फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Rampur Bushahar News ›   trekking ban in uttrkashi kinnaur rout

प्रशासन ने उतरकाशी-किन्नौर ट्रैकिंग पर लगाई रोक

Wed, 07 Sep 2022 10:39 PM IST
Shimla Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Wed, 07 Sep 2022 10:39 PM IST
विज्ञापन
किन्नौर/उत्तरकाशी। उत्तरकाशी और किन्नौर (हिमाचल) को आपस में जोड़ने वाले ट्रेकों पर अब ट्रेकिंग नहीं हो सकेगी। किन्नौर प्रशासन ने इन ट्रेकों पर ट्रेकिंग प्रतिबंधित कर दी है। यह निर्णय इन ट्रेकों पर हो रही मौतों को देखते हुए लिया गया है। किन्नौर उपायुक्त ने जिलाधिकारी उत्तरकाशी को भी इस संबंध में पत्र भेजा है। पत्र में यह भी लिखा गया है कि प्रतिबंध का उल्लंघन करने पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। वहीं उत्तरकाशी जिला प्रशासन का कहना है कि यदि किन्नौर प्रशासन अनुुमित देगा तो ट्रेकरों को जाने दिया जाएगा।
विज्ञापन

बीते कुछ दिन पूर्व जनपद के लिवाड़ी गांव से तीन ट्रेकरों व छह पोर्टरों का दल खिमलोगा ग्लेशियर होते हुए छितकुल के लिए रवाना हुआ था। खिमलोगा ग्लेशियर क्षेत्र में रोप रैपलिंग के दौरान हुए हादसे में एक ट्रेकर की मौत हो गई थी जबकि चार लोग दर्रे में फंस गए थे। इन्हें आईटीबीपी व किन्नौर प्रशासन ने सकुशल बचाया।
विज्ञापन

इससे पूर्व में उत्तरकाशी व किन्नौर को जोड़ने वाले दर्रों में ट्रेकिंग के दौरान हादसे हो चुके हैं जिन्हें देखते हुए किन्नौर के उपायुक्त आबिद हुसैन ने उत्तरकाशी और किन्नौर (हिमाचल) को जोड़ने वाले ट्रेकों को तत्काल प्रभाव से प्रतिबंधित कर दिया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

उक्त पत्र जिला प्रशासन उत्तरकाशी को भी भेजा गया है। पत्र में स्पष्ट लिखा गया है कि ट्रेकों पर हो रही मौतों को देखते हुए यह निर्णय लिया गया है। वहीं जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी देवेंद्र पटवाल ने बताया कि किन्नौर प्रशासन का पत्र वन विभाग को भेज दिया गया है। जिला प्रशासन उत्तरकाशी की ओर से किसी भी ट्रेक पर कोई प्रतिबंध नहीं है। यदि किन्नौर प्रशासन अपने क्षेत्र में आने की अनुमति प्रदान करेगा तो यहां से ट्रैकरों को रोका नहीं जाएगा।
किन्नौर प्रशासन का निर्णय से 20 हजार लोग होंगे प्रभावित
किन्नौर प्रशासन के इस निर्णय से ट्रेकिंग क्षेत्र से जुड़े व्यवसायियों पर गलत प्रभाव पड़ेगा। उत्तरकाशी जनपद में बड़ी संख्या में इस व्यवसाय से लोग जुड़े हुए हैं। ट्रेकिंग बंद होने से इन सभी की आजीविका प्रभावित होगी।
गढ़वाल हिमालय ट्रेकिंग एवं माउटेंनियरिंग एसोसिएशन के अध्यक्ष जयेंद्र राणा ने बताया कि जनपद उत्तरकाशी में करीब 20 हजार लोगों को ट्रेकिंग से सीधा फायदा होता है। एक ओर उत्तराखंड सरकार पर्यटन को बढ़ावा देने की बात कह रही है वहीं दूसरी ओर साहसिक पर्यटन पर रोक लगाई जा रही है। इसका विरोध किया जाएगा।

किन्नौर प्रशासन ने उत्तराखंड सरकार को पत्राचार के माध्यम से खतरनाक ट्रेकिंग रूट पर रोक लगाने के बारे में सूचित कर दिया। इसके साथ सरकार से आग्रह किया गया है कि इन रूटों पर ट्रैकिंग की अनुमति न दें।
आबिद हुसैन सादिक, उपायुक्त किन्नौर
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed