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Rampur Bushahar News: सूखे ने बढ़ाई किसानों और बागवानों की चिंता, फसल पर मंडराया खतरा
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संवाद न्यूज एजेंसी
नेरवा (रोहड़ू)। सूखे के चलते किसान और बागवान खासे परेशान हैं। चिंता की बात यह है कि चौपाल और कुपवी उपमंडल में बीते चार माह से सूखा खत्म नहीं हो रहा है। बर्फबारी और बारिश न होने से जमीन से नमी गायब हो गई है। इससे किसानों और बागवानों की परेशानियां बढ़ गई हैं। किसान-बागवान खेतीबाड़ी और बागवानी से संबंधित कार्य नहीं कर पा रहे हैं। दिसंबर माह में होने वाली बर्फबारी और बारिश से जमीन में लंबे समय तक नमी रहती है। यह बारिश और बर्फबारी नकदी फसलों के उत्पादन के लिए फायदेमंद मानी जाती है लेकिन नवंबर और दिसंबर में बर्फबारी और बारिश न होने से किसान-बागवानों की चिंता बढ़ गई हैं। ऐसे में बागवान न सेब के पौधों के तौलिए बनाने का कार्य नहीं कर पा रहे है और न ही नए पौधे रोप पा रहे हैं। सूखे की मार के चलते अगले सीजन में होने वाली फसलों पर भी संकट खड़ा हो गया है। किसान सूरत राम शर्मा, किरपा राम मखराण,अतर सिंह राणा, सुरेंद्र ठाकुर, सलमान खान, हफीजुदीन, मुख्तयार, बलवंत सिंह, राजेंद्र चौहान आदि बागवानों और किसानों ने बताया कि लंबे समय से बारिश न होने के कारण सूखे की मार पड़ रही है। दिसंबर में बर्फबारी होने से सेब, नाशपाती, प्लम,आड़ू, बादाम, माश, राजमाह, मटर और टमाटर सहित अन्य नकदी फसलें अच्छी होने की उम्मीद रहती है। उन्होंने बर्फबारी और बारिश न होने पर चिंता जताई है।
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नेरवा (रोहड़ू)। सूखे के चलते किसान और बागवान खासे परेशान हैं। चिंता की बात यह है कि चौपाल और कुपवी उपमंडल में बीते चार माह से सूखा खत्म नहीं हो रहा है। बर्फबारी और बारिश न होने से जमीन से नमी गायब हो गई है। इससे किसानों और बागवानों की परेशानियां बढ़ गई हैं। किसान-बागवान खेतीबाड़ी और बागवानी से संबंधित कार्य नहीं कर पा रहे हैं। दिसंबर माह में होने वाली बर्फबारी और बारिश से जमीन में लंबे समय तक नमी रहती है। यह बारिश और बर्फबारी नकदी फसलों के उत्पादन के लिए फायदेमंद मानी जाती है लेकिन नवंबर और दिसंबर में बर्फबारी और बारिश न होने से किसान-बागवानों की चिंता बढ़ गई हैं। ऐसे में बागवान न सेब के पौधों के तौलिए बनाने का कार्य नहीं कर पा रहे है और न ही नए पौधे रोप पा रहे हैं। सूखे की मार के चलते अगले सीजन में होने वाली फसलों पर भी संकट खड़ा हो गया है। किसान सूरत राम शर्मा, किरपा राम मखराण,अतर सिंह राणा, सुरेंद्र ठाकुर, सलमान खान, हफीजुदीन, मुख्तयार, बलवंत सिंह, राजेंद्र चौहान आदि बागवानों और किसानों ने बताया कि लंबे समय से बारिश न होने के कारण सूखे की मार पड़ रही है। दिसंबर में बर्फबारी होने से सेब, नाशपाती, प्लम,आड़ू, बादाम, माश, राजमाह, मटर और टमाटर सहित अन्य नकदी फसलें अच्छी होने की उम्मीद रहती है। उन्होंने बर्फबारी और बारिश न होने पर चिंता जताई है।