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2 वर्ष से डेपुटेशन पर चल रहा तहसील कार्यालय सांगला
Updated Sun, 09 Dec 2018 09:31 PM IST
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सांगला(किन्नौर)। किन्नौर जिले के कल्पा खंड की सांगला तहसील में बीते करीब 2 वर्षों से तहसीलदार और चार माह से नायब तहसीलदार का पद खाली होने से क्षेत्र की एक दर्जन पंचायतों के लोग परेशानियां झेल रहे हैं। ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले लोगों के राजस्व विभाग संबंधी कार्य प्रभावित हो रहे हैं। दो साल से डेपुटेशन के सहारे तहसील कार्यालय सांगला चल रहा है।
सांगला वैली के लोगों को बीते दो वर्ष से सरकार, जिला प्रशासन और राजस्व विभाग की नाकामी का खामियाजा भुगतना पड़ रहा है। बीते दो वर्ष से तहसील मुख्यालय सांगला में तहसीलदार का पद रिक्त पड़ा है। वहीं बीते चार माह से कार्यालय में नायब तहसीलदार का पद भी रिक्त पड़ा है। तहसीलदार और नायब तहसीलदार की स्थायी नियुक्ति न होने के कारण वैली की एक दर्जन पंचायतों के लोगों को राजस्व विभाग से जुड़े कामकाज को लेकर भारी असुविधाएं हो रही हैं। ऐसे में वैली के ग्रामीणों को राजस्व कार्यों के लिए टापरी, भावानगर और जिला मुख्यालय रिकांगपिओ के चक्कर काटने को मजबूर होना पड़ रहा है। वैली के किल्बा, सापनी, बटुरी, कनई, ब्रुआ, शौंग, चांसु, कामरू, सांगला, थैमगारंग, बटसेरी, रक्षम और छितकुल के हजारों लोग बीते लंबे समय से परेशानियां झेलने को मजबूर हैं।
वैली के त्रिलोक सिंह नेगी, बद्री नेगी, प्रताप सिंह, दिपक नेगी, देवीदयाल नेगी, राजकमल नेगी, प्रमोद नेगी, सत्या नेगी, किशोरी नेगी, दिव्या नेगी, श्रवण नेगी, पवन नेगी, हरिभगत नेगी सहित अन्य लोगों ने प्रदेश सरकार और जिला प्रशासन से तहसील कार्यालय सांगला में जल्द से जल्द तहसीलदार की स्थायी नियुक्ति करने की मांग की है।
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उधर, इस बारे में एसी टू डीसी किन्नौर सुरेंद्र ठाकुर ने कहा कि लोगों के कामकाज निपटाने के लिए तहसीलदार टापरी को चार्ज सौंपा गया है। वह डेपुटेशन पर जाकर लोगों के काम निपटा रहे हैं, ताकि लोगों को असुविधाएं न हो। रिक्त पदों के बारे में सरकार को लिखित रूप से सूचित किया जा चुका है। उन्होंने उम्मीद जताई कि जल्द ही तहसीलदार और नायब तहसीलदार की स्थायी नियुक्ति होगी।
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सांगला वैली के लोगों को बीते दो वर्ष से सरकार, जिला प्रशासन और राजस्व विभाग की नाकामी का खामियाजा भुगतना पड़ रहा है। बीते दो वर्ष से तहसील मुख्यालय सांगला में तहसीलदार का पद रिक्त पड़ा है। वहीं बीते चार माह से कार्यालय में नायब तहसीलदार का पद भी रिक्त पड़ा है। तहसीलदार और नायब तहसीलदार की स्थायी नियुक्ति न होने के कारण वैली की एक दर्जन पंचायतों के लोगों को राजस्व विभाग से जुड़े कामकाज को लेकर भारी असुविधाएं हो रही हैं। ऐसे में वैली के ग्रामीणों को राजस्व कार्यों के लिए टापरी, भावानगर और जिला मुख्यालय रिकांगपिओ के चक्कर काटने को मजबूर होना पड़ रहा है। वैली के किल्बा, सापनी, बटुरी, कनई, ब्रुआ, शौंग, चांसु, कामरू, सांगला, थैमगारंग, बटसेरी, रक्षम और छितकुल के हजारों लोग बीते लंबे समय से परेशानियां झेलने को मजबूर हैं।
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वैली के त्रिलोक सिंह नेगी, बद्री नेगी, प्रताप सिंह, दिपक नेगी, देवीदयाल नेगी, राजकमल नेगी, प्रमोद नेगी, सत्या नेगी, किशोरी नेगी, दिव्या नेगी, श्रवण नेगी, पवन नेगी, हरिभगत नेगी सहित अन्य लोगों ने प्रदेश सरकार और जिला प्रशासन से तहसील कार्यालय सांगला में जल्द से जल्द तहसीलदार की स्थायी नियुक्ति करने की मांग की है।
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उधर, इस बारे में एसी टू डीसी किन्नौर सुरेंद्र ठाकुर ने कहा कि लोगों के कामकाज निपटाने के लिए तहसीलदार टापरी को चार्ज सौंपा गया है। वह डेपुटेशन पर जाकर लोगों के काम निपटा रहे हैं, ताकि लोगों को असुविधाएं न हो। रिक्त पदों के बारे में सरकार को लिखित रूप से सूचित किया जा चुका है। उन्होंने उम्मीद जताई कि जल्द ही तहसीलदार और नायब तहसीलदार की स्थायी नियुक्ति होगी।