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Rampur Bushahar News: विस्थापित टैक्सी मालिकों का हड़ताल पर जाना दुर्भाग्यपूर्ण
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संवाद न्यूज एजेंसी
रामपुर बुशहर। विस्थापित टैक्सी मालिकों को रोजगार प्रदान करने की दिशा में एसजेवीएन के संविदा पर तैनात टैक्सी मालिकों का सफल बैठक के बाद भी कार्यालय समय में हड़ताल पर जाना दुर्भाग्यपूर्ण है। यह एक गैर कानूनी और गैर जिम्मेदाराना रवैया भी है। एसजेवीएन प्रबंधन का कहना है कि 31 जुलाई को बाढ़ की चपेट में आने से समेज गांव पूरा डूब गया और वहां कई लोगों ने अपनी गंवा दी। जहां जन-जीवन त्राहि-त्राहि हो उठा हो, उसी कार्य में लगे वाहनों को भी बिना किसी सूचना के हटा लिया गया । यहां से गाड़ियों को हटा देने के कारण कार्यक्षेत्र की व्यवस्था प्रभावित हुई है और विद्युत गृह का सुचारु संचालन भी बाधित हो गया है। इसमें कुछ असामाजिक तत्व शामिल हैं, जो टैक्सी मालिकों को मुद्दे से भटका रहे हैं। पिछले दिन ही उनसे समझौता हुआ था। इसके बावजूद उन्होंने जानबूझकर प्रबंधन को परेशानी में डालने के लिए यह कदम उठाया है। सीआईएसएफ की क्विक रिस्पांस टीम की गाड़ियों को भी इनके द्वारा हटा लिया गया है, जिससे परियोजना की सुरक्षा को खतरा उत्पन्न हो सकता है। जहां एक ओर पूरा देश स्वतंत्रता दिवस के कार्यक्रम को सफल बनाने में जुटा है, वहीं इस हड़ताल ने स्वतंत्रता दिवस कार्यक्रम को भी प्रभावित किया है।
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रामपुर बुशहर। विस्थापित टैक्सी मालिकों को रोजगार प्रदान करने की दिशा में एसजेवीएन के संविदा पर तैनात टैक्सी मालिकों का सफल बैठक के बाद भी कार्यालय समय में हड़ताल पर जाना दुर्भाग्यपूर्ण है। यह एक गैर कानूनी और गैर जिम्मेदाराना रवैया भी है। एसजेवीएन प्रबंधन का कहना है कि 31 जुलाई को बाढ़ की चपेट में आने से समेज गांव पूरा डूब गया और वहां कई लोगों ने अपनी गंवा दी। जहां जन-जीवन त्राहि-त्राहि हो उठा हो, उसी कार्य में लगे वाहनों को भी बिना किसी सूचना के हटा लिया गया । यहां से गाड़ियों को हटा देने के कारण कार्यक्षेत्र की व्यवस्था प्रभावित हुई है और विद्युत गृह का सुचारु संचालन भी बाधित हो गया है। इसमें कुछ असामाजिक तत्व शामिल हैं, जो टैक्सी मालिकों को मुद्दे से भटका रहे हैं। पिछले दिन ही उनसे समझौता हुआ था। इसके बावजूद उन्होंने जानबूझकर प्रबंधन को परेशानी में डालने के लिए यह कदम उठाया है। सीआईएसएफ की क्विक रिस्पांस टीम की गाड़ियों को भी इनके द्वारा हटा लिया गया है, जिससे परियोजना की सुरक्षा को खतरा उत्पन्न हो सकता है। जहां एक ओर पूरा देश स्वतंत्रता दिवस के कार्यक्रम को सफल बनाने में जुटा है, वहीं इस हड़ताल ने स्वतंत्रता दिवस कार्यक्रम को भी प्रभावित किया है।