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Rampur Bushahar News: करसोग को 29 वर्षों बाद मिली महिला एसडीएम
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करसोग (मंडी)। करीब तीन दशक बाद करसोग को दूसरी महिला उपमंडलाधिकारी (एसडीएम) मिली हैं। हिमाचल प्रदेश प्रशासनिक सेवा (एचपीएएस) अधिकारी अलीशा चौहान ने शुक्रवार को करसोग के नए एसडीएम के रूप में कार्यभार संभाल लिया।
इससे पहले वर्ष 1997 में आईएएस अनुराधा ठाकुर करसोग की पहली महिला एसडीएम बनी थीं। लगभग 29 वर्ष बाद एक बार फिर करसोग में महिला एसडीएम की नियुक्ति हुई है।
शिमला में शिक्षा प्राप्त करने वाली अलीशा चौहान वर्ष 2015 में सरकारी सेवा में शामिल हुई थीं। वर्ष 2017 में जिला कोषागार अधिकारी के रूप में सेवाएं देने के बाद उनका चयन हिमाचल प्रदेश प्रशासनिक सेवा (एचपीएएस) में हुआ। वर्ष 2025 में उन्हें लाहौल-स्पीति के उदयपुर में पहली फील्ड पोस्टिंग मिली, जहां उन्होंने विकास योजनाओं के क्रियान्वयन, आपदा प्रबंधन और कानून-व्यवस्था के क्षेत्र में प्रभावी कार्य किया।
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कार्यभार संभालने के बाद अलीशा ने कहा कि उनकी प्राथमिकता क्षेत्र की भौगोलिक परिस्थितियों, स्थानीय समस्याओं और लोगों की जरूरतों को समझते हुए जनहित में कार्य करना होगी। उन्होंने कहा कि प्रशासन को आम लोगों के लिए अधिक संवेदनशील, जवाबदेह और सुलभ बनाने का प्रयास किया जाएगा।
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इससे पहले वर्ष 1997 में आईएएस अनुराधा ठाकुर करसोग की पहली महिला एसडीएम बनी थीं। लगभग 29 वर्ष बाद एक बार फिर करसोग में महिला एसडीएम की नियुक्ति हुई है।
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शिमला में शिक्षा प्राप्त करने वाली अलीशा चौहान वर्ष 2015 में सरकारी सेवा में शामिल हुई थीं। वर्ष 2017 में जिला कोषागार अधिकारी के रूप में सेवाएं देने के बाद उनका चयन हिमाचल प्रदेश प्रशासनिक सेवा (एचपीएएस) में हुआ। वर्ष 2025 में उन्हें लाहौल-स्पीति के उदयपुर में पहली फील्ड पोस्टिंग मिली, जहां उन्होंने विकास योजनाओं के क्रियान्वयन, आपदा प्रबंधन और कानून-व्यवस्था के क्षेत्र में प्रभावी कार्य किया।
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कार्यभार संभालने के बाद अलीशा ने कहा कि उनकी प्राथमिकता क्षेत्र की भौगोलिक परिस्थितियों, स्थानीय समस्याओं और लोगों की जरूरतों को समझते हुए जनहित में कार्य करना होगी। उन्होंने कहा कि प्रशासन को आम लोगों के लिए अधिक संवेदनशील, जवाबदेह और सुलभ बनाने का प्रयास किया जाएगा।