभावकों के समूह बनाकर उनसे वार्तालाप किया। प्रत्येक समूह में 15 से 20 अभिभावकों को जोड़ा गया है। आठ जून के बाद अभिभावकों के सुझावों को शिक्षा की विभाग के माध्यम से सरकार के समक्ष रखा जाएगा जिसके बाद स्कूल खोलने से संबंधित निर्णय लिए जाएंगे।
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उप निदेशक उच्चतर शिक्षा कर्मचंद ने बताया कि ई-पीटीएम के माध्यम से अभिभावकों से सीधा संवाद किया जा रहा है। यह प्रक्रिया आठ जून तक जारी रहेगी। पहले दिन इस कार्यक्रम में थोड़ा व्यवधान दिखाई दिया लेकिन रविवार को काफी हद तक समस्या को दूर करके शिक्षकों ने अभिभावकों से सीधा संवाद किया है जिसका डाटा भी शिक्षा विभाग के पास मौजूद है। शतप्रतिशत अभिभावकों को इस कार्यक्रम से जोड़ने का लक्ष्य रखा गया है।
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प्रदेश में यह कार्यक्रम पांच से आठ जून तक चलाया जा रहा है जिसमें अभिभावक, शिक्षकों से मोबाइल पर जुड़ कर सीधा संवाद करने के साथ-साथ अपने बच्चों की शैक्षणिक गतिविधियों और स्कूल खोलने के बारे में अपने सुझाव भी साझा कर रहे हैं। इस कार्यक्रम के जरिए अब तक 40 से 45 फीसदी अभिभावक शिक्षकों से ऑनलाइन संवाद कर चुके हैं।
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हालांकि पहले दिन शनिवार को सिग्नल के अभाव में इस कार्यक्रम में व्यवधान दिखाई दिया था लेकिन, रविवार को यह प्रक्रिया सुबह नौ बजे से ही शुरू होकर शाम चार बजे तक जारी रही। प्रत्येक विषयों के अध्यापकों को अभिभावकों से जोड़ा गया जिसके लिए शिक्षकों ने बाकायदा अभिभावकों के समूह बनाकर उनसे वार्तालाप किया। प्रत्येक समूह में 15 से 20 अभिभावकों को जोड़ा गया है। आठ जून के बाद अभिभावकों के सुझावों को शिक्षा की विभाग के माध्यम से सरकार के समक्ष रखा जाएगा जिसके बाद स्कूल खोलने से संबंधित निर्णय लिए जाएंगे।
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उप निदेशक उच्चतर शिक्षा कर्मचंद ने बताया कि ई-पीटीएम के माध्यम से अभिभावकों से सीधा संवाद किया जा रहा है। यह प्रक्रिया आठ जून तक जारी रहेगी। पहले दिन इस कार्यक्रम में थोड़ा व्यवधान दिखाई दिया लेकिन रविवार को काफी हद तक समस्या को दूर करके शिक्षकों ने अभिभावकों से सीधा संवाद किया है जिसका डाटा भी शिक्षा विभाग के पास मौजूद है। शतप्रतिशत अभिभावकों को इस कार्यक्रम से जोड़ने का लक्ष्य रखा गया है।
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